रेल बजट: प्रभु कृपा से फिर निराश धर्मनगरी
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रेल मंत्री सुरेश प्रभाकर प्रभु ने रेल बजट पेश कर दिया। पेश हुए बजट में धर्मनगरी के हाथ कुछ भी नहीं आया। धर्मनगरी के बाशिंदों को बड़ी आशाएं थी, लेकिन वो इस बार के बजट में पूरी न हो सकीं।
रेल बजट में मुख्यत: कुरुक्षेत्र स्टेशन को मॉडल स्टेशन का दर्जा दिलाना व जंक्शन पर मॉल का निर्माण अहम था।कुरुक्षेत्र के कीर्ति नगर निवासी कलावती ने रेल बजट पर बताया कि कुरुक्षेत्र वासियों को रेल मंत्री से काफी आशाएं थी कि वे कुरुक्षेत्र जो कि सबसे बड़ा तीर्थ स्थान है के लिए नई परियोजनाओं व महत्वपूर्ण ट्रेन के ठहराव को मंजूरी देंगे, लेकिन जारी रेल बजट में रेल मंत्री ने कुछ भी नई घोषणाएं नहीं की हैं।
इससे कुरुक्षेत्र वासियों की पुरानी मांगे भी धरी की धरी रह गई हैं। वहीं रेल बजट में 33 प्रतिशत महिला सीट आरक्षण का लाभ महिला रेल यात्रियों को देखने को मिलेगा।
सेक्टर 13 निवासी गीतिका ने कहा कि सेक्टर वासियों की बहुत पुरानी मांग थी कि सेक्टर की तरफ प्राइवेट टिकट खिड़की का प्रावधान होना चाहिए। वहीं सेक्टर 13 की तरफ पिछले 2 वर्षो से बंद पड़ी टिकट खिड़की को दुबारा से खुलवाने की अपील थी, लेकिन रेल बजट आने के बाद से सभी योजनाओं पर पानी फिर गया। उन्होंने कहा कि रेल बजट में छोटे बच्चों के लिए भोजन के प्रावधान का कार्य स्वागत योग्य है।
कविता अरोड़ा छात्रा ने बताया कि इस बार के रेल बजट में आशा थी कि महिलाओं के लिए प्रत्येक ट्रेन में अलग से बोगी में वृद्धि होना चाहिए था, लेकिन इसमें कोई परिवर्तन नहीं किया गया। वहीं छात्रों के लिए रेल पास में सहूलियत मिलनी चाहिए थी लेकिन वह भी इस बार के बजट से नदारद रही। जिसका नुकसान छात्रों को होगा। वहीं महिला बोगी में सुरक्षा की दृष्टि से महिला कर्मी की तैनाती काबो बजट में स्थान नहीं मिला। इनेलो प्रदेशाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री अशोक अरोड़ा ने रेल बजट को निराशापूर्ण बताते हुए कहा कि भाजपा सरकार द्वारा लगातार दूसरे वर्ष पेश किए गए रेल बजट से प्रदेश की जनता को निराशा हाथ लगी है।
उन्होंने कहा कि रेल मंत्री द्वारा संसद में प्रस्तुत किए गए रेल बजट में इस सोनीपत कोच फैक्टरी का कोई जिक्र तक नहीं आया। इस बजट में इस इलाके की जनता की पुरानी मांग कुरुक्षेत्र को हरिद्वार तक रेल मार्ग से जोडऩे के बारे में भी कोई घोषणा नहीं की गई।
जिससे इस इलाके की जनता को गहरा धक्का लगा है। इनेलो प्रदेश ने कहा कि रेल मंत्री प्रभु ने पीपी मॉडल लगानेे की बात कही है, जो प्रदेश के जनता के साथ धोखा है।
इन मांगों के लिए करना होगा अगले रेल बजट का इंतजार - पटियाला-पिहोवा-यमुुनानगर रेल मार्ग का प्रस्ताव पिछले कई वर्षों से नहीं हुआ पूरा - कुरुक्षेत्र-कैथल रेल मार्ग का विद्युतिकरण - कुरुक्षेत्र स्टेशन में सेक्टर 13 की तरफ बंद पड़ी टिकट खिड़की को दोबारा खोलना - कुरुक्षेत्र सेक्टर 13 की तरफ प्राइवेट टिकट काउंटर की व्यवस्था - कुरुक्षेत्र-झांसा मार्ग पर आरओबी का प्रोजेक्ट, जो कि नहीं हुआ शुरू - कुरुक्षेत्र स्टेशन को मॉर्डन स्टेशन बनने का दर्जा - पूजा एक्सप्रेस, स्वर्ण शताब्दी व संपर्क क्रांति ट्रेन का हो ठहराव - कुरुक्षेत्र स्टेशन पर मॉल का बनना - मानव रहित लाईनों में कर्मियों की नियुक्ति