{"_id":"632b788876d2d9249d016759","slug":"hsvp-s-sde-treasury-clerk-arrested-karnal-news-knl121963452","type":"story","status":"publish","title_hn":"एचएसवीपी की एसडीई, ट्रेजरी क्लर्क गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एचएसवीपी की एसडीई, ट्रेजरी क्लर्क गिरफ्तार
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। स्टेट विजिलेंस ब्यूरो करनाल की टीम ने रिश्वतखोरी के मामले में बुधवार को हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण की उप मंडल अभियंता (एसडीई) शशिबाला को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, इसी से जुड़े मामले में करनाल कोषागार (ट्रेजरी) के क्लर्क राज कुमार को भी रिश्वत मांगने के मामले में गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया। जहां से दोनों को जेल भेज दिया है।
स्टेट विजिलेंस ब्यूरो करनाल के इंस्पेक्टर सचिन कुमार ने बताया कि 31 अगस्त को एचएसवीपी का सहायक अभियंता (जेई) प्रदुम्न को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया था, उसके पास से कुल 20.43 लाख रुपये की बरामदगी हुई थी। इसी मामले में जब पूछताछ की गई तो प्रकाश में आए तथ्यों के आधार पर संपदा अधिकारी दीपक घणघस को आठ सितंबर को गिरफ्तार किया गया।
इस दौरान कई विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों को नोटिस देकर पूछताछ के लिए बुलाया गया। लेकिन उप मंडल अभियंता (एसडीई) शशिबाला बीमार होने के कारण अस्पताल में भर्ती हो गईं। डिस्चार्ज होने के बाद जब वह कार्यालय आईं तो उन्हें बुधवार को पूछताछ के लिए बुलाया गया था। पूछताछ में संलिप्तता पाए जाने पर उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
विज्ञापन
इसके अलावा स्टेट विजिलेंस ब्यूरो ने कुछ दिन पहले करनाल के चिड़ाव मोड़ से एक व्यक्ति की शिकायत पर रिश्वत के ढाई लाख रुपये नकद व एक लाख रुपये चेक बतौर रिश्वत लेते रंगेहाथों कोषागार के कंप्यूटर ऑपरेटर दीपक को गिरफ्तार किया था। इसके अलावा इसी मामले में एक आरोपी सहायक अकाउंटेंट प्रमोद को जींद से गिरफ्तार किया था। स्टेट विजिलेंस ब्यूरो के प्रभारी ने बताया कि इसी मामले में पूछताछ के बाद जो तथ्य सामने आए हैं। इस मामले के बाद अब एक बार फिर करनाल कोषागार के क्लर्क राज कुमार को फ्लैट संख्या 606 टी-3 टावर ग्रांड सोसायटी करनाल से बुधवार को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि शिकायतकर्ता विकास जो कि सेवानिवृत्त एवं मृतक पुलिस कर्मी का पुत्र है, उसने अपने पिता की पेंशन आदि का ड्रा करवाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया था। इसके लिए क्लर्क राज कुमार ने उससे रिश्वत की मांग की थी।
विज्ञापन
करनाल। स्टेट विजिलेंस ब्यूरो करनाल की टीम ने रिश्वतखोरी के मामले में बुधवार को हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण की उप मंडल अभियंता (एसडीई) शशिबाला को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं, इसी से जुड़े मामले में करनाल कोषागार (ट्रेजरी) के क्लर्क राज कुमार को भी रिश्वत मांगने के मामले में गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया। जहां से दोनों को जेल भेज दिया है।
स्टेट विजिलेंस ब्यूरो करनाल के इंस्पेक्टर सचिन कुमार ने बताया कि 31 अगस्त को एचएसवीपी का सहायक अभियंता (जेई) प्रदुम्न को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया था, उसके पास से कुल 20.43 लाख रुपये की बरामदगी हुई थी। इसी मामले में जब पूछताछ की गई तो प्रकाश में आए तथ्यों के आधार पर संपदा अधिकारी दीपक घणघस को आठ सितंबर को गिरफ्तार किया गया।
विज्ञापन
इस दौरान कई विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों को नोटिस देकर पूछताछ के लिए बुलाया गया। लेकिन उप मंडल अभियंता (एसडीई) शशिबाला बीमार होने के कारण अस्पताल में भर्ती हो गईं। डिस्चार्ज होने के बाद जब वह कार्यालय आईं तो उन्हें बुधवार को पूछताछ के लिए बुलाया गया था। पूछताछ में संलिप्तता पाए जाने पर उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
विज्ञापन
इसके अलावा स्टेट विजिलेंस ब्यूरो ने कुछ दिन पहले करनाल के चिड़ाव मोड़ से एक व्यक्ति की शिकायत पर रिश्वत के ढाई लाख रुपये नकद व एक लाख रुपये चेक बतौर रिश्वत लेते रंगेहाथों कोषागार के कंप्यूटर ऑपरेटर दीपक को गिरफ्तार किया था। इसके अलावा इसी मामले में एक आरोपी सहायक अकाउंटेंट प्रमोद को जींद से गिरफ्तार किया था। स्टेट विजिलेंस ब्यूरो के प्रभारी ने बताया कि इसी मामले में पूछताछ के बाद जो तथ्य सामने आए हैं। इस मामले के बाद अब एक बार फिर करनाल कोषागार के क्लर्क राज कुमार को फ्लैट संख्या 606 टी-3 टावर ग्रांड सोसायटी करनाल से बुधवार को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि शिकायतकर्ता विकास जो कि सेवानिवृत्त एवं मृतक पुलिस कर्मी का पुत्र है, उसने अपने पिता की पेंशन आदि का ड्रा करवाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया था। इसके लिए क्लर्क राज कुमार ने उससे रिश्वत की मांग की थी।