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किसान बागवानी से भी जुड़ें : डॉ. सुधीर

Sun, 02 Mar 2025 12:20 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Sun, 02 Mar 2025 12:20 AM IST
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Farmers should also join horticulture: Dr. Sudhir
फोटो संख्या:56- बागवानी विभाग की ओर से गांव मांडोला में आयोजित कार्यक्रम में उप​स्थित किसान --स
महेंद्रगढ़। बागवानी विभाग की ओर से शनिवार को गांव मांडोला में जिलास्तरीय सेमिनार में 250 किसानों को बागवानी की योजनाएं, क्षेत्र में सब्जी व फलों तथा बीज उत्पादन से लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। बतौर मुख्य अतिथि विधायक कंवर सिंह यादव बोल रहे थे।
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विशेषज्ञों ने कहा कि इस क्षेत्र में बेर, खजूर तथा अनार जैसे शुष्क मौसम के फलों का उत्पादन लिया जा सकता है। संरक्षित आकृति जैसे नेट हाउस, मल्चिंग व टनल के अंदर सब्जी की काश्त आधुनिक तरीके जैसे टपका सिंचाई प्रणाली के माध्यम से किसान अपनी आय बढ़ा सकते हैं। बागवानी विभाग की योजनाओं का लाभ लेने के लिए मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है।
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उद्यान हरियाणा के संयुक्त निदेशक डॉ. सुधीर यादव ने किसानों से बागवानी से भी जुड़ने का आह्वान किया। जिला उद्यान अधिकारी डॉ. प्रेम कुमार ने बताया कि जिला महेंद्रगढ़ की जलवायु के अनुसार यहां पर सब्जी व मसाले की खेती व उनका बीज उत्पादन आसानी से किया जा सकता है। इसके लिए बागवानी विभाग 15 हजार रुपये प्रति एकड़ अनुदान दे रहा है। किसान बागवानी विभाग के पोर्टल एचओआरटी नेट डॉट जीओवी डॉट इन पर पंजीकरण करवा कर मद का चुनाव कर के जरूरी दस्तावेज अपलोड करने के बाद ही योजना का लाभ लेने का योग्य होगा। एक किसान अधिकतम सब्जी उत्पादन में दो हेक्टेयर व सब्जी बीज उत्पादन में पांच हेक्टेयर एवं मसाले उत्पादन में चार हेक्टेयर तक का लाभ ले सकता है। सब्जी उत्पादन के लिए साथ में वैम्बूस्टेकिंग, मल्चिंग, टनल या मिनी, ड्रीप सिस्टम के साथ सब्जी लगाना अनिवार्य है। सब्जियों की खेती में कीट से होने वाले नुकसान से बचाने के लिए किसान फिरोमैन ट्रैप, स्टीकी ट्रैप, सौलर लाइट ट्रैप लगाकर किसान अपनी फसल को कीट से होने वाले नुकसान से बचा सकते है। अन्य विभाग एवं कंपनियों द्वारा स्टॉल लगाई व विशेषज्ञों द्वारा तकनीकी जानकारी दी गई।
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इस मौके पर एकीकृत बागवानी विकास केंद्र सुंदरह से परियोजना अधिकारी डॉ. नेहा यादव, डॉ. मुकेश शिवरान, कृषि विज्ञान केंद्र महेंद्रगढ़ से वरिष्ठ संयोजक डॉ. जय लाल यादव, डॉ. नरेंद्र सिंह, कृषि विभाग नारनौल से एसडीओ डॉ. अजय यादव सहित अनेक लोग मौजूद रहे।
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