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Kurukshetra News: नपा अध्यक्ष के विरोध में उतरे पूर्व प्रधान व कई पार्षद, उठाया पार्क की लाइब्रेरी का मुद्दा
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शाहाबाद। बजट बैठक का मामला अभी थमा भी नहीं कि नगरपालिका प्रधान प्रधान के खिलाफ अब कुछ और पार्षद उतर आए हैं, जिन्होंने भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं जबकि नगरपालिका प्रधान गुलशन कवात्रा ने इन्हें नकार दिया है। पूर्व नगरपालिका प्रधान हरीश कवात्रा की अगुवाई में पार्षद सुनील बतरा, पंकज सिंगला, विजय कलसी, पार्षद प्रतिनिधि परमजीत सिंह तनेजा, अजय तुषार एवं पूर्व नगरपालिका प्रधान डॉ. सुरेंद्र शर्मा ने पत्रकारों से चर्चा में मुख्य रूप से जगदीश कालड़ा पार्क की लाइब्रेरी का मुद्दा उठाया गया।
हरीश कवात्रा ने आरटीआई के माध्यम से हासिल की जानकारी को आधार बनाते हुए बताया कि 20 अक्तूबर 2022 को उन्होंने जगदीश पार्क के बाहर एक दुकानदार द्वारा उसकी दुकान के पीछे लगती नगर पालिका की शहीद जगदीश चंद्र कालड़ा पार्क की लाइब्रेरी की दुकान को अंदर से तोड़कर कब्जा करने का मुद्दा उठाया था। शिकायत दिए जाने के दो दिन बाद ही नगरपालिका प्रधान ने कब्जा करने वाले दुकानदार को केवल दिखावे के लिए दुकान का आकार बदलने का नोटिस दिया। उस समय नगरपालिका द्वारा दुकानदार पर कानूनी कार्रवाई करने की बात की गई थी, लेकिन कानूनी कार्रवाई करना तो दूर नगरपालिका प्रधान ने आठ नवंबर 2022 को नगरपालिका की हाउस की बैठक में पार्षदों के चले जाने के बाद एजेंडे में दर्शायी गई अन्य मदों की एवज में लाइब्रेरी की दुकान उस दुकानदार को अलॉट कर दी।
हरीश कवात्रा ने बताया कि इस लाइब्रेरी की दुकान का मुद्दा लेकर वे स्वयं उपायुक्त के पास गए तथा उपायुक्त के आदेशों से वह अलॉटमेंट रद्द हुई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री स्वामित्व योजना के अंतर्गत नपा की दुकानों की रजिस्ट्रियां बेची गई। उन्होंने कहा कि जितनी भी रजिस्ट्रियां की गई उनके लिए लाखों रुपये हड़प लिए गए। अनेक ऐसे दुकानदार हैं जिन्होंने रजिस्ट्री करवाने के लिए लाखों रुपए रिश्वत दी है और वे सभी दुकानदार एफिडेविट देने को तैयार हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके दफ्तर के नजदीक एक दुकानदार को मलबा फीस के नाम पर एक लाख 40 हजार रुपए लेकर रजिस्ट्री करवाने की बात नगर पालिका ने की है। जिसके लिए नगरपालिका द्वारा उस दुकानदार को एक लाख 40 हजार रुपए की रसीद भी दी गई। बाद में आरटीआई मांगने पर साफ हुआ कि नगरपालिका द्वारा ऐसी कोई रसीद जारी ही नहीं की गई। पत्रकार वार्ता में पूर्व नगरपालिका प्रधान डॉ. सुरेंद्र शर्मा सिंधी ने बताया कि शहीद जगदीश चंद्र कालड़ा पार्क की लाइब्रेरी उनके कार्यकाल में बनी थी, लेकिन अब इस पर कब्जा कराया जा रहा है।
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लगाए जा रहे आरोप बेबुनियाद, करेंगे कार्रवाई : गुलशन कवात्रा
नपा प्रधान गुलशन कवात्रा ने सभी आरोप बेबुनियाद बताए और कहा कि जगदीश पार्क लाइब्रेरी कमरा मामले में अगर रसीदें कोई काट रहा है तो वह नपा प्रशासन स्टाफ ही है, इसलिए उस मामले में सीबीआई जांच की मांग होनी चाहिए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधान केवल वाहवाही लूटने के लिए नौ लाख की रकम लिए जाने का आरोप लगा रहे हैं, जिसे सहन नहीं किया जाएगा और वे कानूनी कार्रवाई कराएंगे। विपक्षी पार्षदों को चाहिए कि जो नप के कार्यों को लेकर भ्रष्टाचार कर रहा है, उसके खिलाफ जरूर कार्रवाई कराई जानी चाहिए। उन्होंने न कोई रसीद काटी है और न हीं ऐसे कोई आदेश दिए।
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हरीश कवात्रा ने आरटीआई के माध्यम से हासिल की जानकारी को आधार बनाते हुए बताया कि 20 अक्तूबर 2022 को उन्होंने जगदीश पार्क के बाहर एक दुकानदार द्वारा उसकी दुकान के पीछे लगती नगर पालिका की शहीद जगदीश चंद्र कालड़ा पार्क की लाइब्रेरी की दुकान को अंदर से तोड़कर कब्जा करने का मुद्दा उठाया था। शिकायत दिए जाने के दो दिन बाद ही नगरपालिका प्रधान ने कब्जा करने वाले दुकानदार को केवल दिखावे के लिए दुकान का आकार बदलने का नोटिस दिया। उस समय नगरपालिका द्वारा दुकानदार पर कानूनी कार्रवाई करने की बात की गई थी, लेकिन कानूनी कार्रवाई करना तो दूर नगरपालिका प्रधान ने आठ नवंबर 2022 को नगरपालिका की हाउस की बैठक में पार्षदों के चले जाने के बाद एजेंडे में दर्शायी गई अन्य मदों की एवज में लाइब्रेरी की दुकान उस दुकानदार को अलॉट कर दी।
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हरीश कवात्रा ने बताया कि इस लाइब्रेरी की दुकान का मुद्दा लेकर वे स्वयं उपायुक्त के पास गए तथा उपायुक्त के आदेशों से वह अलॉटमेंट रद्द हुई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री स्वामित्व योजना के अंतर्गत नपा की दुकानों की रजिस्ट्रियां बेची गई। उन्होंने कहा कि जितनी भी रजिस्ट्रियां की गई उनके लिए लाखों रुपये हड़प लिए गए। अनेक ऐसे दुकानदार हैं जिन्होंने रजिस्ट्री करवाने के लिए लाखों रुपए रिश्वत दी है और वे सभी दुकानदार एफिडेविट देने को तैयार हैं। उन्होंने दावा किया कि उनके दफ्तर के नजदीक एक दुकानदार को मलबा फीस के नाम पर एक लाख 40 हजार रुपए लेकर रजिस्ट्री करवाने की बात नगर पालिका ने की है। जिसके लिए नगरपालिका द्वारा उस दुकानदार को एक लाख 40 हजार रुपए की रसीद भी दी गई। बाद में आरटीआई मांगने पर साफ हुआ कि नगरपालिका द्वारा ऐसी कोई रसीद जारी ही नहीं की गई। पत्रकार वार्ता में पूर्व नगरपालिका प्रधान डॉ. सुरेंद्र शर्मा सिंधी ने बताया कि शहीद जगदीश चंद्र कालड़ा पार्क की लाइब्रेरी उनके कार्यकाल में बनी थी, लेकिन अब इस पर कब्जा कराया जा रहा है।
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लगाए जा रहे आरोप बेबुनियाद, करेंगे कार्रवाई : गुलशन कवात्रा
नपा प्रधान गुलशन कवात्रा ने सभी आरोप बेबुनियाद बताए और कहा कि जगदीश पार्क लाइब्रेरी कमरा मामले में अगर रसीदें कोई काट रहा है तो वह नपा प्रशासन स्टाफ ही है, इसलिए उस मामले में सीबीआई जांच की मांग होनी चाहिए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधान केवल वाहवाही लूटने के लिए नौ लाख की रकम लिए जाने का आरोप लगा रहे हैं, जिसे सहन नहीं किया जाएगा और वे कानूनी कार्रवाई कराएंगे। विपक्षी पार्षदों को चाहिए कि जो नप के कार्यों को लेकर भ्रष्टाचार कर रहा है, उसके खिलाफ जरूर कार्रवाई कराई जानी चाहिए। उन्होंने न कोई रसीद काटी है और न हीं ऐसे कोई आदेश दिए।