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Mahendragarh-Narnaul News: नियमों के विरुद्ध चल रहे चल रहे स्कूलों की होगी जांच
Sun, 27 Apr 2025 12:14 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Sun, 27 Apr 2025 12:14 AM IST
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नारनौल। जिले में गैर मान्यता प्राप्त और शिक्षा का अधिकार अधिनियम की अनदेखी कर चल रहे विद्यालयों पर अब विभाग सख्त कार्रवाई करेगा।
शिक्षा निदेशालय ने पत्र जारी कर जिला शिक्षा अधिकारी व जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी को स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई के लिए निर्देश दिए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने सभी ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को क्षेत्र में ऐसे विद्यालयों की सूची बनाने के निर्देश दिए हैं।
पत्र में लिखा गया हैं कि जिले में यदि कोई विद्यालय शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के अंतर्गत धारा 18 का उल्लंघन कर रहा है तो उस पर कार्रवाई की जाए। कोई भी विद्यालय उपयुक्त प्राधिकरण से मान्यता प्राप्त किए बिना स्थापित या संचालित नहीं किया जा सकता। इसके अलावा शहरी क्षेत्रों में प्ले स्कूल के नाम पर ऐसे संस्थान भी संचालित हो रहे हैं, जिनमें कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थी नामांकित हैं। यदि ऐसा हो रहा है तो यह भी शिक्षा का अधिकार अधिनियम का उल्लंघन है।
कुछ गैर-सरकारी संगठन व फाउंडेशन रेमिडियल क्लासेज के नाम पर नियमित विद्यालयी समय में पूर्णकालिक विद्यालय संचालित कर रहे हैं, जो कि अवैध है। केवल मान्यता प्राप्त विद्यालयों को ही नियमित स्कूली शिक्षा देने की अनुमति है। निदेशालय द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि यदि कहीं सरकारी स्कूल भवनों में कुछ एनजीओ द्वारा गैर शैक्षणिक कार्य किए जा रहे हैं जो शिक्षा का अधिकार अधिनियम का उल्लंघन है, तो इन सभी की अब शिक्षा विभाग द्वारा जांच की जाएगी।
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वर्जन-
सभी ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को नियमों की अनदेखी करने वाले स्कूलों की लिस्ट तैयार करने के आदेश दिए हैं। क्योंकि कुछ स्कूल अपनी मान्यता बढ़वा भी लाते हैं। अब जिनकी मान्यता आगे नहीं बढ़ी मिलेगी, उनकी व प्ले स्कूलों की भी जांच की जाएगी।-संतोष चौहान, जिला शिक्षा अधिकारी
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शिक्षा निदेशालय ने पत्र जारी कर जिला शिक्षा अधिकारी व जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी को स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई के लिए निर्देश दिए हैं। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने सभी ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को क्षेत्र में ऐसे विद्यालयों की सूची बनाने के निर्देश दिए हैं।
पत्र में लिखा गया हैं कि जिले में यदि कोई विद्यालय शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के अंतर्गत धारा 18 का उल्लंघन कर रहा है तो उस पर कार्रवाई की जाए। कोई भी विद्यालय उपयुक्त प्राधिकरण से मान्यता प्राप्त किए बिना स्थापित या संचालित नहीं किया जा सकता। इसके अलावा शहरी क्षेत्रों में प्ले स्कूल के नाम पर ऐसे संस्थान भी संचालित हो रहे हैं, जिनमें कक्षा एक से पांच तक के विद्यार्थी नामांकित हैं। यदि ऐसा हो रहा है तो यह भी शिक्षा का अधिकार अधिनियम का उल्लंघन है।
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कुछ गैर-सरकारी संगठन व फाउंडेशन रेमिडियल क्लासेज के नाम पर नियमित विद्यालयी समय में पूर्णकालिक विद्यालय संचालित कर रहे हैं, जो कि अवैध है। केवल मान्यता प्राप्त विद्यालयों को ही नियमित स्कूली शिक्षा देने की अनुमति है। निदेशालय द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि यदि कहीं सरकारी स्कूल भवनों में कुछ एनजीओ द्वारा गैर शैक्षणिक कार्य किए जा रहे हैं जो शिक्षा का अधिकार अधिनियम का उल्लंघन है, तो इन सभी की अब शिक्षा विभाग द्वारा जांच की जाएगी।
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सभी ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को नियमों की अनदेखी करने वाले स्कूलों की लिस्ट तैयार करने के आदेश दिए हैं। क्योंकि कुछ स्कूल अपनी मान्यता बढ़वा भी लाते हैं। अब जिनकी मान्यता आगे नहीं बढ़ी मिलेगी, उनकी व प्ले स्कूलों की भी जांच की जाएगी।-संतोष चौहान, जिला शिक्षा अधिकारी