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माता-पिता की सेवा करना सच्ची सेवा : मोहित
Thu, 03 Apr 2025 11:48 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Thu, 03 Apr 2025 11:48 PM IST
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फाेटो संख्या:60- गांव खेड़ी तलवाना में श्रीमद्भागवत कथा के समापन पर श्रीकृष्ण-राधा की शोभा यात
कनीना। क्षेत्र के गांव खेड़ी में ठाकुर जी मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा का वीरवार को हवन यज्ञ के साथ समापन किया गया। कथा व्यास मोहित कौशिक ने कहा कि जीवन में सत्य का आचरण करने वाला व्यक्ति उन्नति के पथ पर अग्रसर होता है। माता-पिता का आदर करना और उनकी सेवा करना ही सच्ची सेवा है। कितनी ही विपरीत परिस्थिति क्यों न आ जाएं, जीवन में सत्य का मार्ग नहीं छोड़ना चाहिए।
उन्होंने कहा पति-पत्नी को कभी भी लड़ना नहीं चाहिए। दोनों ही जीवन के दो पहिए हैं। दोनाें को मिलजुलकर जीवन को आगे बढ़ाना चाहिए। कई लोग बुढ़ापे में माता-पिता को वृद्ध आश्रम में छोड़ देते हैं। ऐसे लोगों को अनेक जन्माें में घोर दुख भोगने पड़ते हैं। विशेष आरती के साथ कथा का समापन हुआ। इस दौरान कथा में भारत केसरी रिशाल सिंह, फिन्नड पहलवान, देबू गायक, कृष्ण सिंह, दीपांशु, मंजीत, मोहित, अंश, सौरभ, अजय राजपूत, चमेली बाई, पंकज हिन्दू आदि मौजूद रहे।
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उन्होंने कहा पति-पत्नी को कभी भी लड़ना नहीं चाहिए। दोनों ही जीवन के दो पहिए हैं। दोनाें को मिलजुलकर जीवन को आगे बढ़ाना चाहिए। कई लोग बुढ़ापे में माता-पिता को वृद्ध आश्रम में छोड़ देते हैं। ऐसे लोगों को अनेक जन्माें में घोर दुख भोगने पड़ते हैं। विशेष आरती के साथ कथा का समापन हुआ। इस दौरान कथा में भारत केसरी रिशाल सिंह, फिन्नड पहलवान, देबू गायक, कृष्ण सिंह, दीपांशु, मंजीत, मोहित, अंश, सौरभ, अजय राजपूत, चमेली बाई, पंकज हिन्दू आदि मौजूद रहे।
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