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Kurukshetra: हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी प्रधान पद का विवाद गहराया, झींडा बोले-कानूनन मैं ही प्रधान
Fri, 14 Oct 2022 03:25 PM IST
निवेदिता वर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Fri, 14 Oct 2022 03:25 PM IST
सार
झींडा ने कहा कि अलग कमेटी को लेकर आंदोलन के दौरान प्रदेशभर की संगत ने बड़ी मुश्किलों का सामना किया और अब सुप्रीम कोर्ट ने उनकी मांग पूरी की है तो सम्मान करना हमारा कर्तव्य है। इसके लिए गुरुद्वारा छठी पातशाही में 23 अक्टूबर को संगत शुकराना समागम आयोजित किया जा रहा है।
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कुरुक्षेत्र पहुंचे जगदीश सिंह झींडा।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।
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विस्तार
सुप्रीम कोर्ट के हरियाणा में अलग कमेटी के निर्णय के बाद से हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान पद को लेकर छिड़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। जहां बलजीत सिंह दादूवाल खुद का प्रधान घोषित कर चुके हैं तो वहीं कुछ ही दिनों पहले अमरेंद्र सिंह अरोड़ा ने भी करनाल में कमेटी सदस्यों द्वारा उन्हें प्रधान बनाए जाने का दावा किया था।
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इसी बीच शुक्रवार को जगदीश सिंह झींडा कुरुक्षेत्र में गुरुद्वारा छठी पातशाही पहुंचे। झींडा ने कहा कि वही कानूनी तौर पर हरियाणा गुरुद्वारा सिख प्रबंधक कमेटी के प्रधान हैं। उन्होंने पत्रकारों को दस्तावेज दिखाते हुए दावा किया कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के तीन वरिष्ठ अधिवक्ताओं द्वारा पूरे मामले की गहनता से जांच के बाद राय दी गई है कि वही कानूनन प्रधान है। ऐसे में दादूवाल साबित कर दिखाएं कि वह खुद को कैसे प्रधान मान रहे हैं। उन्होंने दादूवाल को खुली चेतावनी दी कि वह प्रदेश ही नहीं देश की संगत के बीच मतदान करवाकर देखें।
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झींडा ने कहा कि दादूवाल ओछी हरकतों पर उतर रहे हैं और उनके बारे में गलत बयानबाजी कर रहे हैं। अगर उन्होंने पोल खोली तो उनके लिए बड़ी मुश्किल खड़ी हो जाएगी। दूसरे पर लांछन लगाने से पहले दादूवाल खुद को देखें। अलग कमेटी को लेकर आंदोलन के दौरान प्रदेशभर की संगत ने बड़ी मुश्किलों का सामना किया और अब सुप्रीम कोर्ट ने उनकी मांग पूरी की है तो सम्मान करना हमारा कर्तव्य है। इसके लिए गुरुद्वारा छठी पातशाही में 23 अक्टूबर को संगत शुकराना समागम आयोजित किया जा रहा है। इसमें बलजीत सिंह दादूवाल, अमरेंद्र सिंह अरोड़ा समेत सभी सदस्यों और प्रदेश की संगत को आमंत्रित किया जाएगा। शनिवार को कैथल के गुरुद्वारा नीम साहिब में कमेटी के सभी 33 सदस्यों की मीटिंग भी है जिस में भी इस समारोह को लेकर न्योता दिया जाएगा। इस बैठक में भी हाईकोर्ट के तीन वरिष्ठ वकीलों द्वारा दी गई राय को सांझा किया जाएगा।
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