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रवि योग में मनाई जाएगी हरियाली तीज
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संवाद न्यूज एजेंसी
निसिंग। इस वर्ष हरियाली तीज रवि योग में मनाई जाएगी। हिंदू पंचांग के अनुसार हर साल हरियाली तीज का त्योहार श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है। इस साल हरियाली तीज 31 जुलाई को मनाई जाएगी। इस दिन सुहागिन भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं।
शिव पुराण के अनुसार हरियाली तीज के दिन भगवान शिव का माता पार्वती के साथ पुनरमिलन हुआ था। इस दिन सुहागिन महिलाएं पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखकर विधिवत पूजा करती हैं। पंडित प्रेम शर्मा जुंडला ने बताया कि सावन में कई व्रत और त्योहार आते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन को पूजा-पाठ और व्रत के लिए सबसे उत्तम महीना माना जाता है।
हरियाली तीज का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
31 जुलाई को तृतीया तिथि सुबह 02:59 बजे से प्रारंभ और 01 अगस्त सुबह 04:18 बजे समाप्त होगी। इस साल हरियाली तीज पर रवि योग का शुभ संयोग बन रहा है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार रवि योग में किए गए कार्यों में सफलता हासिल होती है। इस योग को शुभ व मांगलिक कार्यों के लिए उत्तम माना गया है।
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हरियाली तीज की ऐसे करें पूजा
इस दिन सुहागिन स्नान आदि के बाद मायके से आए हुए कपड़े पहनती हैं। फिर पूजा के शुभ मुहूर्त में एक चौकी पर माता पार्वती के साथ भगवान शिव और गणेश जी की प्रतिमा स्थापित करें। इसके बाद मां पार्वती को 16 श्रृंगार की सामग्री, साड़ी, अक्षत, धूप, दीप व गंध आदि अर्पित करें। अब शिव जी को भांग, धतूरा, अक्षत, बेल पत्र, श्वेत फूल, गंध, धूप, वस्त्र आदि चढ़ाएं। इसके बाद गणेश जी की पूजा करते हुए हरियाली तीज की कथा सुनें। फिर भगवान शिव और माता पार्वती की आरती करें।
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निसिंग। इस वर्ष हरियाली तीज रवि योग में मनाई जाएगी। हिंदू पंचांग के अनुसार हर साल हरियाली तीज का त्योहार श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है। इस साल हरियाली तीज 31 जुलाई को मनाई जाएगी। इस दिन सुहागिन भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करती हैं।
शिव पुराण के अनुसार हरियाली तीज के दिन भगवान शिव का माता पार्वती के साथ पुनरमिलन हुआ था। इस दिन सुहागिन महिलाएं पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखकर विधिवत पूजा करती हैं। पंडित प्रेम शर्मा जुंडला ने बताया कि सावन में कई व्रत और त्योहार आते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन को पूजा-पाठ और व्रत के लिए सबसे उत्तम महीना माना जाता है।
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हरियाली तीज का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
31 जुलाई को तृतीया तिथि सुबह 02:59 बजे से प्रारंभ और 01 अगस्त सुबह 04:18 बजे समाप्त होगी। इस साल हरियाली तीज पर रवि योग का शुभ संयोग बन रहा है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार रवि योग में किए गए कार्यों में सफलता हासिल होती है। इस योग को शुभ व मांगलिक कार्यों के लिए उत्तम माना गया है।
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हरियाली तीज की ऐसे करें पूजा
इस दिन सुहागिन स्नान आदि के बाद मायके से आए हुए कपड़े पहनती हैं। फिर पूजा के शुभ मुहूर्त में एक चौकी पर माता पार्वती के साथ भगवान शिव और गणेश जी की प्रतिमा स्थापित करें। इसके बाद मां पार्वती को 16 श्रृंगार की सामग्री, साड़ी, अक्षत, धूप, दीप व गंध आदि अर्पित करें। अब शिव जी को भांग, धतूरा, अक्षत, बेल पत्र, श्वेत फूल, गंध, धूप, वस्त्र आदि चढ़ाएं। इसके बाद गणेश जी की पूजा करते हुए हरियाली तीज की कथा सुनें। फिर भगवान शिव और माता पार्वती की आरती करें।