{"_id":"633b19641b888b12374a151e","slug":"road-dispute-not-resolved-for-imt-khudana-narnol-news-rtk659846362","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईएमटी खुडाना के लिए नहीं सुलझा रास्ते का विवाद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईएमटी खुडाना के लिए नहीं सुलझा रास्ते का विवाद
विज्ञापन
नारनौल। आईएमटी खुडाना के दो किलोमीटर रास्ते का विवाद अभी तक प्रशासन सुलझा नहीं पाया है। लगभग 60 मीटर चौड़े रास्ते पर किसानों की लगभग दस एकड़ जमीन आ रही है। प्रशासन की अबतक किसानों से सार्थक बातचीत नहीं हो सकी है।
आईएमटी खुडाना को लेकर उदासीनता के चलते पंचायत की जमीन स्थानांतरित होने में ही लंबा समय गुजर गया। अधिकारियों की मानें तो रोड का मामला सुलझने के बाद जमीन स्थानांतरित हो पाएगी। मुख्यमंत्री ने आईएमटी खुडाना का शिलान्यास 24 फरवरी 2019 में किया था। इसके बाद कई बार जिले में आए मुख्यमंत्री ने आईएमटी का कार्य शुरू होने का आश्वासन दिया लेकिन 43 माह बीतने के बाद काम शुरू नहीं हो पाया। हालांकि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने 3 नवंबर 2021 को चंडीगढ़ में अधिकारियों के साथ बैठक कर आईएमटी खुडाना की जमीन स्थानांतरित कर पहले फेज पर काम शुरू करने का निर्देश दिया था। इसमें महेंद्रगढ़ उपायुक्त भी शामिल हुए थे लेकिन पहले फेज का कार्य शुरू नहीं हुआ। मुख्यमंत्री ने बजट सत्र 2022-23 में आईएमटी बनाने का जिक्र किया था।
खुडाना में आईएमटी बनाने के लिए करीब 1500 एकड़ जमीन की जरूरत है। 971 एकड़ पंचायत की भूमि का प्रस्ताव गांव खुडाना की पंचायत दो तीन बार दे चुकी है। ग्रामीण 12 लाख रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से अपनी पंचायती जमीन देने का तैयार हैं। इसके अलावा 600 एकड़ कृषि भूमि है। यह भूमि देने के लिए लगभग 40 प्रतिशत किसान ई-भूमि पोर्टल पर अपनी जमीन अपलोड करवा चुके हैं।
विज्ञापन
-
वर्जन:
सरकार को दो बार जमीन का प्रस्ताव दे चुके हैं। कई बार मुख्यमंत्री से भी मिल चुके हैं लेकिन हर बार केवल आश्वासन मिलता है। रास्ते के विवाद का सिर्फ बहाना बनाया जा रहा है। -ओमपाल सिंह, निवर्तमान सरपंच प्रतिनिधि।
विज्ञापन
आईएमटी खुडाना को लेकर उदासीनता के चलते पंचायत की जमीन स्थानांतरित होने में ही लंबा समय गुजर गया। अधिकारियों की मानें तो रोड का मामला सुलझने के बाद जमीन स्थानांतरित हो पाएगी। मुख्यमंत्री ने आईएमटी खुडाना का शिलान्यास 24 फरवरी 2019 में किया था। इसके बाद कई बार जिले में आए मुख्यमंत्री ने आईएमटी का कार्य शुरू होने का आश्वासन दिया लेकिन 43 माह बीतने के बाद काम शुरू नहीं हो पाया। हालांकि मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने 3 नवंबर 2021 को चंडीगढ़ में अधिकारियों के साथ बैठक कर आईएमटी खुडाना की जमीन स्थानांतरित कर पहले फेज पर काम शुरू करने का निर्देश दिया था। इसमें महेंद्रगढ़ उपायुक्त भी शामिल हुए थे लेकिन पहले फेज का कार्य शुरू नहीं हुआ। मुख्यमंत्री ने बजट सत्र 2022-23 में आईएमटी बनाने का जिक्र किया था।
विज्ञापन
खुडाना में आईएमटी बनाने के लिए करीब 1500 एकड़ जमीन की जरूरत है। 971 एकड़ पंचायत की भूमि का प्रस्ताव गांव खुडाना की पंचायत दो तीन बार दे चुकी है। ग्रामीण 12 लाख रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से अपनी पंचायती जमीन देने का तैयार हैं। इसके अलावा 600 एकड़ कृषि भूमि है। यह भूमि देने के लिए लगभग 40 प्रतिशत किसान ई-भूमि पोर्टल पर अपनी जमीन अपलोड करवा चुके हैं।
विज्ञापन
-
वर्जन:
सरकार को दो बार जमीन का प्रस्ताव दे चुके हैं। कई बार मुख्यमंत्री से भी मिल चुके हैं लेकिन हर बार केवल आश्वासन मिलता है। रास्ते के विवाद का सिर्फ बहाना बनाया जा रहा है। -ओमपाल सिंह, निवर्तमान सरपंच प्रतिनिधि।