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Karnal News: बाबा पर टिप्पणी की तो काला चीता को दी पटखनी
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। सेक्टर-12 के हुड्डा मैदान में राष्ट्रीय एकता विराट कुश्ती दंगल का नजारा देखते ही बनता था। हरियाणा के साथ, नेपाल, हिमाचल, यूपी, राजस्थान और पंजाब से आए पहलवानों ने दंगल में दमखम दिखाया। दंगल में राजस्थान के पहलवान गौरव नकाबपोश और काले चीते ने जब दंगल की सलामी ली तो अयोध्या की हनुमान गढ़ी के बाबा गौरी शंकर ने उनसे हाथ मिलाया।
उन्होंने बाबा से हाथ मिलाने से ये कहकर मना कर दिया कि बाबा का काम मंदिर में बैठना और घंटी बजाना है, कुश्ती नहीं। ऐसे बाबा हरिद्वार में मांगते फिरते हैं। यह सुनकर भीड़ भड़क गई और सभी ने उनको बाबा के साथ कुश्ती करने को कहा। इसके बाद पहलवान काला चीता ने बाबा को पटकना चाहा पर बाबा ने दोनों भाइयों को पटक-पटक पर पटखनी दी। इसके बाद दोनों के बीच मुकाबला हुआ। मुकाबले में काला चीता ने बाबा गौरी शंकर के बाल पकड़े और उसकी पीठ पर खड़े होकर मारने लगा जिसे देख भीड़ दंगल में आ गई जिसे आयोजकों ने रोका, बस फिर क्या था बाबा गौरी शंकर ने उसे उठाकर पटखनी दी और दंगल जीत लिया। इसके बाद खेल प्रेमियों ने खूब ताली बजाई।
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करनाल। सेक्टर-12 के हुड्डा मैदान में राष्ट्रीय एकता विराट कुश्ती दंगल का नजारा देखते ही बनता था। हरियाणा के साथ, नेपाल, हिमाचल, यूपी, राजस्थान और पंजाब से आए पहलवानों ने दंगल में दमखम दिखाया। दंगल में राजस्थान के पहलवान गौरव नकाबपोश और काले चीते ने जब दंगल की सलामी ली तो अयोध्या की हनुमान गढ़ी के बाबा गौरी शंकर ने उनसे हाथ मिलाया।
उन्होंने बाबा से हाथ मिलाने से ये कहकर मना कर दिया कि बाबा का काम मंदिर में बैठना और घंटी बजाना है, कुश्ती नहीं। ऐसे बाबा हरिद्वार में मांगते फिरते हैं। यह सुनकर भीड़ भड़क गई और सभी ने उनको बाबा के साथ कुश्ती करने को कहा। इसके बाद पहलवान काला चीता ने बाबा को पटकना चाहा पर बाबा ने दोनों भाइयों को पटक-पटक पर पटखनी दी। इसके बाद दोनों के बीच मुकाबला हुआ। मुकाबले में काला चीता ने बाबा गौरी शंकर के बाल पकड़े और उसकी पीठ पर खड़े होकर मारने लगा जिसे देख भीड़ दंगल में आ गई जिसे आयोजकों ने रोका, बस फिर क्या था बाबा गौरी शंकर ने उसे उठाकर पटखनी दी और दंगल जीत लिया। इसके बाद खेल प्रेमियों ने खूब ताली बजाई।
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