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Kurukshetra News: केयू में पार्ट टाइम शिक्षकों को अब प्रति लेक्चर मिलेंगे 1000 रुपये
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संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय (केयू) ने पार्ट टाइम शिक्षकों, स्टॉप गैप व्यवस्था के तहत नियुक्त शिक्षकों और पेड व अनपेड रिसर्च स्कॉलर्स के मानदेय की दरों में बढ़ोतरी की है। विश्वविद्यालय की कार्यकारिणी परिषद ने समिति की सिफारिशों पर 8 अक्तूबर को प्रस्ताव पास किया गया था, जिसके तहत मानदेय बढ़ाने का निर्णय लिया था। इस संबंध में विश्वविद्यालय की ओर से अधिसूचना जारी की गई है।
इसके अनुसार नेट, पीएचडी या एमटेक की योग्यता रखने वाले पात्र उम्मीदवारों को प्रति लेक्चर 1000 रुपये मानदेय दिया जाएगा। इनके लिए अधिकतम मासिक मानदेय 45 हजार रुपये निर्धारित किया गया है। वहीं, नेट या पीएचडी की योग्यता नहीं रखने वाले उम्मीदवारों को प्रति लेक्चर 750 रुपये मिलेंगे। इनके लिए अधिकतम मासिक मानदेय 35 हजार रुपये तय किया गया है।
विश्वविद्यालय ने पेड और अनपेड रिसर्च स्कॉलर्स के मानदेय की दर भी निर्धारित की है। इन्हें एक घंटे की अवधि के प्रति पीरियड के लिए 500 रुपये दिए जाएंगे। अधिसूचना के मुताबिक, रिसर्च स्कॉलर्स को उनके नियमित शोध कार्य के साथ प्रति सप्ताह चार से छह घंटे तक शिक्षण कार्यभार दिया जा सकता है। हालांकि, पेड रिसर्च स्कॉलर्स को अपने ही विभाग में प्रति सप्ताह चार घंटे तक शिक्षण कार्य करने पर अलग से मानदेय नहीं दिया जाएगा, यदि यह व्यवस्था कार्यकारिणी परिषद की ओर से पहले ही स्वीकृत है। केयू में करीब 138 पार्ट टाइम शिक्षक अपनी सेवाएं दे रहे है। जिनके मानदेय में अब बढ़ोतरी हुई है।
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केयू के जन संपर्क विभाग के निदेशक महासिंह पूनिया का कहना है कि पार्ट टाइम शिक्षकों की काफी लंबे समय से मांग थी जिसे केयू द्वारा पूरा कर दिया गया है।
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कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय (केयू) ने पार्ट टाइम शिक्षकों, स्टॉप गैप व्यवस्था के तहत नियुक्त शिक्षकों और पेड व अनपेड रिसर्च स्कॉलर्स के मानदेय की दरों में बढ़ोतरी की है। विश्वविद्यालय की कार्यकारिणी परिषद ने समिति की सिफारिशों पर 8 अक्तूबर को प्रस्ताव पास किया गया था, जिसके तहत मानदेय बढ़ाने का निर्णय लिया था। इस संबंध में विश्वविद्यालय की ओर से अधिसूचना जारी की गई है।
इसके अनुसार नेट, पीएचडी या एमटेक की योग्यता रखने वाले पात्र उम्मीदवारों को प्रति लेक्चर 1000 रुपये मानदेय दिया जाएगा। इनके लिए अधिकतम मासिक मानदेय 45 हजार रुपये निर्धारित किया गया है। वहीं, नेट या पीएचडी की योग्यता नहीं रखने वाले उम्मीदवारों को प्रति लेक्चर 750 रुपये मिलेंगे। इनके लिए अधिकतम मासिक मानदेय 35 हजार रुपये तय किया गया है।
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विश्वविद्यालय ने पेड और अनपेड रिसर्च स्कॉलर्स के मानदेय की दर भी निर्धारित की है। इन्हें एक घंटे की अवधि के प्रति पीरियड के लिए 500 रुपये दिए जाएंगे। अधिसूचना के मुताबिक, रिसर्च स्कॉलर्स को उनके नियमित शोध कार्य के साथ प्रति सप्ताह चार से छह घंटे तक शिक्षण कार्यभार दिया जा सकता है। हालांकि, पेड रिसर्च स्कॉलर्स को अपने ही विभाग में प्रति सप्ताह चार घंटे तक शिक्षण कार्य करने पर अलग से मानदेय नहीं दिया जाएगा, यदि यह व्यवस्था कार्यकारिणी परिषद की ओर से पहले ही स्वीकृत है। केयू में करीब 138 पार्ट टाइम शिक्षक अपनी सेवाएं दे रहे है। जिनके मानदेय में अब बढ़ोतरी हुई है।
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केयू के जन संपर्क विभाग के निदेशक महासिंह पूनिया का कहना है कि पार्ट टाइम शिक्षकों की काफी लंबे समय से मांग थी जिसे केयू द्वारा पूरा कर दिया गया है।