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द्रोपदी नृत्य में महाभारत को किया जीवंत, हेमा मालिनी को किया सम्मानित
ब्यूरो/अमर उजाला, कुरूक्षेत्र
Updated Sun, 11 Dec 2016 01:26 AM IST
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hema malini
- फोटो : Amar Ujala
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प्रसिद्ध फिल्म अभिनेत्री हेमा मालिनी ने द्रोपदी नृत्य में महाभारत के जीवंत दर्शन कराने के साथ पर्यटकों को गीता के उपदेशों को अपने जीवन में धारण देने का संदेश दिया। इस द्रोपदी नृत्य ने धर्मक्षेत्र-कुरुक्षेत्र के पूरे वातावरण को भगवान श्री कृष्ण के रंग में रंगने का काम किया। अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव 2016 में पुरुषोत्तमपुरा बाग ब्रह्मसरोवर पर प्रसिद्ध फिल्म अभिनेत्री हेमा मालिनी ने सांस्कृतिक संध्या में द्रोपदी नृत्य की प्रस्तुती दी।
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इस सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ शनिवार रात मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने किया। इससे पहले मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गीता मनीषी स्वामी ज्ञानानंद, पर्यटन एवं शिक्षा मंत्री रामबिलास शर्मा, सांसद रत्न लाल कटारिया, राज्यमंत्री कृष्ण बेदी, विधायक सुभाष सुधा, विधायक डॉ. पवन सैनी, उपायुक्त सुमेधा कटारिया ने दीप प्रज्वलित कर विधिवत रूप से कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने फिल्म अभिनेत्री हेमा मालिनी को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
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महोत्सव में हेमा मालिनी के द्रोपदी नृत्य को देखने के लिए हजारों पर्यटक पुरुषोत्तमपुरा बाग में पहुंचे। इस सांस्कृतिक संध्या का कुरुक्षेत्रवासी बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। लाखों हजारों लोगों का इंतजार उस समय खत्म हुआ जब प्रसिद्ध अभिनेत्री हेमा मालिनी ने द्रोपदी नृत्य की प्रस्तुती को शुरू किया। अभिनेत्री ने अपनी टीम के सदस्यों के साथ परंपरागत वेश-भूषा में द्रोपदी नृत्य को शुरू किया।
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इस नृत्य में महाभारत के अहम क्षणों के साथ-साथ भगवान श्री कृष्ण की लीलाओं को प्रस्तुत कर धर्मक्षेत्र-कुरुक्षेत्र के वातावरण को भगवान श्री कृष्ण के रंग में रंगने का काम किया। इस नृत्य में द्रोपदी चीरहरण के साथ-साथ भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन को दिए गए उपदेश को भी पर्यटकों के समक्ष रखने का काम किया। इस प्रस्तुति को हजारों लोगों ने तालियां बजाकर खूब सराहा और पर्यटकों ने इस प्रस्तुति का आनंद लिया।