फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Complaint dismissed for lack of evidence

Karnal News: साक्ष्य पेश न करने पर खारिज की शिकायत

Sat, 04 Apr 2026 12:33 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल Updated Sat, 04 Apr 2026 12:33 AM IST
विज्ञापन
Complaint dismissed for lack of evidence
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

करनाल। जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने एक आदेश में पंजाब नेशनल बैंक के खिलाफ दायर की गई असंध निवासी उपभोक्ता हरीश की शिकायत को खारिज कर दिया है। यह फैसला शिकायतकर्ता की ओर से बार-बार अवसर दिए जाने के बावजूद साक्ष्य प्रस्तुत न करने और अदालत की कार्रवाई में शामिल न होने के कारण लिया गया है।
आयोग के फैसले के अनुसार, असंध निवासी हरीश की ओर से पंजाब नेशनल बैंक (असंध शाखा) के खिलाफ धारा 35, उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 के तहत दायर किया गया था। शिकायत का मुख्य उद्देश्य बैंक की सेवाओं में कथित कमी को लेकर न्याय पाना था। मामले की सुनवाई आयोग के अध्यक्ष जसवंत सिंह, सदस्य नीरू अग्रवाल और सर्वजीत कौर की पीठ ने की।
विज्ञापन

अदालत ने कहा कि शिकायतकर्ता को अपने साक्ष्य प्रस्तुत करने के लिए कई अवसर दिए गए थे जिनमें से दो अंतिम अवसर भी शामिल थे। वहीं फैसले के दिन शाम साढ़े तीन बजे तक आयोग ने शिकायतकर्ता का इंतजार किया लेकिन न तो वह स्वयं उपस्थित हुआ और न ही उसकी ओर से कोई प्रतिनिधि आया। बैंक की ओर से उनके वकील प्रदीप सिंह राणा अदालत में मौजूद रहे और कार्रवाई में हिस्सा लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

आयोग ने अपने आदेश में स्पष्ट रूप से कहा कि शिकायतकर्ता ने साक्ष्य जुटाने में कोई रुचि नहीं दिखाई। आयोग ने टिप्पणी की कि ऐसा प्रतीत होता है कि या तो शिकायतकर्ता अब इस मामले को आगे नहीं बढ़ाना चाहता या उसकी समस्याओं का समाधान बैंक की ओर से पहले ही किया जा चुका है।

अदालत ने यह भी कहा कि बार-बार स्थगन देना न केवल आयोग के बहुमूल्य समय की बर्बादी है, बल्कि यह विपक्षी पार्टी के लिए भी मानसिक और कानूनी परेशानी का कारण बनता है। तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए जिला उपभोक्ता आयोग ने इस शिकायत को खारिज कर दिया और फाइल को रिकॉर्ड रूम में भेजने का आदेश दिया। यह फैसला उन सभी शिकायतकर्ताओं के लिए एक सबक है जो कानूनी प्रक्रियाओं को गंभीरता से नहीं लेते और अदालती समय का सदुपयोग नहीं करते।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed