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नगर परिषद का कारनामा
Updated Sat, 07 Jul 2018 12:44 AM IST
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पार्क की बाउंडरी वॉल बनी नहीं और लाखों का बिल कर दिया पास
नगर परिषद का कारनामा
- 7 वर्षों से नहीं हुई चारदीवारी, कागजों में चारदीवारी का हुआ बिल पास
- अधिकारियों को सौंपी शिकायत, मुख्यमंत्री को भी शिकायत करने की तैयारी
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। थानेसर नगरपरिषद द्वारा कागजों में ही वार्ड 22 के अंतर्गत प्रताप कॉलोनी स्थित एक पार्क की चारदीवारी बना दी गई। जिसके करीब सात लाख रुपये भी पास कर दिए गए। सात साल पहले हुए इस मामले के चलते आज तक भी पार्क की चारदीवारी नहीं बन पाई है जबकि पार्क बदहाल अवस्था में है। यह खुलासा कॉलोनीवासी एवं रिटायर्ड डीएसपी जगदीश चंद्र सैनी द्वारा आरटीआई के तहत ली गई जानकारी में हुआ है।
जगदीश चंद्र सैनी ने बताया कि कॉलोनी में उक्त पार्क के विकास हेतु 20 दिसंबर 2010 को टेंडर आमंत्रित किए गए थे। इस टेंडर के अनुसार पार्क में मिट्टी भराई, फुटपाथ व बाउंडरी वॉल का कार्य किया जाना प्रस्तावित था। इस कार्य की अनुमानित लागत 5 लाख रुपये तय की गई थी। उन्होंने 10 मई 2013 को नगरपरिषद थानेसर से आरटीआई के तहत इस पार्क के निर्माण पर किए गए खर्च की जानकारी मांगी थी। जवाब में उन्हें नगरपरिषद के जनसूचना एवं कार्यकारी अधिकारी की ओर से जो लिखित जानकारी दी गई, उसमें ये स्पष्ट किया गया कि 14 फरवरी 2012 को इस पार्क में मिट्टी भराई के कार्य पर 2 लाख 95 हजार, 338 रुपये खर्च किए गए। 30 नवंबर 2012 को पार्क में मिट्टी भराई, बाउंडरी वॉल, ग्रिल, गेट, फुटपाथ और रंगरोगन पर 4 लाख 95 हजार 518 रुपये खर्च किए गए। इस तरह इस पार्क पर कुल सात लाख 25 हजार 303 रुपये खर्च हुए। जगदीश चंद सैनी ने नगरपरिषद अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर आरोप लगाया कि आज सात वर्ष का समय गुजर जाने के बाद भी इस पार्क की कोई बाउंडरी वॉल नहीं है, बल्कि गली की तरफ एक दीवार बनी हुई है, जिसके बीच में पार्क का मुख्य द्वार बना हुआ है। इसके अलावा पार्क के तीनों तरफ मकानों की बैक लगती है। यानि पार्क की चारदीवारी आज तक नहीं की गई। जबकि टेंडर में बाउंडरी वॉल की जानी प्रस्तावित थी। बकायदा बाउंडरी वॉल का बिल भी पास किया जा चुका है। वहीं कॉलोनीवासी नरेंद्र जैन ने कहा कि उक्त मामले की जांच उच्चाधिकारियों द्वारा की जानी चाहिए ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके। साथ ही पार्क की बाउंडरी वॉल भी की जाए। उन्होंने कहा कि उक्त मामले की शिकायत वे मुख्यमंत्री और कैबिनेट मंत्री कविता जैन से भी करने की तैयारी कर चुके हैं।
मामले की पूरी जानकारी मेरे संज्ञान में नहीं : ईओ
नगर परिषद के ईओ बीएन भारती का कहना है कि आरटीआई से जानकारी कॉलोनी वासी जगदीश चंद्र सैनी ने ली है ,जो रिटायर्ड डीएसपी हैं। यह मामला उनके यहां जटन करने से पहले का है और उन्हें इस बारे में पूरी जानकारी नहीं है। अभी आरोप लगाए जा रहे है और जांच के बाद ही वास्तविकता सामने आएगी।
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नगर परिषद का कारनामा
- 7 वर्षों से नहीं हुई चारदीवारी, कागजों में चारदीवारी का हुआ बिल पास
- अधिकारियों को सौंपी शिकायत, मुख्यमंत्री को भी शिकायत करने की तैयारी
अमर उजाला ब्यूरो
कुरुक्षेत्र। थानेसर नगरपरिषद द्वारा कागजों में ही वार्ड 22 के अंतर्गत प्रताप कॉलोनी स्थित एक पार्क की चारदीवारी बना दी गई। जिसके करीब सात लाख रुपये भी पास कर दिए गए। सात साल पहले हुए इस मामले के चलते आज तक भी पार्क की चारदीवारी नहीं बन पाई है जबकि पार्क बदहाल अवस्था में है। यह खुलासा कॉलोनीवासी एवं रिटायर्ड डीएसपी जगदीश चंद्र सैनी द्वारा आरटीआई के तहत ली गई जानकारी में हुआ है।
जगदीश चंद्र सैनी ने बताया कि कॉलोनी में उक्त पार्क के विकास हेतु 20 दिसंबर 2010 को टेंडर आमंत्रित किए गए थे। इस टेंडर के अनुसार पार्क में मिट्टी भराई, फुटपाथ व बाउंडरी वॉल का कार्य किया जाना प्रस्तावित था। इस कार्य की अनुमानित लागत 5 लाख रुपये तय की गई थी। उन्होंने 10 मई 2013 को नगरपरिषद थानेसर से आरटीआई के तहत इस पार्क के निर्माण पर किए गए खर्च की जानकारी मांगी थी। जवाब में उन्हें नगरपरिषद के जनसूचना एवं कार्यकारी अधिकारी की ओर से जो लिखित जानकारी दी गई, उसमें ये स्पष्ट किया गया कि 14 फरवरी 2012 को इस पार्क में मिट्टी भराई के कार्य पर 2 लाख 95 हजार, 338 रुपये खर्च किए गए। 30 नवंबर 2012 को पार्क में मिट्टी भराई, बाउंडरी वॉल, ग्रिल, गेट, फुटपाथ और रंगरोगन पर 4 लाख 95 हजार 518 रुपये खर्च किए गए। इस तरह इस पार्क पर कुल सात लाख 25 हजार 303 रुपये खर्च हुए। जगदीश चंद सैनी ने नगरपरिषद अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर आरोप लगाया कि आज सात वर्ष का समय गुजर जाने के बाद भी इस पार्क की कोई बाउंडरी वॉल नहीं है, बल्कि गली की तरफ एक दीवार बनी हुई है, जिसके बीच में पार्क का मुख्य द्वार बना हुआ है। इसके अलावा पार्क के तीनों तरफ मकानों की बैक लगती है। यानि पार्क की चारदीवारी आज तक नहीं की गई। जबकि टेंडर में बाउंडरी वॉल की जानी प्रस्तावित थी। बकायदा बाउंडरी वॉल का बिल भी पास किया जा चुका है। वहीं कॉलोनीवासी नरेंद्र जैन ने कहा कि उक्त मामले की जांच उच्चाधिकारियों द्वारा की जानी चाहिए ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके। साथ ही पार्क की बाउंडरी वॉल भी की जाए। उन्होंने कहा कि उक्त मामले की शिकायत वे मुख्यमंत्री और कैबिनेट मंत्री कविता जैन से भी करने की तैयारी कर चुके हैं।
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मामले की पूरी जानकारी मेरे संज्ञान में नहीं : ईओ
नगर परिषद के ईओ बीएन भारती का कहना है कि आरटीआई से जानकारी कॉलोनी वासी जगदीश चंद्र सैनी ने ली है ,जो रिटायर्ड डीएसपी हैं। यह मामला उनके यहां जटन करने से पहले का है और उन्हें इस बारे में पूरी जानकारी नहीं है। अभी आरोप लगाए जा रहे है और जांच के बाद ही वास्तविकता सामने आएगी।
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