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बांग्लादेश व नेपाल का फॉर्मूला नहीं चलेगा सत्ता परिवर्तन सिर्फ जनादेश से : कृष्णपाल

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 31 Oct 2026 02:34 AM IST
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The Bangladesh or Nepal formula will not work; a change in power can only come through a popular mandate: Krishanpal
 एनडीआरआई में  केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर को जानकारी देते निदेशक डा. धीर सि
करनाल। केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने विपक्षी दलों पर देश में अराजकता फैलाने की राजनीति करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि भारत में सत्ता परिवर्तन हमेशा जनादेश से हुआ है और आगे भी इसी लोकतांत्रिक प्रक्रिया से होगा। भारत में बांग्लादेश और नेपाल की तरह सत्ता परिवर्तन होने की गलतफहमी किसी को नहीं पालनी चाहिए। धरने-प्रदर्शन करना लोकतांत्रिक अधिकार है लेकिन इनके नाम पर अराजकता फैलाने की इजाजत किसी को नहीं है।
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वह शुक्रवार को एनडीआरआई के सभागार में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे थे। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि विपक्ष के साथ चल रहे कुछ लोग बांग्लादेश और नेपाल से प्रेरणा लेने की बात करते हैं। सवाल यह है कि क्या भारत बांग्लादेश या नेपाल है? उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री के प्रति देशवासियों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है। चुनाव में हारने पर विपक्षी दल कभी ईवीएम, कभी एसआईआर तो कभी चुनाव आयोग को जिम्मेदार ठहराते हैं।
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पांच नवंबर को करनाल आएंगे अमित शाह
मंत्री ने कहा कि भाजपा लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ पदयात्रा निकाल रही है। पांच नवंबर को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह करनाल में इस पदयात्रा में शामिल होंगे। पंजाब में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर केंद्रीय राज्यमंत्री ने कहा कि वहां की जनता बदलाव का मन बना चुकी है। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की सरकारों पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पंजाब में नशे की समस्या ने युवाओं का भविष्य बर्बाद किया है।
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किसानों पर नहीं पड़ने दिया खाद की कीमतों का बोझ
गुर्जर ने कहा कि साढ़े बारह साल बाद भी डीएपी का सामान्य भाव 1,359 रुपये प्रति 50 किलो है जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत तीन हजार रुपये से अधिक है। केंद्र सरकार करीब 40 हजार करोड़ रुपये की सब्सिडी देती है ताकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें बढ़ने का बोझ किसानों पर न पड़े।
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