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असंध खंड में फैला काला पीलिया

Fri, 28 Jun 2019 12:44 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 28 Jun 2019 12:44 AM IST
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असंध खंड में फैला काला पीलिया
अमर उजाला ब्यूरो
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करनाल। जिले के असंध खंड में काला पीलिया का प्रकोप भयंकर रूप ले जाने के कारण ग्रामीणों में खौफ बना हुआ है। हालत यहां तक पहुंच चुके हैं कि हर महीने पूरे ब्लॉक से करीब 1500 लोग स्वास्थ्य जांच के लिए अस्पतालों में पहुंच रहे हैं। सरकारी प्रयोगशाला में जांच के बाद काला पीलिया पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा प्रतिमाह 50 या इससे अधिक तक का है।
जिला राजकीय सामान्य अस्पताल में काला पीलिया के मरीजों की जांच के लिए सप्ताह में एक विशेष दिन वीरवार रखा हुआ है। हालात को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने कोई ठोस कदम तो नहीं उठाया और ना ही असंध के राजकीय अस्पताल में मरीजों को उपचार मुहैया है। करनाल के सामान्य अस्पताल में इनके उपचार की व्यवस्था की गई है। काला पीलिया फैलने का कारण पेयजल की गुणवत्ता है या अन्य कोई और, फिलहाल इस पर कोई विशेष जांच रिपोर्ट सामने नहीं आई।
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इस खंड के राहड़ा, बिलौना, असंध शहर और जलमाना सहित दर्जन भर से अधिक गांवों में काला पीलिया का असर बताया जा रहा है। दस महीने से भी अधिक समय से इस क्षेत्र में इस गंभीर बीमारी का पता चला, जबकि उससे पहले बहुत से ग्रामीण उपचार के लिए पीजीआई रोहतक भी पहुंचे थे। निजी अस्पतालों में इसके उपचार पर मोटा खर्च आता है। जिला राजकीय सामान्य अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग की ओर से निशुल्क उपचार की व्यवस्था की गई है। मरीजों के सभी टेस्ट की भी सुविधा निशुल्क है।
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अब स्थिति नियंत्रण में डॉ. अमन
स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सा अधिकारी डॉ. अमन का कहना है कि नेशनल वायरल हैपेटाइट्स कंट्रोल प्रोग्राम पूरे देश में चला हुआ है। सबसे ज्यादा हरियाणा में उपचार किया जा रहा है। एक मरीज पर सरकार 50 से 60 हजार रुपये खर्च कर रही है। टेस्ट और दवाइयां फ्री मुहैया करवाई जा रही हैं। यदि प्राइवेट लैब से टेस्ट करवाने पड़ सकते हैं तो उनका भी पैसा दिया जाता है। उन्होंने माना कि असंध क्षेत्र मेें काला पीलिया के बहुत ज्यादा केस हैं। अब स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को चाहिए कि किसी झोलाछाप डाक्टर से इंजेक्शन नहीं लगवाएं। डिस्पोजल सिरिंज का ही इस्तेमाल करें। गर्भवती महिलाएं अपना चेकअप जरूर करवाएं क्योंकि यह रोग बच्चे को भी हो सकता है।
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