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Mahendragarh-Narnaul News: अब स्वास्थ्य केंद्रों में भी होगी खून की पूरी जांच
Fri, 27 Dec 2024 12:15 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Fri, 27 Dec 2024 12:15 AM IST
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नारनौल। नागरिक अस्पताल सहित जिले के सीएचसी और पीएचसी पर नववर्ष से लोगों को कंप्लीट ब्लड काउंट (सीबीसी) जांच की सुविधा मिलेगी। जिले करीब 27 सीबीसी मशीन आ गई है। इसके अलावा नारनौल और महेंद्रगढ़ के नागरिक अस्पताल में एक-एक करोड़ रुपये की दूरबीन मशीन भी आ गई है। इससे बगैर चीरफाड़ के मरीजों का ऑपरेशन होगा।
अस्पताल में आने वाले किसी भी प्रकार के रोगों के मरीज की जांच करने के लिए चिकित्सक सबसे पहले रक्त की जांच करवाते हैं। इसकी जांच रिपोर्ट के आधार पर ही मरीज का उपचार शुरू किया जाता है। ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को किसी भी प्रकार की बीमारी के लिए नारनौल नागरिक अस्पताल या फिर निजी अस्पतालों में जाना पड़ता है। निजी अस्पतालों में जांच के नाम पर लोगों से हजारों रुपये वसूल लिए जाते हैं। वहीं नागरिक अस्पताल में भी अत्यधिक भीड़ होने के कारण मरीजों को कई बार समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पाती। अब यह सुविधा जिले के सभी सीएचसी व पीएचसी स्तर पर सीबीसी मशीन लगने से मिलेगी। इससे ग्रामीण क्षेत्र के लोगों का समय व पैसा दोनों की बचत होगी। ग्रामीणों को बार-बार शहर के चक्कर भी नहीं लगाने पड़ेंगे और वहीं उनकी जांच भी हो जाएगी।
इंसेट
जिले में दस करोड़ रुपये की आई जांच मशीन
नारनौल, कनीना और अटेली अस्पतालों में 40-40 लाख रुपये की ऑटोमेटेड बायोकेमेस्ट्री मशीन स्थापित की गई है। इसमें लीवर, किडनी, शुगर, पीलिया और लिपिड प्रोफाइल काॅलेस्ट्रोल संबंधित जांच होगी। मशीन में एक घंटे में 450 से अधिक नमूनों की जांच हो सकती है। हालांकि नारनौल के नागरिक अस्पताल में सभी जांच पहले से हो रही है, मगर वर्तमान में लगी मशीन में केवल 60 नमूने की ही जांच एक साथ हो पा रही थी। यह जांच नागरिक अस्पताल में ही होने के कारण यहां मरीजों की भीड़ ज्यादा रहती थी। अब ऑटोमेटिक बायोकेमेस्ट्री मशीन स्थापित होने के बाद लोगों को समय जांच रिपोर्ट मिल पाएगी। वहीं जिले में करीब 10 करोड़ रुपये की विभिन्न जांच मशीनें भेजी गई हैं। इनमें जिले के सभी 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों व 7 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के लिए सीबीसी मशीन (कंप्लीट ब्लड काउंट) आई है। इसके अलावा नारनौल व महेंद्रगढ़ अस्पताल के लिए एक-एक करोड़ रुपये की दूरबीन से ऑपरेशन करने वाली मशीन आ गई है।
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वर्जन
लैब से संबंधित किसी भी प्रकार की जांच के लिए लोगों को अब निजी लैब में नहीं जाना पड़ेगा, क्योंकि जिले की सभी पीएचसी, सीएचसी सहित सरकारी अस्पतालों में सीबीसी जांच मशीनें आ गई है। इसके अलावा नारनौल व महेंद्रगढ़ में दूरबीन से ऑपरेशन वाली दो मशीनें भी आ गई है। हमारा प्रयास है सभी मशीनें नववर्ष से शुरू हो जाएं।
डाॅ. धर्मेंद्र सांगवान, कार्यकारी सिविल सर्जन नागरिक अस्पताल, नारनौल।
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अस्पताल में आने वाले किसी भी प्रकार के रोगों के मरीज की जांच करने के लिए चिकित्सक सबसे पहले रक्त की जांच करवाते हैं। इसकी जांच रिपोर्ट के आधार पर ही मरीज का उपचार शुरू किया जाता है। ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को किसी भी प्रकार की बीमारी के लिए नारनौल नागरिक अस्पताल या फिर निजी अस्पतालों में जाना पड़ता है। निजी अस्पतालों में जांच के नाम पर लोगों से हजारों रुपये वसूल लिए जाते हैं। वहीं नागरिक अस्पताल में भी अत्यधिक भीड़ होने के कारण मरीजों को कई बार समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पाती। अब यह सुविधा जिले के सभी सीएचसी व पीएचसी स्तर पर सीबीसी मशीन लगने से मिलेगी। इससे ग्रामीण क्षेत्र के लोगों का समय व पैसा दोनों की बचत होगी। ग्रामीणों को बार-बार शहर के चक्कर भी नहीं लगाने पड़ेंगे और वहीं उनकी जांच भी हो जाएगी।
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जिले में दस करोड़ रुपये की आई जांच मशीन
नारनौल, कनीना और अटेली अस्पतालों में 40-40 लाख रुपये की ऑटोमेटेड बायोकेमेस्ट्री मशीन स्थापित की गई है। इसमें लीवर, किडनी, शुगर, पीलिया और लिपिड प्रोफाइल काॅलेस्ट्रोल संबंधित जांच होगी। मशीन में एक घंटे में 450 से अधिक नमूनों की जांच हो सकती है। हालांकि नारनौल के नागरिक अस्पताल में सभी जांच पहले से हो रही है, मगर वर्तमान में लगी मशीन में केवल 60 नमूने की ही जांच एक साथ हो पा रही थी। यह जांच नागरिक अस्पताल में ही होने के कारण यहां मरीजों की भीड़ ज्यादा रहती थी। अब ऑटोमेटिक बायोकेमेस्ट्री मशीन स्थापित होने के बाद लोगों को समय जांच रिपोर्ट मिल पाएगी। वहीं जिले में करीब 10 करोड़ रुपये की विभिन्न जांच मशीनें भेजी गई हैं। इनमें जिले के सभी 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों व 7 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के लिए सीबीसी मशीन (कंप्लीट ब्लड काउंट) आई है। इसके अलावा नारनौल व महेंद्रगढ़ अस्पताल के लिए एक-एक करोड़ रुपये की दूरबीन से ऑपरेशन करने वाली मशीन आ गई है।
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लैब से संबंधित किसी भी प्रकार की जांच के लिए लोगों को अब निजी लैब में नहीं जाना पड़ेगा, क्योंकि जिले की सभी पीएचसी, सीएचसी सहित सरकारी अस्पतालों में सीबीसी जांच मशीनें आ गई है। इसके अलावा नारनौल व महेंद्रगढ़ में दूरबीन से ऑपरेशन वाली दो मशीनें भी आ गई है। हमारा प्रयास है सभी मशीनें नववर्ष से शुरू हो जाएं।
डाॅ. धर्मेंद्र सांगवान, कार्यकारी सिविल सर्जन नागरिक अस्पताल, नारनौल।