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कंप्यूटर आपरेटरों ने दिया धरना, कामकाज रहा प्रभावित
Updated Tue, 03 Apr 2018 01:25 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। प्रशासन द्वारा नारनौल तहसील में लगे एक कंप्यूटर आपरेटर को हटाने के विरोध में जिले के विभिन्न सरकारी विभागों में कंप्यूटर आपरेटरों ने सोमवार को लघु सचिवालय में धरना दिया। इसके चलते जिले विभिन्न सरकारी विभागों में कंप्यूटर द्वारा होने वाले सभी कार्य ठप रहे। वहीं किसानों को अपनी सरसों बेचने के लिए आवश्यक दस्तावेज फर्द भी नहीं मिल सकी। इस कारण किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस समस्या को लेकर सोमवार को दर्जनों गांवों के किसानों ने उपायुक्त डॉ. गरिमा मित्तल से मिलकर सरसों बेचने के आवश्यक दस्तावेज फर्द उपलब्ध करवाने की मांग रखी।
उपायुक्त से मिलने पहुंचे गांव भूषण, खुर्द, मारोली, मित्रपुरा, बलाहा खुर्द, कोरियावास, चिंडालिया, रामपुरा, हुडिना, रघुनाथपुरा, ढाणी बाठोठा के बलबीर सिंह, विजयपाल, रोहताश, सूबे सिंह, सुरेंद्र, विक्रम, मामचंद, प्रताप सिंह, सुुभाषचंद आदि किसानों ने बताया कि उनके गांवों की सरसों बेचने का शेड्यूल किसी का आज तो किसी का कल है तो किसी का परसों का है। ऐसे में वे सरसों बेचने के लिए आवश्यक दस्तावेजों को पूरा करने में लगे हुए हैं। आज नारनौल लघु सचिवालय में फर्द निकलवाने के लिए पहुंचे थे, लेकिन यहां कंप्यूटर आपरेटर हड़ताल पर हैं। इस कारण उन्हें चिंता सताने लगी है, क्योंकि अगर वे सरसों बेचने के लिए निर्धारित किए गए शेड्यूल में सरसों बेच पाए तो उन्हें 10-15 दिन का लंबा इंतजार करना पड़ेगा।
फर्द निकलवाने के लिए सुबह से लाइन में लगे किसान
मंडी में सरसों बेचने के लिए फर्द निकलवाने के लिए विभिन्न गांवों के अनेक किसान सोमवार सुबह से ही लाइन में लग गए। ताकि फर्द निकलवाने के बाद अन्य कागजी कार्रवाई पूरी कर मंडी में सरसों पहुंचाई जा सके। परंतु कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल होने के कारण वे दोपहर तक लाइन में लगे रहे है, लेकिन उन्हें फर्द नहीं मिल सकी। इस कारण उन्हें निराश होकर वापस लौटना पड़ा।
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अन्य कार्य भी रहे प्रभावित
कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल के चलते विभिन्न सरकारी विभागों में होने कार्य प्रभावित रहे। सबसे अधिक परेशानी ई-दिशा केंद्र में आने वाले लोगों को हुई, क्योंकि ई-दिशा केंद्र में वाहन रजिस्ट्रेशन, आरसी, लाइसेंस, जाति प्रमाण पत्र, रिहायशी प्रमाण पत्र व अन्य पिछड़ा प्रमाण पत्र सहित सीएम विंडो भी इसी में स्थापित की गई है। ई-दिशा केंद्र में प्रतिदिन सैकड़ों लोगों को आवागमन होता है। परंतु कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल के कारण सभी कार्य पूर्ण रूप सेे ठप रहे। जिससे कार्यालय खाली दिखाई दिए।
कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल का नहीं हुआ असर: डीसी
जिला सूचना एवं तकनीकी सोसायटी के कंप्यूटर आपरेटर की हड़ताल से जिले के किसी भी कार्यालय के कार्य प्रभावित नहीं हुआ। इनके स्थान पर अन्य आपरेटरों की ड्यूटी लगाकर काम करवाया जा रहा है। जिला प्रशासन ने रेडक्रास, शिक्षा विभाग व डीआरडीए के कंप्यूटर आपरेटरों को बुलाकर काम करवाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि किसानों को सरसों की फसल बेचने के लिए जो फर्द आदि की जरूरत पड़ती है वह सुचारु रूप से चालू हैं।
डॉ. गरिमा मित्तल, डीसी, महेंद्रगढ़-नारनौल
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नारनौल। प्रशासन द्वारा नारनौल तहसील में लगे एक कंप्यूटर आपरेटर को हटाने के विरोध में जिले के विभिन्न सरकारी विभागों में कंप्यूटर आपरेटरों ने सोमवार को लघु सचिवालय में धरना दिया। इसके चलते जिले विभिन्न सरकारी विभागों में कंप्यूटर द्वारा होने वाले सभी कार्य ठप रहे। वहीं किसानों को अपनी सरसों बेचने के लिए आवश्यक दस्तावेज फर्द भी नहीं मिल सकी। इस कारण किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस समस्या को लेकर सोमवार को दर्जनों गांवों के किसानों ने उपायुक्त डॉ. गरिमा मित्तल से मिलकर सरसों बेचने के आवश्यक दस्तावेज फर्द उपलब्ध करवाने की मांग रखी।
उपायुक्त से मिलने पहुंचे गांव भूषण, खुर्द, मारोली, मित्रपुरा, बलाहा खुर्द, कोरियावास, चिंडालिया, रामपुरा, हुडिना, रघुनाथपुरा, ढाणी बाठोठा के बलबीर सिंह, विजयपाल, रोहताश, सूबे सिंह, सुरेंद्र, विक्रम, मामचंद, प्रताप सिंह, सुुभाषचंद आदि किसानों ने बताया कि उनके गांवों की सरसों बेचने का शेड्यूल किसी का आज तो किसी का कल है तो किसी का परसों का है। ऐसे में वे सरसों बेचने के लिए आवश्यक दस्तावेजों को पूरा करने में लगे हुए हैं। आज नारनौल लघु सचिवालय में फर्द निकलवाने के लिए पहुंचे थे, लेकिन यहां कंप्यूटर आपरेटर हड़ताल पर हैं। इस कारण उन्हें चिंता सताने लगी है, क्योंकि अगर वे सरसों बेचने के लिए निर्धारित किए गए शेड्यूल में सरसों बेच पाए तो उन्हें 10-15 दिन का लंबा इंतजार करना पड़ेगा।
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फर्द निकलवाने के लिए सुबह से लाइन में लगे किसान
मंडी में सरसों बेचने के लिए फर्द निकलवाने के लिए विभिन्न गांवों के अनेक किसान सोमवार सुबह से ही लाइन में लग गए। ताकि फर्द निकलवाने के बाद अन्य कागजी कार्रवाई पूरी कर मंडी में सरसों पहुंचाई जा सके। परंतु कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल होने के कारण वे दोपहर तक लाइन में लगे रहे है, लेकिन उन्हें फर्द नहीं मिल सकी। इस कारण उन्हें निराश होकर वापस लौटना पड़ा।
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अन्य कार्य भी रहे प्रभावित
कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल के चलते विभिन्न सरकारी विभागों में होने कार्य प्रभावित रहे। सबसे अधिक परेशानी ई-दिशा केंद्र में आने वाले लोगों को हुई, क्योंकि ई-दिशा केंद्र में वाहन रजिस्ट्रेशन, आरसी, लाइसेंस, जाति प्रमाण पत्र, रिहायशी प्रमाण पत्र व अन्य पिछड़ा प्रमाण पत्र सहित सीएम विंडो भी इसी में स्थापित की गई है। ई-दिशा केंद्र में प्रतिदिन सैकड़ों लोगों को आवागमन होता है। परंतु कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल के कारण सभी कार्य पूर्ण रूप सेे ठप रहे। जिससे कार्यालय खाली दिखाई दिए।
कंप्यूटर आपरेटरों की हड़ताल का नहीं हुआ असर: डीसी
जिला सूचना एवं तकनीकी सोसायटी के कंप्यूटर आपरेटर की हड़ताल से जिले के किसी भी कार्यालय के कार्य प्रभावित नहीं हुआ। इनके स्थान पर अन्य आपरेटरों की ड्यूटी लगाकर काम करवाया जा रहा है। जिला प्रशासन ने रेडक्रास, शिक्षा विभाग व डीआरडीए के कंप्यूटर आपरेटरों को बुलाकर काम करवाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि किसानों को सरसों की फसल बेचने के लिए जो फर्द आदि की जरूरत पड़ती है वह सुचारु रूप से चालू हैं।
डॉ. गरिमा मित्तल, डीसी, महेंद्रगढ़-नारनौल