फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   Picture of HSGPC head post blurredLuck can shine even for the defeated

Kurukshetra News: एचएसजीपीसी प्रधान पद की तस्वीर धुंधली पराजित की भी चमक सकती है किस्मत

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 24 Jan 2025 01:45 AM IST
विज्ञापन
Picture of HSGPC head post blurredLuck can shine even for the defeated
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

कुरुक्षेत्र। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी चुनाव के पांच दिन बीत जाने के बाद भी प्रधान कौन बनेगा इसकी तस्वीर स्पष्ट नहीं हो पाई है। सभी गुट चुनाव में विजेता रहे 22 आजाद प्रत्याशियों पर टकटकी लगाए हैंं। अलग-अलग गुटों की गठजोड़ की कवायद के बीच एक चर्चा और तेज है कि प्रधानगी किसी हारे हुए प्रत्याशी को भी मिल सकती है। हालांकि इससे पहले उसका नामित होना जरूरी है। इस बीच निर्दलीय प्रत्याशी बिना ताज के बादशाह बने हुए हैं। वह अपने पत्ते नहीं खोल रहे हैं।
बता दें कि 19 जनवरी को चुनाव परिणाम आने के बाद से अभी तक कोई गुट अपनी जीत का जश्न नहीं मना पाया है। सबसे ज्यादा दस सदस्य झींडा ग्रुप हैं तो वहीं अलग कमेटी के संघर्ष में उनके सहयोगी रहे दीदार सिंह नलवी के तीन सदस्य विजयी रहे थे। वहीं बलदेव सिंह कायमपुरा ने भी अपने छह सदस्य सीधे तौर पर विजयी होने का दावा किया है तो पूर्व प्रधान रहे जत्थेदार बलजीत सिंह दादूवाल ने अभी तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं और उनका कहना है कि समय आने पर सब सामने आ जाएगा। ऐसे में अब सभी अपना-अपना दावा मजबूत करने में लगे हैं, जिसमें सबसे बड़ा सहारा निर्दलीय ही बनते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में जोड़तोड़ के प्रयास जारी है। उधर जगदीश सिंह झींडा व दीदार सिंह नलवी में भी प्रधानगी को लेकर समझौते की चर्चाएं की जा रही है। इसमें कई लोग मध्यस्थता कर रहे हैं।
विज्ञापन




झींडा गुट के नौ सदस्यों ने समर्थन का पास किया एजेंडा

चुनाव के बाद पहली बार झींडा गुट के नौ सदस्य वीरवार को पहले गुुरुद्वारा छठी पातशाही मुख्यालय और फिर डेरा कार सेवा में जुटे, जहां अहम बैठक भी की। हालांकि जगदीश सिंह झींडा बैठक में सबसे बाद में पहुंचे। बताया जा रहा है कि उनके पहुंचने से पहले सभी नौ सदस्यों ने उन्हें पूर्ण समर्थन का एजेंडा भी पास किया, जिससे झींडा के आने पर अवगत कराया गया। इस दौरान खास रणनीति पर भी गुप्त चर्चा की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन






झींडा बोले- एक सदस्य खुले तौर पर समर्थन देने पहुंच गया

जगदीश सिंह झींडा ने बातचीत करने पर कहा कि जब वे सदस्यों की बैठक के बाद निकलने लगे तो एक अन्य सदस्य भी अचानक उनके पास पहुंच गया और पूर्ण समर्थन का एलान किया। ऐसे ही अन्य सदस्यों से संपर्क किया गया तो उन्हें भरोसा दिया जा रहा है कि वे संघर्ष करते रहे और इस मौके पर उन्हें ही यह मौका दिया जाना चाहिए। उधर उनका कहना था कि ग्रुप की ओर से बैठक लगातार की जा रही है और बहुमत के प्रयास भी जारी है। झींडा का कहना है कि यह प्रावधान है कि नामित होने वाले नौ सदस्यों में से भी प्रधान बन सकता है। यहां तक कि किसी हारे हुए प्रत्याशी को भी नामित होने और उसके बाद प्रधान बनने तक का मौका मिल सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed