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Kurukshetra News: मौसी के नाम पर 39.50 लाख का फर्जी तरीके से ले लिया लोन
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संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। एक मजदूर महिला के नाम पर साढ़े 39 लाख का फर्जी तरीके से लोन लिए जाने का मामला सामने आया है, इसके आरोप पीड़िता की बहन व उसके बेटों पर ही लगे हैं जबकि बैंक कर्मी की भी मिलीभगत होने की आशंका जताई गई है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चक्रवर्ती मोहल्ला की रहने वाली एक मजदूर महिला रानी देवी ने पुलिस में दर्ज कराई शिकायत में आरोप लगाते हुए बताया कि उसने अपनी बहन कमलेश से केवल 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता मांगी थी। इस पर उसने कहा मेरे बेटे तुम्हें लोन दिलवा देंगे। अजय व विजय ने मौसी को झांसे में लेते हुए प्रधानमंत्री जन-धन योजना का नाम लेकर लोन दिलवाने की बात कही परंतु बाद में दोनों ने एआईएफ (कृषि अवसंरचना निधि) योजना के तहत मौसी के नाम पर उक्त रकम का लोन पास करवा लिया।
रानी ने बताया कि वह अपनी बहन व उसके लड़कों की बातों में आ गई और अपने दस्तावेज देकर कुरुक्षेत्र शाखा में साथ चलने को बोला, लेकिन अजय ने कहा कि उनका जानकार पिहाेवा एसबीआई शाखा में है, इसके बाद उसे बैंक ले गए और उसका बैंककर्मी से मिलकर नया खाता खुलवाया और उनके व उनके पति के सारे कागजात अपने पास रख लिए। दोबारा जाकर बैंककर्मी के साथ मिलकर कई दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए लिए गए, फिर भी 50 हजार रुपये नहीं मिले परंतु चारों ने मिलकर नए खाते में लोन करवाने के लिए आठ रुपये नकद डाले। बाद में दस्तावेजों पर कुल 39.50 लाख रुपये का कृषि लोन पास करवाया। इस राशि को स्कीम के तहत कृषि यंत्र बेचने वाले दुकानदार के खाते में डलवा दिया गया और उससे ट्रैक्टर और अन्य कृषि यंत्र खरीदे। रानी को इसकी भनक तक नहीं लगने दी।
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इसका खुलासा तब हुआ जब पति जगदीश के मोबाइल पर बैंक से लोन की किश्त और ब्याज के भुगतान का मैसेज आया, तभी बैंक में संपर्क किया, लेकिन बैंक कर्मी ने स्टेटमेंट देने में आनाकानी की। बार-बार आग्रह के बाद जब स्टेटमेंट मिली तो पता चला कि उनके नाम पर 39.50 लाख का लोन है, व कुल 47.50 लाख रुपये का भुगतान एक कृषि यंत्र बेचने वाली फर्म को किया गया है। यह जानकर पैरों तले जमीन खिसक गई, क्योंकि उन्होंने न तो इतना बड़ा लोन लिया था और न ही कोई कृषि यंत्र खरीदा था। उधर थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस ने रानी की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है। जांच में पता चला कि महिला को झांसे में लेकर लोन पास करवाया था। बैंक कर्मी को भी पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया है और उसकी मिलीभगत की जांच की जा रही है।
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कुरुक्षेत्र। एक मजदूर महिला के नाम पर साढ़े 39 लाख का फर्जी तरीके से लोन लिए जाने का मामला सामने आया है, इसके आरोप पीड़िता की बहन व उसके बेटों पर ही लगे हैं जबकि बैंक कर्मी की भी मिलीभगत होने की आशंका जताई गई है। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चक्रवर्ती मोहल्ला की रहने वाली एक मजदूर महिला रानी देवी ने पुलिस में दर्ज कराई शिकायत में आरोप लगाते हुए बताया कि उसने अपनी बहन कमलेश से केवल 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता मांगी थी। इस पर उसने कहा मेरे बेटे तुम्हें लोन दिलवा देंगे। अजय व विजय ने मौसी को झांसे में लेते हुए प्रधानमंत्री जन-धन योजना का नाम लेकर लोन दिलवाने की बात कही परंतु बाद में दोनों ने एआईएफ (कृषि अवसंरचना निधि) योजना के तहत मौसी के नाम पर उक्त रकम का लोन पास करवा लिया।
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रानी ने बताया कि वह अपनी बहन व उसके लड़कों की बातों में आ गई और अपने दस्तावेज देकर कुरुक्षेत्र शाखा में साथ चलने को बोला, लेकिन अजय ने कहा कि उनका जानकार पिहाेवा एसबीआई शाखा में है, इसके बाद उसे बैंक ले गए और उसका बैंककर्मी से मिलकर नया खाता खुलवाया और उनके व उनके पति के सारे कागजात अपने पास रख लिए। दोबारा जाकर बैंककर्मी के साथ मिलकर कई दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए लिए गए, फिर भी 50 हजार रुपये नहीं मिले परंतु चारों ने मिलकर नए खाते में लोन करवाने के लिए आठ रुपये नकद डाले। बाद में दस्तावेजों पर कुल 39.50 लाख रुपये का कृषि लोन पास करवाया। इस राशि को स्कीम के तहत कृषि यंत्र बेचने वाले दुकानदार के खाते में डलवा दिया गया और उससे ट्रैक्टर और अन्य कृषि यंत्र खरीदे। रानी को इसकी भनक तक नहीं लगने दी।
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इसका खुलासा तब हुआ जब पति जगदीश के मोबाइल पर बैंक से लोन की किश्त और ब्याज के भुगतान का मैसेज आया, तभी बैंक में संपर्क किया, लेकिन बैंक कर्मी ने स्टेटमेंट देने में आनाकानी की। बार-बार आग्रह के बाद जब स्टेटमेंट मिली तो पता चला कि उनके नाम पर 39.50 लाख का लोन है, व कुल 47.50 लाख रुपये का भुगतान एक कृषि यंत्र बेचने वाली फर्म को किया गया है। यह जानकर पैरों तले जमीन खिसक गई, क्योंकि उन्होंने न तो इतना बड़ा लोन लिया था और न ही कोई कृषि यंत्र खरीदा था। उधर थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस ने रानी की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है। जांच में पता चला कि महिला को झांसे में लेकर लोन पास करवाया था। बैंक कर्मी को भी पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया है और उसकी मिलीभगत की जांच की जा रही है।