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Mahendragarh-Narnaul News: एनएच 11 बनने के बाद मिर्जापुर बाछौद बस स्टैंड हुआ वीरान
Sat, 04 Oct 2025 11:31 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Sat, 04 Oct 2025 11:31 PM IST
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फोटो 09 वीरान पड़ा मिर्जापुर बाछौद बस स्टैंड वाला रोड। संवाद
मंडी अटेली। राष्ट्रीय राजमार्ग 11 के निर्माण से मिर्जापुर बाछौद का बस स्टैंड अब वीरान नजर आने लगा है। इससे बस स्टैंड के दुकानदारों की आय पर भी असर पड़ रहा।
एनएच के निर्माण से पहले गुवाणी, दुबलाना, जाट गुवाना, भीलवाड़ा, श्यामपुरा, कुंजपुरा, शाहपुर, अकलीमपुर व तिगरा आदि गांवों की सवारियां मिर्जापुर बाछोद के बस स्टैंड से ही बैठकर गंतव्य तक पहुंचती थीं। नारनौल-रेवाड़ी मार्ग से गुजरने वाले सभी सवारी वाहन इस गांव के बस स्टैंड से सवारियों को लेकर जाते थे। उस समय यात्रियों के कारण बस स्टैंड पर चहल पहल बनी रहती थी लेकिन जब से एनएच 11 इस गांव के नजदीक से गुजरा है, गांव का बस स्टैंड वीरान सा हो गया है।
नारनौल जयपुर की ओर जाने वाले यात्रियों को अब बस पकड़ने के लिए 2 किलोमीटर हाईवे पर पैदल ही जाना पड़ता है। नारनौल से रेवाड़ी जाने वाली बसें ही बाछौद के पुराने बस स्टैंड पर जाती हैं लेकिन नारनौल जयपुर जाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग से नीचे उतरने का रास्ता नहीं है। जिसके कारण वे बसें सीधी राष्ट्रीय राजमार्ग से ही गुजर जाती हैं।
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दिन प्रतिदिन बस स्टैंड पर यात्रियों की संख्या कम होती जा रही हैं। इसका असर बस स्टैंड के दुकानदारों की आय पर भी पड़ रहा है। बस स्टैंड पर पहले काफी संख्या में रेहड़ी-खोमचे वाले हुआ करते थे लेकिन सवारियां न होने के कारण उन्होंने अपना स्थान बदल लिया है। बदले हुए परिवेश में बस स्टैंड पर बने हुए हरियाणा राज्य परिवहन के खूबसूरत क्यू शेल्टर ने भी अब खंडहर होता जा रहा है। बाछौद क्षेत्र के लोगों ने सरकार से राज्य परिवहन की बसों को बाछौद के पुराने बस स्टैंड से चलाने की मांग की है।
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एनएच के निर्माण से पहले गुवाणी, दुबलाना, जाट गुवाना, भीलवाड़ा, श्यामपुरा, कुंजपुरा, शाहपुर, अकलीमपुर व तिगरा आदि गांवों की सवारियां मिर्जापुर बाछोद के बस स्टैंड से ही बैठकर गंतव्य तक पहुंचती थीं। नारनौल-रेवाड़ी मार्ग से गुजरने वाले सभी सवारी वाहन इस गांव के बस स्टैंड से सवारियों को लेकर जाते थे। उस समय यात्रियों के कारण बस स्टैंड पर चहल पहल बनी रहती थी लेकिन जब से एनएच 11 इस गांव के नजदीक से गुजरा है, गांव का बस स्टैंड वीरान सा हो गया है।
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नारनौल जयपुर की ओर जाने वाले यात्रियों को अब बस पकड़ने के लिए 2 किलोमीटर हाईवे पर पैदल ही जाना पड़ता है। नारनौल से रेवाड़ी जाने वाली बसें ही बाछौद के पुराने बस स्टैंड पर जाती हैं लेकिन नारनौल जयपुर जाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग से नीचे उतरने का रास्ता नहीं है। जिसके कारण वे बसें सीधी राष्ट्रीय राजमार्ग से ही गुजर जाती हैं।
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दिन प्रतिदिन बस स्टैंड पर यात्रियों की संख्या कम होती जा रही हैं। इसका असर बस स्टैंड के दुकानदारों की आय पर भी पड़ रहा है। बस स्टैंड पर पहले काफी संख्या में रेहड़ी-खोमचे वाले हुआ करते थे लेकिन सवारियां न होने के कारण उन्होंने अपना स्थान बदल लिया है। बदले हुए परिवेश में बस स्टैंड पर बने हुए हरियाणा राज्य परिवहन के खूबसूरत क्यू शेल्टर ने भी अब खंडहर होता जा रहा है। बाछौद क्षेत्र के लोगों ने सरकार से राज्य परिवहन की बसों को बाछौद के पुराने बस स्टैंड से चलाने की मांग की है।