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पोक्सो एक्ट के तहत दोषी को अदालत ने सुनाई 20 साल कठोर कारावास की सजा
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कुरुक्षेत्र। अदालत ने चार माह पहले बुआ के घर आई नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी पर 50 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न भरने पर उसे छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। ये मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चल रहा था। अदालत ने सुनवाई के बाद आरोपी को पोक्सो एक्ट के तहत को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई।
जिला उप न्यायवादी भूपेंद्र कुमार ने बताया कि 2 जुलाई को थाना केयूके पुलिस थाने को सौंपी शिकायत में एक नाबालिग लड़की ने बताया था कि वह 15 दिन से अपनी बुआ के घर पर रह रही थी। 2 जुलाई को बुआ मजदूरी करने चली गई थी। इसके बाद पड़ोस में रहने वाला सिकंदर घर में घुस आया और उसे अकेली पाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। शोर मचाने पर उसका फूफा मौके पर पहुंचा तो आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने नाबालिग की शिकायत पर पोक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज करके इसकी जांच महिला उप निरीक्षक प्रवीण कौर को सौंप दी थी। दो दिन बाद 4 जुलाई को पुलिस ने आरोपी सिकंदर को गिरफ्तार करके अदालत के आदेश पर उसे जेल भेज दिया था।
इसके बाद पुलिस ने मामले का चालान अदालत में पेश किया था। मामले की नियमित सुनवाई फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट में करते हुए 10 नवंबर को अतिरिक्त जिला एवं सेशन न्यायाधीश मनीष दुआ की अदालत ने गवाह व सबूतों के आधार पर आरोपी सिकंदर को दोषी करार देते हुए पोक्सो अधिनियम की धारा 4 (2) के तहत 20 साल कठोर कारावास व 50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने की सूरत में दोषी को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
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जिला उप न्यायवादी भूपेंद्र कुमार ने बताया कि 2 जुलाई को थाना केयूके पुलिस थाने को सौंपी शिकायत में एक नाबालिग लड़की ने बताया था कि वह 15 दिन से अपनी बुआ के घर पर रह रही थी। 2 जुलाई को बुआ मजदूरी करने चली गई थी। इसके बाद पड़ोस में रहने वाला सिकंदर घर में घुस आया और उसे अकेली पाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। शोर मचाने पर उसका फूफा मौके पर पहुंचा तो आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने नाबालिग की शिकायत पर पोक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज करके इसकी जांच महिला उप निरीक्षक प्रवीण कौर को सौंप दी थी। दो दिन बाद 4 जुलाई को पुलिस ने आरोपी सिकंदर को गिरफ्तार करके अदालत के आदेश पर उसे जेल भेज दिया था।
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इसके बाद पुलिस ने मामले का चालान अदालत में पेश किया था। मामले की नियमित सुनवाई फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट में करते हुए 10 नवंबर को अतिरिक्त जिला एवं सेशन न्यायाधीश मनीष दुआ की अदालत ने गवाह व सबूतों के आधार पर आरोपी सिकंदर को दोषी करार देते हुए पोक्सो अधिनियम की धारा 4 (2) के तहत 20 साल कठोर कारावास व 50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने की सूरत में दोषी को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
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