फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Mustard is again moving away from the market and towards the procurement centers.

Mahendragarh-Narnaul News: सरसों का रुख फिर मंडी से हटकर खरीद केंद्रों की ओर

Sat, 18 Apr 2026 11:06 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 18 Apr 2026 11:06 PM IST
विज्ञापन
Mustard is again moving away from the market and towards the procurement centers.
फोटो नंबर- 24नारनौल ​​स्थित नई अनाज मंडी में टीन शेड के नीचे रखे सरसों के बैग। संवाद
नारनौल। सरसों के घटते बाजार भाव और लैब प्रतिशत के आधार पर हो रही कटौती के चलते किसानों का रुझान अब सरकारी खरीद केंद्रों की ओर बढ़ने लगा है। खुले बाजार में बेहतर दाम मिलने के बावजूद लैब कटौती के कारण किसानों को अपेक्षित कीमत नहीं मिल पा रही है।
विज्ञापन

शुक्रवार को जहां सरकारी खरीद के लिए 2 गेटपास जारी किए गए थे वहीं शनिवार को 4 और किसानों को गेटपास दिए गए। अब तक करीब 160 क्विंटल सरसों की सरकारी खरीद हो चुकी है और आने वाले दिनों में इसमें और बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।
विज्ञापन

किसानों का कहना है कि व्यापारियों की ओर से लैब प्रतिशत के आधार पर कटौती की जा रही है। 42 प्रतिशत लैब वाली सरसों का भाव जहां खुले बाजार में करीब 6500 रुपये प्रति क्विंटल है। वहीं, इससे कम लैब होने पर प्रति प्रतिशत लगभग 120 रुपये की कटौती की जा रही है। इससे कई बार भाव एमएसपी से भी नीचे चला जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस स्थिति में किसान अब सरकारी खरीद को सुरक्षित विकल्प मान रहे हैं। पहले सीमावर्ती राजस्थान के किसान भी नारनौल और अटेली मंडियों में बिक्री के लिए आते थे लेकिन अब वे भी बेहतर दाम के लिए राजस्थान की ओर रुख कर रहे हैं।
अटेली मंडी में शनिवार को 22 किसानों को गेटपास कटे और 876 क्विंटल गेंहू की सरकारी खरीद हुई। अटेली में अब तक कुल 6324 क्विंटल गेंहू की खरीद की जा चुकी है और 1890 क्विंटल सरसों का उठान हो चुका है। वहीं नारनौल में 14 व अटेली में 90 गेटपास कटे। नारनौल में करीब 300 क्विंटल व अटेली में 2 हजार क्विंटल सरसों की आवक हुई। वहीं अटेली मंडी में सरसों की सरकारी खरीद अभी भी शून्य बनी हुई है।

वर्जन :
सरसों व गेंहू की सरकारी खरीद सुचारू रूप से बनी हुई है। किसानों से अपील है कि सरसों को अच्छे से सुखा कर लाएं ताकि नमी में अधिकता के कारण परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। -प्रवीण भारद्वाज, जिला प्रबंधक, हैफेड, नारनौल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article