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किसानों का सड़क पर हठयोग, हल चलाई योग से जाम हुआ मेरठ रोड
Updated Thu, 22 Jun 2017 03:27 AM IST
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मेरठ रोड पर बैठकर किसानों ने सुबह 9:30 से 10:10 तक किया हठयोग
प्रशासन द्वारा सुबह से ट्रैफिक डायवर्ट करने के बाद भी घंटो जाम रहा रोड
फोटो संख्या-1 से 5
अमर उजाला ब्यूरो
करनाल।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सीएम सिटी में योग के कई नजारे देखने को मिले। एक तरफ जहां सीएम मनोहर लाल खट्टर के साथ पूरी सरकार, प्रशासन और आम जनता योग करने में जुटे थे, वहीं किसान सरकार के विरोध में हटयोग पर बैठे। विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से नाराज किसान बुधवार को भारतीय किसान यूनियन के साथ सड़क पर उतरे और करीब पौन घंटे तक नंगला चौक पर बीच सड़क बैठकर हठयोग किया। इस दौरान किसानों ने सड़क पर हल चलाऊ, दूध निकाल योग किये। किसानों के इस प्रदर्शन से मेरठ रोड पर दो घंटे तक जाम की स्थिति रहा, जिससे यूपी के तरफ जाने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
किसानों की ओर से इस प्रदर्शन की घोषणा मंगलवार को पानीपत में हुई किसानों की बैठक में ही हो गया था। यहां पर सरकार के वार्ता प्रस्ताव का निमंत्रण लेकर पहुंचे ओएसडी ने भी किसानों को मनाने की काफी कोशिश की, लेकिन किसानों ने हठयोग को पूरी तरह स्थगित करने से इंकार कर दिया, हालांकि इस हठयोग को सांकेतिक तौर पर सिर्फ एक घंटे के लिए करने का आश्वासन देकर सरकार को जरूर राहत दी थी। किसान तयशुदा कार्यक्रम के अनुसार सुबह से ही मेरठ रोड पर स्थित नांगला चौक पर एकत्रित होने लगे थे। सुबह 9:30 बजे पर किसान सड़क के बीचों बीच बैठ गए और सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए हठयोग शुरू कर दिया। इस दौरान प्रशासन ने वाहनों को डायवर्ट करने में लगा रहा। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि किसानों ने सांकेतिक रूप से अपना कार्यक्रम किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने किसानों को बातचीत के लिए आमंत्रित किया है। उन्हें आशा है कि मुख्यमंत्री किसानों को निराश नहीं करेंगे। बातचीत के दौरान वह कर्ज मुक्ति के अलावा कोई दूसरा विकल्प स्वीकार नहीं करेंगे। इस अवसर पर प्रदेश प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर, उत्तरी हरियाणा प्रभारी बलवान बदरान, जिला प्रवक्ता सुरेंद्र सांगवान, भाकियू नेता जे.पी. शेखुपुरा, जिला संरक्षक महताब सिंह कादियान, जिला सलाहकार धनेतर राणा, युवा किसान नेता राजेंद्र आर्य दादुपुर, निसिंग खंड प्रधान यशपाल राणा, किसान नेता नेकी राम, इंद्री खंड प्रधान सतीश कलसौरा, सतबीर, सतबीर गढ़ीबीरबल, शीशपाल शर्मा, राम सिंह मोहदीनपुर, महेंद्र, मोती राम ढाकवाला, ओमपाल कादियान, राजेंद्र राणा औंगद, रघुबीर सांगवान, राजेंद्र सांगवान सहित काफी संख्या में किसान मौजूद रहे।
किसानों ने किया दूध दोहन से लेकर धान बिजाई तक के योग
योग दिवस पर एक तरफ जहां आम जनता शीर्षासन, कपालभाती, सूर्य नमस्कार जैसे योग क्रियाएं कर रही थी, वहीं किसान सड़क पर बैठकर दूध दोहना, गन्ना कटाई, धान काटना, गेहूं कटाई और गेहूं ओर धान की बिजाई और हल चलाई जैसे नए योगों का प्रदर्शन किया। किसानों का योग भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर ने कराया। किसान जब अपनी योग क्रियाएं कर रहे थे तो वहां मौजूद अधिकारियों के अलावा आम जनता के चेहरे पर भी मुस्कुराहट छा गई। किसानों ने कहा कि हम अपने खेतों में इस तरह के योग रोज करते हैं, इसलिए हमें बंद एसी के कमरों में बैठकर अतिरिक्त योग करने की कोई जरूरत नहीं।
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कांग्रेस का सत्याग्रह को बताया नौटंकी
करनाल में तीन दिन से चल रहे कांग्रेस के सत्याग्रह को किसानों ने नौटंकी करार दिया है। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि किसानों पर राजनीति करने वाली कांग्रेस का सत्याग्रह किसी नौटंकी से कम नहीं है। कांग्रेस ने किसानों की जमीन सस्ते दाम पर अधिग्रहित कर उनकी जमीनों की कीमत कम दी। अब कांग्रेस किस मुंह से स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने की बात कर रही है। जबकि कांग्रेस के शासनकाल में यह रिपोर्ट 7 साल तक ठंडे बस्ते में पड़ी रही। कांग्रेस ने किसानों के साथ कोई एहसान नहीं किया, बल्कि किसानों का शोषण किया है।
किसानों के प्रदर्शन में सतर्क नजर आई पुलिस प्रशासन
किसानों ने अपने प्रदर्शन के लिए सुबह 9 बजे का समय निर्धारित किया था, हालांकि यह आधे घंटे देरी से शुरू हो पाया। लेकिन पुलिस प्रशासन किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए सुबह से ही सतर्क हो गई थी। पुलिस ने मेरठ रोड को सुबह करीब 8:30 बजे पर दोनों तरफ से बंद कर दिया। शहर की तरफ से मेरठ जाने वाली ट्रैफिक को जीटी रोड के पास ही रोक लिया गया, वहीं मेरठ से आने वाली ट्रैफिक को भी प्रदर्शन से एक किलोमीटर पहले ही रोक लिया गया। प्रदर्शन के दौरान किसी नुकसान से बचने के लिए वीडीपीओ सुमित चौधरी को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था। वहीं हेड क्वार्टर डीएसपी भी भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे।
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प्रशासन द्वारा सुबह से ट्रैफिक डायवर्ट करने के बाद भी घंटो जाम रहा रोड
फोटो संख्या-1 से 5
अमर उजाला ब्यूरो
करनाल।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सीएम सिटी में योग के कई नजारे देखने को मिले। एक तरफ जहां सीएम मनोहर लाल खट्टर के साथ पूरी सरकार, प्रशासन और आम जनता योग करने में जुटे थे, वहीं किसान सरकार के विरोध में हटयोग पर बैठे। विभिन्न मांगों को लेकर सरकार से नाराज किसान बुधवार को भारतीय किसान यूनियन के साथ सड़क पर उतरे और करीब पौन घंटे तक नंगला चौक पर बीच सड़क बैठकर हठयोग किया। इस दौरान किसानों ने सड़क पर हल चलाऊ, दूध निकाल योग किये। किसानों के इस प्रदर्शन से मेरठ रोड पर दो घंटे तक जाम की स्थिति रहा, जिससे यूपी के तरफ जाने वाले लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
किसानों की ओर से इस प्रदर्शन की घोषणा मंगलवार को पानीपत में हुई किसानों की बैठक में ही हो गया था। यहां पर सरकार के वार्ता प्रस्ताव का निमंत्रण लेकर पहुंचे ओएसडी ने भी किसानों को मनाने की काफी कोशिश की, लेकिन किसानों ने हठयोग को पूरी तरह स्थगित करने से इंकार कर दिया, हालांकि इस हठयोग को सांकेतिक तौर पर सिर्फ एक घंटे के लिए करने का आश्वासन देकर सरकार को जरूर राहत दी थी। किसान तयशुदा कार्यक्रम के अनुसार सुबह से ही मेरठ रोड पर स्थित नांगला चौक पर एकत्रित होने लगे थे। सुबह 9:30 बजे पर किसान सड़क के बीचों बीच बैठ गए और सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए हठयोग शुरू कर दिया। इस दौरान प्रशासन ने वाहनों को डायवर्ट करने में लगा रहा। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि किसानों ने सांकेतिक रूप से अपना कार्यक्रम किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने किसानों को बातचीत के लिए आमंत्रित किया है। उन्हें आशा है कि मुख्यमंत्री किसानों को निराश नहीं करेंगे। बातचीत के दौरान वह कर्ज मुक्ति के अलावा कोई दूसरा विकल्प स्वीकार नहीं करेंगे। इस अवसर पर प्रदेश प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर, उत्तरी हरियाणा प्रभारी बलवान बदरान, जिला प्रवक्ता सुरेंद्र सांगवान, भाकियू नेता जे.पी. शेखुपुरा, जिला संरक्षक महताब सिंह कादियान, जिला सलाहकार धनेतर राणा, युवा किसान नेता राजेंद्र आर्य दादुपुर, निसिंग खंड प्रधान यशपाल राणा, किसान नेता नेकी राम, इंद्री खंड प्रधान सतीश कलसौरा, सतबीर, सतबीर गढ़ीबीरबल, शीशपाल शर्मा, राम सिंह मोहदीनपुर, महेंद्र, मोती राम ढाकवाला, ओमपाल कादियान, राजेंद्र राणा औंगद, रघुबीर सांगवान, राजेंद्र सांगवान सहित काफी संख्या में किसान मौजूद रहे।
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किसानों ने किया दूध दोहन से लेकर धान बिजाई तक के योग
योग दिवस पर एक तरफ जहां आम जनता शीर्षासन, कपालभाती, सूर्य नमस्कार जैसे योग क्रियाएं कर रही थी, वहीं किसान सड़क पर बैठकर दूध दोहना, गन्ना कटाई, धान काटना, गेहूं कटाई और गेहूं ओर धान की बिजाई और हल चलाई जैसे नए योगों का प्रदर्शन किया। किसानों का योग भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रेमचंद शाहपुर ने कराया। किसान जब अपनी योग क्रियाएं कर रहे थे तो वहां मौजूद अधिकारियों के अलावा आम जनता के चेहरे पर भी मुस्कुराहट छा गई। किसानों ने कहा कि हम अपने खेतों में इस तरह के योग रोज करते हैं, इसलिए हमें बंद एसी के कमरों में बैठकर अतिरिक्त योग करने की कोई जरूरत नहीं।
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कांग्रेस का सत्याग्रह को बताया नौटंकी
करनाल में तीन दिन से चल रहे कांग्रेस के सत्याग्रह को किसानों ने नौटंकी करार दिया है। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष रतनमान ने कहा कि किसानों पर राजनीति करने वाली कांग्रेस का सत्याग्रह किसी नौटंकी से कम नहीं है। कांग्रेस ने किसानों की जमीन सस्ते दाम पर अधिग्रहित कर उनकी जमीनों की कीमत कम दी। अब कांग्रेस किस मुंह से स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने की बात कर रही है। जबकि कांग्रेस के शासनकाल में यह रिपोर्ट 7 साल तक ठंडे बस्ते में पड़ी रही। कांग्रेस ने किसानों के साथ कोई एहसान नहीं किया, बल्कि किसानों का शोषण किया है।
किसानों के प्रदर्शन में सतर्क नजर आई पुलिस प्रशासन
किसानों ने अपने प्रदर्शन के लिए सुबह 9 बजे का समय निर्धारित किया था, हालांकि यह आधे घंटे देरी से शुरू हो पाया। लेकिन पुलिस प्रशासन किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए सुबह से ही सतर्क हो गई थी। पुलिस ने मेरठ रोड को सुबह करीब 8:30 बजे पर दोनों तरफ से बंद कर दिया। शहर की तरफ से मेरठ जाने वाली ट्रैफिक को जीटी रोड के पास ही रोक लिया गया, वहीं मेरठ से आने वाली ट्रैफिक को भी प्रदर्शन से एक किलोमीटर पहले ही रोक लिया गया। प्रदर्शन के दौरान किसी नुकसान से बचने के लिए वीडीपीओ सुमित चौधरी को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था। वहीं हेड क्वार्टर डीएसपी भी भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे।