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ंदिग्ध परिस्थितियों में युवक की मौत
Updated Wed, 06 Jun 2018 12:33 AM IST
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ससुराल में युवक की मौत, परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, शव रोड पर रखकर किया जाम
अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद।
स्टेशन माजरी निवासी सचिन की संदिग्ध परिस्थिति में मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाया और जीटी रोड पर शव रखकर 20 मिनट तक यातायात बाधित कर दिया। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान दिल्ली-अंबाला नेशनल हाईवे प्रभावित रहा। परिजनों ने चेतावनी दी कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं होगा। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मलकीत सिंह और अन्य पुलिस कर्मियों ने लोगों को शांत करवाया और जीटी रोड से शव उठाकर जाम खोलने के लिए राजी किया। इसके पश्चात ही जीटी रोड पर यातायात सुचारू रूप से शुरू हो सका।
सचिन की माता अंग्रेजो देवी व पिता रामकुमार ने बताया कि उनका बेटा सोमवार शाम को 6 बजे तक बिल्कुल ठीक था। इन्होंने बताया कि उनके पुत्र सचिन की शादी उगाला निवासी जसविंद्र से हुई थी। सोमवार को सचिन ससुराल उगाला गया था। उनके मुताबिक रात को उनके पास उगाला से फोन आया कि उनका बेटा घायल हो गया है और जल्द उगाला पहुंचें। जब वह उगाला पहुंचने वाले थे कि रास्ते में फिर उनके पास फोन आया कि सचिन को शाहाबाद के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दाखिल कराया गया है, वहीं पर पहुंचे। जब वह शाहाबाद पहुंचे तो उन्हें फोन आया कि सचिन को एलएनजेपी कुरुक्षेत्र ले जाया जा रहा है। शाहाबाद की बजाय कुरुक्षेत्र पहुंचो। इस पर जब वह एलएनजेपी कुरुक्षेत्र पहुंचे तो वहां पर कोई भी मौजूद नहीं था। डॉक्टरों ने घायल सचिन को चंडीगढ़ रेफर कर दिया था, लेकिन परिजन उसे एक प्राइवेट अस्पताल में ले गए। जहां पर उसकी मौत हो गई।
सचिन की माता अंग्रेजों देवी ने बताया कि वह देर रात तक अस्पताल में मौजूद रही, लेकिन कोई भी कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस के इस रवैये के खिलाफ उत्तेजित भीड़ ने शव को स्टेशन माजरी से ले जाकर थाने के सामने रख दिया और रोड को जाम कर दिया। इसी बीच कुछ युवक शव को लेकर नेशनल हाईवे पुल पर पहुंच गए। दोनों ओर जाम लगा दिया। इसकी जानकारी मिलते ही डीएसपी जगदीश राय मौके पर पहुंचे और गुस्साए लोगों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस प्रशासन के समझाने के साथ हर संभव कार्रवाई का आश्वासन मिलने पर परिजनों ने जाम खोला।
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पति-पत्नी में चल रहा था मनमुटाव, साढू़ू के साथ उगाला चली गई थी पत्नी
मृतक के माता-पिता ने बताया कि बेटे का बहू से मनमुटाव चल रहा था। सचिन का साढू मोंटी बहू को कुछ दिन पहले उगाला ले गया था। इसके बाद से बहू उगाला में रह रही थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि उनके पुत्र सचिन की मोटरसाइकिल और मोबाइल भी नहीं मिल रहे, जो आरोपियों ने गायब कर दिए हैं।
क्या कहते हैं थाना प्रभारी
जब इस बारे में बराडा के थाना प्रभारी कर्ण सिंह राणा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि राजकुमार की शिकायत पर मृतक की पत्नी जसविंद्र व मोंटी के खिलाफ जान देेने के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा।
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अमर उजाला ब्यूरो
शाहाबाद।
स्टेशन माजरी निवासी सचिन की संदिग्ध परिस्थिति में मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाया और जीटी रोड पर शव रखकर 20 मिनट तक यातायात बाधित कर दिया। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान दिल्ली-अंबाला नेशनल हाईवे प्रभावित रहा। परिजनों ने चेतावनी दी कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं होगा। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मलकीत सिंह और अन्य पुलिस कर्मियों ने लोगों को शांत करवाया और जीटी रोड से शव उठाकर जाम खोलने के लिए राजी किया। इसके पश्चात ही जीटी रोड पर यातायात सुचारू रूप से शुरू हो सका।
सचिन की माता अंग्रेजो देवी व पिता रामकुमार ने बताया कि उनका बेटा सोमवार शाम को 6 बजे तक बिल्कुल ठीक था। इन्होंने बताया कि उनके पुत्र सचिन की शादी उगाला निवासी जसविंद्र से हुई थी। सोमवार को सचिन ससुराल उगाला गया था। उनके मुताबिक रात को उनके पास उगाला से फोन आया कि उनका बेटा घायल हो गया है और जल्द उगाला पहुंचें। जब वह उगाला पहुंचने वाले थे कि रास्ते में फिर उनके पास फोन आया कि सचिन को शाहाबाद के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में दाखिल कराया गया है, वहीं पर पहुंचे। जब वह शाहाबाद पहुंचे तो उन्हें फोन आया कि सचिन को एलएनजेपी कुरुक्षेत्र ले जाया जा रहा है। शाहाबाद की बजाय कुरुक्षेत्र पहुंचो। इस पर जब वह एलएनजेपी कुरुक्षेत्र पहुंचे तो वहां पर कोई भी मौजूद नहीं था। डॉक्टरों ने घायल सचिन को चंडीगढ़ रेफर कर दिया था, लेकिन परिजन उसे एक प्राइवेट अस्पताल में ले गए। जहां पर उसकी मौत हो गई।
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सचिन की माता अंग्रेजों देवी ने बताया कि वह देर रात तक अस्पताल में मौजूद रही, लेकिन कोई भी कार्रवाई नहीं हुई। पुलिस के इस रवैये के खिलाफ उत्तेजित भीड़ ने शव को स्टेशन माजरी से ले जाकर थाने के सामने रख दिया और रोड को जाम कर दिया। इसी बीच कुछ युवक शव को लेकर नेशनल हाईवे पुल पर पहुंच गए। दोनों ओर जाम लगा दिया। इसकी जानकारी मिलते ही डीएसपी जगदीश राय मौके पर पहुंचे और गुस्साए लोगों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस प्रशासन के समझाने के साथ हर संभव कार्रवाई का आश्वासन मिलने पर परिजनों ने जाम खोला।
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पति-पत्नी में चल रहा था मनमुटाव, साढू़ू के साथ उगाला चली गई थी पत्नी
मृतक के माता-पिता ने बताया कि बेटे का बहू से मनमुटाव चल रहा था। सचिन का साढू मोंटी बहू को कुछ दिन पहले उगाला ले गया था। इसके बाद से बहू उगाला में रह रही थी। परिजनों ने आरोप लगाया कि उनके पुत्र सचिन की मोटरसाइकिल और मोबाइल भी नहीं मिल रहे, जो आरोपियों ने गायब कर दिए हैं।
क्या कहते हैं थाना प्रभारी
जब इस बारे में बराडा के थाना प्रभारी कर्ण सिंह राणा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि राजकुमार की शिकायत पर मृतक की पत्नी जसविंद्र व मोंटी के खिलाफ जान देेने के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। जल्द ही आरोपियों को काबू कर लिया जाएगा।