{"_id":"66d50d79e25f06a5ef093334","slug":"electricity-bill-messages-are-not-being-received-on-time-surcharge-has-to-be-paid-karnal-news-c-18-knl1008-465346-2024-09-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Karnal News: बिजली बिल के समय पर नहीं मिल रहे संदेश, भरना पड़ता है सरचार्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Karnal News: बिजली बिल के समय पर नहीं मिल रहे संदेश, भरना पड़ता है सरचार्ज
विज्ञापन
- उपभोक्ता बोले, बिजली निगम व्यवस्था में करे सुधार
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। शहर के बिजली उपभोक्ताओं को प्रतिमाह आने वाले बिजली बिल के मोबाइल पर संदेश नहीं मिल रहे हैं। इस कारण से हर माह बिल भरने में देरी हो रही है, जिससे उनकी जेब पर भार पड़ रहा है।
बिजली का बिल भरने के लिए निगम की ओर से हर माह उपभोक्ताओं को सूचित करने के लिए उनके पास मोबाइल संदेश भेजे जाते हैं। पिछले कई महीनों से कुछ उपभोक्ताओं के पास निगम की ओर से कोई संदेश नहीं प्राप्त हो रहे हैं, जिसके कारण समय पर बिल न भरने से ब्याज लग जाता है। सूचना न मिल पाने के कारण उपभोक्ताओं को कुल बिल के ऊपर अतिरिक्त बिल का भुगतान करना पड़ रहा है। बिजली निगम में बिल संबंधी रोजाना 100 से ज्यादा शिकायतें आ रही हैं। बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों के निवारण के लिए प्रत्येक सप्ताह मंगलवार को बिजली निगम का खुला दरबार लगाया जाता है, जिसमें अधिकतर बिजली बिल से संबंधित होती हैं।
हर माह नहीं आता मैसेज
शिव कॉलोनी निवासी मंजीत सिंह ने बताया कि कई महीनों से बिजली बिल का कोई संदेश नहीं आ रहा। जिसकी वजह से बिल भरने की आखिरी तारीख का पता नहीं चल पाता। बिजली निगम को इसका ध्यान रखना चाहिए ताकि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो।
विज्ञापन
हो रहा आर्थिक नुकसान
दनियालपुर गांव निवासी गौरव ने बताया कि उनके घर दादी के नाम का बिजली मीटर लगा है। जिसका कभी भी बिल भरने के लिए मोबाइल पर संदेश नहीं आता। इसके लिए दो बार केवाईसी भी करवा चुके हैं। वह हर माह बिल भरने के लिए अतिरिक्त रुपये दे रहे हैं।
दो महीने बाद आया मैसेज
शास्त्री नगर निवासी कर्मबीर फौजी ने बताया कि उनके पास दो माह बाद बिल का मैसेज आता है। जब तक बिल पर अतिरिक्त सरचार्ज लग जाता है। यदि ज्यादा बिल आने पर नहीं भर पाते तो बिजली कनेक्शन कट जाता है।
बिजली उपभोक्ताओं के पास प्रतिमाह रूटीन में मोबाइल मैसेज जा रहे हैं। ऐसे उपभोक्ताओं को दिक्कत आ रही है जिन्होंने अपना मोबाइल नंबर बदल लिया है या जिन उपभोक्ताओं ने केवाईसी नहीं करवाई है। पुराने बिजली कनेक्शन माता-पिता या दादा के नाम पर चल रहे जिन्हें अपडेट नहीं करवाया गया है।
- कशिक मान, अधीक्षक अभियंता, बिजली निगम
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। शहर के बिजली उपभोक्ताओं को प्रतिमाह आने वाले बिजली बिल के मोबाइल पर संदेश नहीं मिल रहे हैं। इस कारण से हर माह बिल भरने में देरी हो रही है, जिससे उनकी जेब पर भार पड़ रहा है।
बिजली का बिल भरने के लिए निगम की ओर से हर माह उपभोक्ताओं को सूचित करने के लिए उनके पास मोबाइल संदेश भेजे जाते हैं। पिछले कई महीनों से कुछ उपभोक्ताओं के पास निगम की ओर से कोई संदेश नहीं प्राप्त हो रहे हैं, जिसके कारण समय पर बिल न भरने से ब्याज लग जाता है। सूचना न मिल पाने के कारण उपभोक्ताओं को कुल बिल के ऊपर अतिरिक्त बिल का भुगतान करना पड़ रहा है। बिजली निगम में बिल संबंधी रोजाना 100 से ज्यादा शिकायतें आ रही हैं। बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों के निवारण के लिए प्रत्येक सप्ताह मंगलवार को बिजली निगम का खुला दरबार लगाया जाता है, जिसमें अधिकतर बिजली बिल से संबंधित होती हैं।
विज्ञापन
हर माह नहीं आता मैसेज
शिव कॉलोनी निवासी मंजीत सिंह ने बताया कि कई महीनों से बिजली बिल का कोई संदेश नहीं आ रहा। जिसकी वजह से बिल भरने की आखिरी तारीख का पता नहीं चल पाता। बिजली निगम को इसका ध्यान रखना चाहिए ताकि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो।
विज्ञापन
हो रहा आर्थिक नुकसान
दनियालपुर गांव निवासी गौरव ने बताया कि उनके घर दादी के नाम का बिजली मीटर लगा है। जिसका कभी भी बिल भरने के लिए मोबाइल पर संदेश नहीं आता। इसके लिए दो बार केवाईसी भी करवा चुके हैं। वह हर माह बिल भरने के लिए अतिरिक्त रुपये दे रहे हैं।
दो महीने बाद आया मैसेज
शास्त्री नगर निवासी कर्मबीर फौजी ने बताया कि उनके पास दो माह बाद बिल का मैसेज आता है। जब तक बिल पर अतिरिक्त सरचार्ज लग जाता है। यदि ज्यादा बिल आने पर नहीं भर पाते तो बिजली कनेक्शन कट जाता है।
बिजली उपभोक्ताओं के पास प्रतिमाह रूटीन में मोबाइल मैसेज जा रहे हैं। ऐसे उपभोक्ताओं को दिक्कत आ रही है जिन्होंने अपना मोबाइल नंबर बदल लिया है या जिन उपभोक्ताओं ने केवाईसी नहीं करवाई है। पुराने बिजली कनेक्शन माता-पिता या दादा के नाम पर चल रहे जिन्हें अपडेट नहीं करवाया गया है।
- कशिक मान, अधीक्षक अभियंता, बिजली निगम