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कलाम से आशीर्वाद लेगा कौटिल्य
अमर उजाला/ब्यूरो, करनाल
Updated Fri, 18 Jul 2014 12:29 AM IST
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गूगल ब्वाय कौटिल्य शुक्रवार दोपहर साढ़े बारह बजे पूर्व राष्ट्रपति एपीजे
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अब्दुल कलाम का आशीर्वाद लेने दिल्ली जा रहा है। कौटिल्य अब भूगोल के
साथ-साथ अंतरिक्ष में भी पूरी रुचि लेने लगा है। कौटिल्य ने पूर्व
राष्ट्रपित कलाम और अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा से मिलने की इच्छा
अक्तूबर-2013 में जताई थी।
इसे पूरा करने के लिए कौटिल्य के पिता सतीश शर्मा उसी दिन से रास्ता ढूंढ रहे हैं। पूर्व राष्ट्रपति कलाम से समय मिलने पर उनके घर में खुशी का ठिकाना नहीं रहा। कलाम से समय मिलते ही उन्होंने गांव कोहंड में खुशी मनाई। पिता सतीश शर्मा ने बताया कि कौटिल्य का ज्ञान बढ़ने का कारण है कि उसके हर सवाल का जवाब पूरी सोच समझकर दिया जाता है। कौटिल्य के किसी भी सवाल को इगनोर नहीं किया जाता है।
उन्हें उम्मीद थी कि पूर्व राष्ट्रपति कलाम से मिलने का कोई भी रास्ता मिल जाए वह मिलने से मना नहीं करेंगे। नेट पर रिसर्च कर मेल आईडी मिली और मिलने का समय मांगा। इस दौरान कौटिल्य की खूबी भी लिखी। कौटिल्य के बारे में आईडी पर लिखा कि कौटिल्य भूगोल के अच्छा जानकार है। छोटी उम्र में इतनी याददाश्त होने के कारण वह कई स्थानों पर सम्मानित हो चुका है। आपका फैन है और बार-बार मिलने की हठ करता है। इसलिए मिलकर वह और ज्यादा अपडेट होना चाहता है।
मन में हैं कई सवाल
भूगोल में मास्टर होने के बाद अब कौटिल्य का पूरा ध्यान अंतरिक्ष की ओर है। ब्राह्मांड के बारे में उसकी जिज्ञासा देखते ही बनती है। पूर्व राष्ट्रपति कलाम से मिलने के बाद वह इस क्षेत्र में और धाक जमा सकता है। सतीश शर्मा बताते हैं कि कौटिल्य के सवाल होते हैं कि किस देश ने अंतरिक्ष में सबसे पहले सेटेलाइट छोड़ा था। भारत ने सबसे पहले कौन सा सेटेलाइट छोड़ा और उसका क्या मकसद था। तारों का निर्माण कैसे हुआ ये सभी सवाल कौटिल्य के मन में बार बार उतरते हैं।
इसे पूरा करने के लिए कौटिल्य के पिता सतीश शर्मा उसी दिन से रास्ता ढूंढ रहे हैं। पूर्व राष्ट्रपति कलाम से समय मिलने पर उनके घर में खुशी का ठिकाना नहीं रहा। कलाम से समय मिलते ही उन्होंने गांव कोहंड में खुशी मनाई। पिता सतीश शर्मा ने बताया कि कौटिल्य का ज्ञान बढ़ने का कारण है कि उसके हर सवाल का जवाब पूरी सोच समझकर दिया जाता है। कौटिल्य के किसी भी सवाल को इगनोर नहीं किया जाता है।
उन्हें उम्मीद थी कि पूर्व राष्ट्रपति कलाम से मिलने का कोई भी रास्ता मिल जाए वह मिलने से मना नहीं करेंगे। नेट पर रिसर्च कर मेल आईडी मिली और मिलने का समय मांगा। इस दौरान कौटिल्य की खूबी भी लिखी। कौटिल्य के बारे में आईडी पर लिखा कि कौटिल्य भूगोल के अच्छा जानकार है। छोटी उम्र में इतनी याददाश्त होने के कारण वह कई स्थानों पर सम्मानित हो चुका है। आपका फैन है और बार-बार मिलने की हठ करता है। इसलिए मिलकर वह और ज्यादा अपडेट होना चाहता है।
मन में हैं कई सवाल
भूगोल में मास्टर होने के बाद अब कौटिल्य का पूरा ध्यान अंतरिक्ष की ओर है। ब्राह्मांड के बारे में उसकी जिज्ञासा देखते ही बनती है। पूर्व राष्ट्रपति कलाम से मिलने के बाद वह इस क्षेत्र में और धाक जमा सकता है। सतीश शर्मा बताते हैं कि कौटिल्य के सवाल होते हैं कि किस देश ने अंतरिक्ष में सबसे पहले सेटेलाइट छोड़ा था। भारत ने सबसे पहले कौन सा सेटेलाइट छोड़ा और उसका क्या मकसद था। तारों का निर्माण कैसे हुआ ये सभी सवाल कौटिल्य के मन में बार बार उतरते हैं।