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Kurukshetra News: 10 साल से सूनी थी कोख, आयुर्वेदिक उपचार से पूरा हुआ मां बनने का सपना
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कुरुक्षेत्र। दस साल तक संतान की प्रतीक्षा कर रही एक महिला के घर आखिरकार किलकारी गूंज उठी। वर्षों के महंगे उपचारों से राहत न मिलने पर महिला ने श्रीकृष्ण आयुष विश्वविद्यालय में आयुर्वेदिक उपचार लिया। उपचार के बाद जनवरी 2026 में उसने गर्भधारण किया और सितंबर के अंत में स्वस्थ पुत्र को जन्म दिए।
महिला ने 10 मई 2025 को पहली बार चिकित्सकीय परामर्श लिया था। जांच में उसकी दाईं फैलोपियन ट्यूब में अवरोध पाया गया। उसे मासिक धर्म में अनियमितता समेत प्रजनन संबंधी अन्य परेशानियां भी थीं। महिला ने बताया कि वह करीब दस वर्षों से संतान प्राप्ति के लिए प्रयास कर रही थी। इससे पहले कई जगह महंगे उपचार कराने के बावजूद उसे सफलता नहीं मिली थी। आयुष विश्वविद्यालय में विस्तृत मूल्यांकन के बाद उपचार प्रक्रिया शुरू की गई। अपने बच्चे को गोद में लेने का सपना पूरा होना उसके लिए किसी चमत्कार से कम नहीं है।
आयुर्वेदिक औषधियों और पंचकर्म से मिला लाभ : डॉ. सुनीति
डॉ. सुनीति तंवर ने बताया कि आयुर्वेदिक औषधियों के साथ पंचकर्म की प्रक्रियाएं शामिल की गईं। चिकित्सकीय मार्गदर्शन में उत्तर बस्ती और नस्य जैसी प्रक्रियाएं कराई गईं। उपचार के दौरान महिला की स्थिति पर लगातार नजर रखी गई। करीब आठ माह बाद 7 जनवरी 2026 को महिला ने गर्भधारण किया। नौ माह की गर्भावस्था के बाद सितंबर के अंत में उसने स्वस्थ पुत्र को जन्म दिए।
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महिला ने 10 मई 2025 को पहली बार चिकित्सकीय परामर्श लिया था। जांच में उसकी दाईं फैलोपियन ट्यूब में अवरोध पाया गया। उसे मासिक धर्म में अनियमितता समेत प्रजनन संबंधी अन्य परेशानियां भी थीं। महिला ने बताया कि वह करीब दस वर्षों से संतान प्राप्ति के लिए प्रयास कर रही थी। इससे पहले कई जगह महंगे उपचार कराने के बावजूद उसे सफलता नहीं मिली थी। आयुष विश्वविद्यालय में विस्तृत मूल्यांकन के बाद उपचार प्रक्रिया शुरू की गई। अपने बच्चे को गोद में लेने का सपना पूरा होना उसके लिए किसी चमत्कार से कम नहीं है।
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आयुर्वेदिक औषधियों और पंचकर्म से मिला लाभ : डॉ. सुनीति
डॉ. सुनीति तंवर ने बताया कि आयुर्वेदिक औषधियों के साथ पंचकर्म की प्रक्रियाएं शामिल की गईं। चिकित्सकीय मार्गदर्शन में उत्तर बस्ती और नस्य जैसी प्रक्रियाएं कराई गईं। उपचार के दौरान महिला की स्थिति पर लगातार नजर रखी गई। करीब आठ माह बाद 7 जनवरी 2026 को महिला ने गर्भधारण किया। नौ माह की गर्भावस्था के बाद सितंबर के अंत में उसने स्वस्थ पुत्र को जन्म दिए।
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