फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Research being done in the country on prevention of cancer and HIV in stereo chemistry.

Mahendragarh-Narnaul News: स्टीरियो रसायन शास्त्र में कैंसर व एचआइवी की रोकथाम पर देश में हो रहे शोध

Fri, 12 Apr 2024 01:11 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Fri, 12 Apr 2024 01:11 AM IST
विज्ञापन
Research being done in the country on prevention of cancer and HIV in stereo chemistry.
फोटो संख्या:52-प्रो. पी.एस कल्सी प्रतिभागियों के साथ--स्रोत--हकेंवि
महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेंवि) महेंद्रगढ़ के रसायन विज्ञान विभाग में तीन दिवसीय व्याख्यान श्रृंखला का आयोजन किया गया। इसमें विद्यार्थियों को ऑर्गेनिक रसायन शास्त्र की ब्रांच स्टीरियो रसायन शास्त्र के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। मुख्य वक्ता प्रो. पीएस कल्सी ने कहा कि देश में स्टीरियो रसायन शास्त्र में आज कैंसर व एचआइवी की रोकथाम से संबंधित तमाम प्रकार के शोध हो रहे है। यह एक उभरता हुआ क्षेत्र है और पूरे विश्व में इसकी मांग है।
विज्ञापन

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि रसायन विज्ञान विभाग शोध में बेहतरीन कार्य कर रहा है। यह विश्वविद्यालय के लिए भी गर्व की बात है। रसायन विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. विनोद कुमार ने प्रो. पीएस कल्सी का विभाग में स्वागत किया। उन्होंने कहा कि स्टीरियो रसायन शास्त्र में आज कैंसर तथा एचआइवी की रोकथाम से संबंधित तमाम प्रकार के शोध हो रहे है। यह एक उभरता हुआ क्षेत्र है और पूरे विश्व में इसकी मांग है।
विज्ञापन

इस विषय पर प्रोफेसर पीएस कल्सी ने बोलते हुए कहा कि स्टीरियो रसायन शास्त्र के माध्यम से पूरे विश्व को कैंसर, एचआइवी और हेपेटाइटस जैसी लाइलाज बीमारियों से बचा सकते हैं। उन्होंने कहा कि स्टीरियो रसायन शास्त्र का आज के समय प्रयोग ड्रग्स, डाई में भरपूर हो रहा है। आने वाले समय में कैंसर, एचआइवी जैसी बीमारियों का इलाज जल्द ही सुगमता से सुलभ हो सकेगा और भारत इसमें उसी प्रकार से अग्रणी भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि पूरा विश्व स्टीरियो रसायन शास्त्र में भारत को उम्मीद भरी निगाहों से देख रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

विद्यार्थी इस क्षेत्र में कठोर मेहनत करेंगे तो उनको बेहतरीन परिणाम मिलेंगे। प्रो. हरीश कुमार ने कहा कि प्रो. कल्सी का नाम पूरे विश्व में स्टीरियो रसायन शास्त्र और स्पेक्ट्रोस्कोपी में प्रसिद्ध है। इनकी 11 किताबें विश्व प्रसिद्ध पब्लिशिंग हाउस के साथ आ चुकी है। प्रो. हरीश ने कहा कि सन 1985 में रसायन शास्त्र की नोबेल कमेटी ने भी इनको रसायन शास्त्र के नोबेल पुरस्कार विजेता के चयन में सहायता के लिए बुलाया था।

फोटो संख्या:52-प्रो. पी.एस कल्सी प्रतिभागियों के साथ--स्रोत--हकेंवि

फोटो संख्या:52-प्रो. पी.एस कल्सी प्रतिभागियों के साथ--स्रोत--हकेंवि

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed