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Karnal News: डेंगू से बचाव के लिए किया जागरूक
Sat, 17 May 2025 01:47 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
Updated Sat, 17 May 2025 01:47 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
निगदू। राष्ट्र डेंगू दिवस पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में शुक्रवार को जागरूकता शिविर लगाया गया। इसमें एसएमओ डॉ. राजेश चौधरी ने बताया कि डेंगू, मच्छर के सूर्योदय के दो घंटे बाद तक और सूर्यास्त से दो घंटे पहले तक काटने से होता है।
उन्होंने कहा कि यह बुखार एडीज मच्छर के काटने से होता है। इसलिए डेंगू रोगी को पूरी तरह से आराम करना चाहिए, संतुलित और पोषण युक्त आहार खाएं और नारियल पानी पीएं। बुखार में रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाए रखने के लिए विटामिन-सी से भरपूर फल जिनमें आंवला, संतरा, मौसमी, पपीता और अनार खाएं।
उन्होंने कहा कि घरों में कीटनाशक का छिड़काव करवाएं, मच्छर साफ पानी में अंडे देते है इसलिए साफ पानी होने पर भी पानी को हर तीन दिनों में जरूर बदलें। वहीं, तेज बुखार एवं डेंगू के लक्षण जोड़ों में दर्द, तेज बदन दर्द, तेज सिर दर्द, पेट दर्द, उल्टी, शरीर पर दाने और मुंह, नाक से खून आने की शिकायत हो तो तुरंत निकट के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर जाएं। डॉ. अनीशा ननकाना ने कहा कि डेंगू बुखार का कोई भी टीका नहीं होता है। इस रोग से पीड़ित व्यक्ति को बुखार रोकने के लिए पेरासिटामोल या क्रोसिन दी जा सकती है। दर्द निवारक दवा का उपयोग न करें।
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निगदू। राष्ट्र डेंगू दिवस पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में शुक्रवार को जागरूकता शिविर लगाया गया। इसमें एसएमओ डॉ. राजेश चौधरी ने बताया कि डेंगू, मच्छर के सूर्योदय के दो घंटे बाद तक और सूर्यास्त से दो घंटे पहले तक काटने से होता है।
उन्होंने कहा कि यह बुखार एडीज मच्छर के काटने से होता है। इसलिए डेंगू रोगी को पूरी तरह से आराम करना चाहिए, संतुलित और पोषण युक्त आहार खाएं और नारियल पानी पीएं। बुखार में रोग प्रतिरोधक क्षमता बनाए रखने के लिए विटामिन-सी से भरपूर फल जिनमें आंवला, संतरा, मौसमी, पपीता और अनार खाएं।
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उन्होंने कहा कि घरों में कीटनाशक का छिड़काव करवाएं, मच्छर साफ पानी में अंडे देते है इसलिए साफ पानी होने पर भी पानी को हर तीन दिनों में जरूर बदलें। वहीं, तेज बुखार एवं डेंगू के लक्षण जोड़ों में दर्द, तेज बदन दर्द, तेज सिर दर्द, पेट दर्द, उल्टी, शरीर पर दाने और मुंह, नाक से खून आने की शिकायत हो तो तुरंत निकट के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर जाएं। डॉ. अनीशा ननकाना ने कहा कि डेंगू बुखार का कोई भी टीका नहीं होता है। इस रोग से पीड़ित व्यक्ति को बुखार रोकने के लिए पेरासिटामोल या क्रोसिन दी जा सकती है। दर्द निवारक दवा का उपयोग न करें।
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