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निजीकरण के विरोध में सड़कों पर उतरे रोडवेजकर्मी, बस सुविधा प्रभावित, यात्री हुए परेशान
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करनाल। निजीकरण का विरोध और अन्य मांगों के समर्थन में रोडवेज कर्मचारी रविवार को सड़कों पर उतर गए। प्रेम नगर स्थित सीएम आवास का घेराव करने के लिए विभिन्न जिलों से रोडवेज कर्मचारी करनाल पहुंचे। हालांकि उन्हें सीएम आवास तक नहीं पहुंचने दिया गया। प्रदर्शन के चलते परिवहन व्यवस्था भी प्रभावित हुई। कई मार्गों पर सामान्य दिनों की अपेक्षा काफी कम बसें चलीं। नेशनल हाईवे-44 पर भी बसें कम दिखीं। जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
कर्ण पार्क से प्रेम नगर की ओर जब कर्मचारी प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़े तो पुलिस ने उन्हें रेलवे रोड स्थित रामगढ़िया चौक पर बैरिकेड लगाकर रोक दिया। ऐसे में प्रदर्शनकारी सड़क पर ही बैठ गए और करीब एक घंटे तक नारेबाजी की। इसके बाद एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर प्रदर्शन खत्म किया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि मांगें जल्द नहीं मानी गई तो 28 और 29 मार्च को चक्का जाम किया जाएगा।
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी साझा मोर्चा के बैनर तले कर्मचारी सुबह कर्ण पार्क में एकत्रित हुए। यहां से दोपहर करीब एक बजे प्रदर्शन करते हुए जुलूस के रूप में सीएम आवास की ओर कूच किया। सुरक्षा के लिहाज से प्रेम नगर, कर्ण पार्क और रेलवे रोड पर पुलिस बल भी तैनात रहा। जब करीब डेढ़ बजे प्रदर्शनकारियों को रामगढ़िया चौक पर रोका गया तो करीब डेढ़ घंटे तक चौक से जुड़ने वाले हांसी रोड, रेलवे रोड, माल रोड की यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। लोगों को रास्ते बदल कर गंतव्य की ओर जाना पड़ा।
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निजी हाथों में जाने से होगा महंगा सफर
मोर्चा के वरिष्ठ सदस्य ओमप्रकाश ग्रेवाल, जयबीर घणघस, इंद्र सिंह बधाना, सुखविंदर सिंह बयाना, सरबत सिंह पूनिया और दिनेश हुड्डा ने कहा कि सरकार विभाग का निजीकरण करके इसे भी बंद करना चाहती है। जिससे जहां जनता को महंगा सफर मिलेगा वहीं लाखों कर्मचारियों की नौकरी पर भी संकट आएगा। सरकार को जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए सुविधाएं बढ़ाने के लिए निर्णय लेने चाहिए।
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कर्ण पार्क से प्रेम नगर की ओर जब कर्मचारी प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़े तो पुलिस ने उन्हें रेलवे रोड स्थित रामगढ़िया चौक पर बैरिकेड लगाकर रोक दिया। ऐसे में प्रदर्शनकारी सड़क पर ही बैठ गए और करीब एक घंटे तक नारेबाजी की। इसके बाद एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर प्रदर्शन खत्म किया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि मांगें जल्द नहीं मानी गई तो 28 और 29 मार्च को चक्का जाम किया जाएगा।
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हरियाणा रोडवेज कर्मचारी साझा मोर्चा के बैनर तले कर्मचारी सुबह कर्ण पार्क में एकत्रित हुए। यहां से दोपहर करीब एक बजे प्रदर्शन करते हुए जुलूस के रूप में सीएम आवास की ओर कूच किया। सुरक्षा के लिहाज से प्रेम नगर, कर्ण पार्क और रेलवे रोड पर पुलिस बल भी तैनात रहा। जब करीब डेढ़ बजे प्रदर्शनकारियों को रामगढ़िया चौक पर रोका गया तो करीब डेढ़ घंटे तक चौक से जुड़ने वाले हांसी रोड, रेलवे रोड, माल रोड की यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। लोगों को रास्ते बदल कर गंतव्य की ओर जाना पड़ा।
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निजी हाथों में जाने से होगा महंगा सफर
मोर्चा के वरिष्ठ सदस्य ओमप्रकाश ग्रेवाल, जयबीर घणघस, इंद्र सिंह बधाना, सुखविंदर सिंह बयाना, सरबत सिंह पूनिया और दिनेश हुड्डा ने कहा कि सरकार विभाग का निजीकरण करके इसे भी बंद करना चाहती है। जिससे जहां जनता को महंगा सफर मिलेगा वहीं लाखों कर्मचारियों की नौकरी पर भी संकट आएगा। सरकार को जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए सुविधाएं बढ़ाने के लिए निर्णय लेने चाहिए।