{"_id":"6a38504d04b15fc5d905f33c","slug":"earrings-bangles-and-rings-removed-before-neet-exam-parents-express-displeasure-kurukshetra-news-c-45-1-kur1010-156669-2026-06-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: नीट परीक्षा से पहले उतरवाईं बालियां, कड़े और अंगूठियां, अभिभावकों ने जताई नाराजगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: नीट परीक्षा से पहले उतरवाईं बालियां, कड़े और अंगूठियां, अभिभावकों ने जताई नाराजगी
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। मेडिकल कॉलेज में दाखिले के लिए नीट परीक्षा रविवार को जिले के पांच केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच हुई। परीक्षा से ज्यादा चर्चा केंद्रों के बाहर हुई सख्त जांच की रही। कई महिला अभ्यर्थियों को प्रवेश से पहले अपने जेवर उतारने पड़े।
इनमें बालियां, कड़े, अंगूठियां और छल्ले शामिल थे। सिख अभ्यर्थियों की पगड़ी की भी गहन जांच की गई। कुछ जगहों पर अभिभावकों और ड्यूटी स्टाफ के बीच बहस भी हुई। सुबह 11 बजे से ही केंद्रों पर अभ्यर्थियों की लंबी कतारें लग गई थीं। अभिभावकों ने पिछली 10 मई की परीक्षा में ऐसी सख्ती न होने की बात कही। उन्होंने कहा कि इस तरह की जांच से बच्चों का तनाव और बढ़ गया। कई अभ्यर्थियों को जांच प्रक्रिया के कारण गेट पर अधिक समय तक इंतजार करना पड़ा।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी के दिशा-निर्देश के अनुसार सभी अभ्यर्थियों की जांच गई है। प्रशासन का कहना है कि परीक्षा को नकलमुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए निर्धारित नियमों का पालन करना जरूरी है। जिले में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, एनआईटी, केंद्रीय विद्यालय मथाना और यूआईईटी केंद्रों पर परीक्षा हुई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया संपन्न कराई गई।
विज्ञापन
परीक्षा केंद्रों पर देर से पहुंचे परीक्षार्थी, स्टाफ ने दी आखिरी समय पर एंट्री
कई परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थी निर्धारित समय से विलंब से पहुंचे। इस कारण उनकी परीक्षा में एंट्री को लेकर असमंजस की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। हालांकि, परीक्षा केंद्रों पर मौजूद स्टाफ ने परीक्षार्थियों के प्रति उदारता दिखाई। उन्होंने कई बच्चों को परीक्षा में प्रवेश की अनुमति दे दी। कुछ परीक्षार्थी तो केवल एक-एक मिनट की देरी से पहुंचे थे। स्टाफ ने ऐसे सभी परीक्षार्थियों को भी परीक्षा देने का अवसर प्रदान किया। वहीं, कुछ अन्य परीक्षार्थी काफी दूर-दराज के इलाकों से आए थे। वे आखिरी समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के लिए भागते हुए आए। स्टाफ के सहयोग और समझदारी से सभी परीक्षार्थी अपनी परीक्षा में शामिल हो सके।
विज्ञापन
इनमें बालियां, कड़े, अंगूठियां और छल्ले शामिल थे। सिख अभ्यर्थियों की पगड़ी की भी गहन जांच की गई। कुछ जगहों पर अभिभावकों और ड्यूटी स्टाफ के बीच बहस भी हुई। सुबह 11 बजे से ही केंद्रों पर अभ्यर्थियों की लंबी कतारें लग गई थीं। अभिभावकों ने पिछली 10 मई की परीक्षा में ऐसी सख्ती न होने की बात कही। उन्होंने कहा कि इस तरह की जांच से बच्चों का तनाव और बढ़ गया। कई अभ्यर्थियों को जांच प्रक्रिया के कारण गेट पर अधिक समय तक इंतजार करना पड़ा।
विज्ञापन
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी के दिशा-निर्देश के अनुसार सभी अभ्यर्थियों की जांच गई है। प्रशासन का कहना है कि परीक्षा को नकलमुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए निर्धारित नियमों का पालन करना जरूरी है। जिले में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, एनआईटी, केंद्रीय विद्यालय मथाना और यूआईईटी केंद्रों पर परीक्षा हुई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया संपन्न कराई गई।
विज्ञापन
परीक्षा केंद्रों पर देर से पहुंचे परीक्षार्थी, स्टाफ ने दी आखिरी समय पर एंट्री
कई परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थी निर्धारित समय से विलंब से पहुंचे। इस कारण उनकी परीक्षा में एंट्री को लेकर असमंजस की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। हालांकि, परीक्षा केंद्रों पर मौजूद स्टाफ ने परीक्षार्थियों के प्रति उदारता दिखाई। उन्होंने कई बच्चों को परीक्षा में प्रवेश की अनुमति दे दी। कुछ परीक्षार्थी तो केवल एक-एक मिनट की देरी से पहुंचे थे। स्टाफ ने ऐसे सभी परीक्षार्थियों को भी परीक्षा देने का अवसर प्रदान किया। वहीं, कुछ अन्य परीक्षार्थी काफी दूर-दराज के इलाकों से आए थे। वे आखिरी समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के लिए भागते हुए आए। स्टाफ के सहयोग और समझदारी से सभी परीक्षार्थी अपनी परीक्षा में शामिल हो सके।