फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kurukshetra News ›   क्राफ्ट मेले में उमड़ी पयर्टकों की भीड़, शिल्पकारों के खिले चेहरे

क्राफ्ट मेले में उमड़ी पयर्टकों की भीड़, शिल्पकारों के खिले चेहरे

Sat, 25 Nov 2017 12:31 AM IST
Updated Sat, 25 Nov 2017 12:31 AM IST
विज्ञापन
क्राफ्ट मेले में उमड़ी पयर्टकों की भीड़, शिल्पकारों के खिले चेहरे
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

कुरुक्षेत्र।
अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव में ब्रह्मसरोवर पर लगे क्राफ्ट मेले में पर्यटकों की भीड़ बढ़ती जा रही है। यहां पर्यटक जमकर खरीददारी कर रहे हैं। साथ ही विभिन्न राज्यों के कलाकारों की प्रस्तुतियों का भी लुत्फ उठा रहे हैं। पर्यटकों की बढ़ती भीड़ से विभिन्न राज्यों से आए शिल्पकारों के चेहरे खिल उठे हैं। अन्य सामान के साथ खादी से बने कुर्ते, जैकेट, पठानी कुर्ते-पजामे भी पर्यटकों की पहली पसंद बने हुए हैं।
मेले में स्टाल नंबर 242 पर दिल्ली और मेरठ के कारीगरों के ये कपड़े मिल रहे हैं। स्टॉल के संचालक समीर ने बताया कि वह आए दिल्ली से है, लेकिन इन कपड़ों को मेरठ के कारीगरों ने भी तैयार किया है। यह उनका पुश्तैनी कार्य है। वे 28 साल के हैं। पूरे भारतवर्ष में लगने वाले अंतरराष्ट्रीय मेलों में जाकर वे खादी से बने कपड़े बेचते हैं। समीर ने बताया कि वे हर साल गीता महोत्सव में आते हैं। उनकी स्टॉल पर 200 रुपये से लेकर 600 रुपये तक के खादी के कपड़े हैं। खादी का कुर्ता, जैकेट और पजामे का सेट मात्र 1300 रुपये में खरीद सकते हैं। समीर ने बताया कि खादी के इन कपड़ों का रंग भी नहीं उतरता। उन्होंने बताया कि सबसे पहले वह खादी के कपडे़ को चरखे पर चढ़ाते है फिर इसकी तानी करते हैं। रोल को उठाकर खड्डी पर लगाना शुरू करते है। इसके बाद कपड़ा बुना जाता है। कुरुक्षेत्र के अलावा गोवा, उज्जैन, दिल्ली, ईलाहबाद, फरीदाबाद, पंजाब, राजस्थान आदि जगहों पर लगने वाले मेले में उन्होंने स्टॉल लगाए हैं।
विज्ञापन


विद्यार्थियों के आकर्षण का केंद्र बना मून बग्गी एग्जीबिशन सेंटर
टेक मंत्रा लैब द्वारा लगाए गए स्टाल नंबर 456 में मून बग्गी प्रोजेक्ट लगा है। यह बच्चों ने बनाया है। इस प्रोजेक्ट का उद्देश्य नासा द्वारा आयोजित सालाना अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता, नासा रोवर चैंलेज में हिस्सा लेना है। मून बग्गी प्रोजेक्ट के साथ बच्चों को अंतरिक्ष शिक्षा के लिए उत्साहित करने के लिए एस्ट्रोनॉट स्पेस सूट का कटआउट सेल्फी स्टेंड के तौर पर लगाया गया है। इसके साथ ही टेक मंत्रा लैब की पिछली चार साल की अंतरराष्ट्रीय उपलब्धियों की तस्वीरें भी प्रदर्शित की गई हैं। यह संस्था पिछले चार साल में तीन अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता आयोजित करती है। इसमें मून बग्गी इंटर वर्कशाप रसिया में आयोजित की जाती है। समर वर्कशॉप जर्मनी में आयोजित की जाती है। उसमें से चयनित विद्यार्थियों को अमेरिका में आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता, नासा रोवर चैलेंज में हिस्सा लेने का मौका मिलता है। कंपनी के निदेशक नवदीप सिंह ने बताया कि अगले साल हिस्सा लेने वाले छात्रों के लिए एप्लिकेशन प्रोसेस शुरू कर दिया गया है। जो भी विद्यार्थी इसमें हिस्सा लेना चाहता है, वो कंपनी की वेबसाइट पर ऑन लाइन आवेदन कर सकता है या फिर स्टाल पर जाकर अपना आवेदन कर सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed