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सरपंच सस्पेंड
Updated Sat, 16 Jun 2018 11:29 PM IST
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कुरुक्षेत्र
उपायुक्त डॉ. एसएस फुलिया ने ग्राम पंचायत बाबैन के सरपंच को गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में तुरंत प्रभाव से सस्पेंड करने के आदेश जारी किए हैं। इतना ही नहीं बीडीपीओ बाबैन को विभिन्न स्कीमों व पंचायत फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके 15 दिनों के अंदर जांच रिपोर्ट सौंपने के भी आदेश दिए हैं। इन आदेशों में ग्राम पंचायत के बहुमत वाले पंच को तुरंत प्रभाव से ग्राम पंचायत का रिकार्ड सौंपने के लिए कहा गया है।
उपायुक्त डॉ. एसएस फुलिया ने शनिवार को देर सायं जारी आदेशों में कहा है कि बाबैन खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी ने 14 जून 2018 को ग्राम पंचायत बाबैन के फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके रिपोर्ट सौंपी थी कि ग्राम पंचायत के सरपंच द्वारा निर्धारित राशि से अधिक हस्त राशि रखकर गंभीर वित्तीय अनियमितताएं और ग्राम पंचायत फंड का दुरुपयोग किया गया है। इस रिपोर्ट में अप्रैल 2016, मई 2016, जून व जुलाई 2016, नवंबर 2016, जनवरी व फरवरी 2017, मार्च, अप्रैल, मई, जून, जुलाई, अगस्त, सिंतबर, अक्टूबर, नवंबर, दिसंबर से जनवरी 2018 तथा फरवरी से मार्च 2018 के फंड का दुरुपयोग किया है। इस रिपोर्ट के अनुसार अप्रैल व मई 2018 की पंचायत फंड की कैश बुक भी पूर्ण नहीं की गई है।
उपायुक्त के आदेशों में कहा कि बीडीपीओ की रिपोर्ट के अनुसार अप्रैल व मई में ग्राम पंचायत की शामलात भूमि की नीलामी लगभग 30 लाख की राशि का विवरण भी कैश बुक दर्ज नहीं किया गया है। इस प्रकार सरपंच ने 25 हजार से ज्यादा राशि को हस्तराशि के रूप में रखकर गंभीर वित्तीय अनियमितताएं बरतकर पंचायत के फंड को हानि पहुंचाई है। इसलिए बीडीपीओ की इस रिपोर्ट को जहम में रखते हुए सरपंच को अपने कर्तव्यों का समुचित निर्वहन न करते हुए गंभीर वित्तीय अनियमितताओं का दोषी होना पाया गया है। उपायुक्त ने पंचायती राज के कानून के अनुसार सरपंच को सस्पेंड करने के आदेश पारित किए है। उन्होंने बीडीपीओ को विभिन्न स्कीमों व पंचायत फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके 15 दिनों के अंदर जांच रिपोर्ट सौंपने के भी आदेश दिए है। इन आदेशों में ग्राम पंचायत के बहुमत वाले पंच को तुरंत प्रभाव से ग्राम पंचायत का रिकार्ड सौंपने के लिए कहा गया है।
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उपायुक्त डॉ. एसएस फुलिया ने ग्राम पंचायत बाबैन के सरपंच को गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में तुरंत प्रभाव से सस्पेंड करने के आदेश जारी किए हैं। इतना ही नहीं बीडीपीओ बाबैन को विभिन्न स्कीमों व पंचायत फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके 15 दिनों के अंदर जांच रिपोर्ट सौंपने के भी आदेश दिए हैं। इन आदेशों में ग्राम पंचायत के बहुमत वाले पंच को तुरंत प्रभाव से ग्राम पंचायत का रिकार्ड सौंपने के लिए कहा गया है।
उपायुक्त डॉ. एसएस फुलिया ने शनिवार को देर सायं जारी आदेशों में कहा है कि बाबैन खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी ने 14 जून 2018 को ग्राम पंचायत बाबैन के फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके रिपोर्ट सौंपी थी कि ग्राम पंचायत के सरपंच द्वारा निर्धारित राशि से अधिक हस्त राशि रखकर गंभीर वित्तीय अनियमितताएं और ग्राम पंचायत फंड का दुरुपयोग किया गया है। इस रिपोर्ट में अप्रैल 2016, मई 2016, जून व जुलाई 2016, नवंबर 2016, जनवरी व फरवरी 2017, मार्च, अप्रैल, मई, जून, जुलाई, अगस्त, सिंतबर, अक्टूबर, नवंबर, दिसंबर से जनवरी 2018 तथा फरवरी से मार्च 2018 के फंड का दुरुपयोग किया है। इस रिपोर्ट के अनुसार अप्रैल व मई 2018 की पंचायत फंड की कैश बुक भी पूर्ण नहीं की गई है।
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उपायुक्त के आदेशों में कहा कि बीडीपीओ की रिपोर्ट के अनुसार अप्रैल व मई में ग्राम पंचायत की शामलात भूमि की नीलामी लगभग 30 लाख की राशि का विवरण भी कैश बुक दर्ज नहीं किया गया है। इस प्रकार सरपंच ने 25 हजार से ज्यादा राशि को हस्तराशि के रूप में रखकर गंभीर वित्तीय अनियमितताएं बरतकर पंचायत के फंड को हानि पहुंचाई है। इसलिए बीडीपीओ की इस रिपोर्ट को जहम में रखते हुए सरपंच को अपने कर्तव्यों का समुचित निर्वहन न करते हुए गंभीर वित्तीय अनियमितताओं का दोषी होना पाया गया है। उपायुक्त ने पंचायती राज के कानून के अनुसार सरपंच को सस्पेंड करने के आदेश पारित किए है। उन्होंने बीडीपीओ को विभिन्न स्कीमों व पंचायत फंड के रिकार्ड का अवलोकन करके 15 दिनों के अंदर जांच रिपोर्ट सौंपने के भी आदेश दिए है। इन आदेशों में ग्राम पंचायत के बहुमत वाले पंच को तुरंत प्रभाव से ग्राम पंचायत का रिकार्ड सौंपने के लिए कहा गया है।
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