{"_id":"5d1277458ebc3e3c7f548af1","slug":"156149125120280-karnal-news36","type":"story","status":"publish","title_hn":"ठेके पर लगे 280 कर्मी हटाए, निगम में काम अटके","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ठेके पर लगे 280 कर्मी हटाए, निगम में काम अटके
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अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। नगर निगम में ठेकेदारों के अंडर लगे करीब 280 कर्मचारियों को हटा दिया गया। इनमें ड्राइवर, हेल्पर, ऑपरेटर, बेलदार और सफाई कर्मचारी शामिल हैं। ऐसे में नगर निगम के काम रुक गए। निगम में अधिकतर कामों का जिम्मा ये ही कर्मी संभालते थे। मंगलवार को इन कर्मियों से किसी भी अधिकारी ने काम नहीं लिया। केवल आठ कर्मचारियों ने औपचारिकता के तौर पर लोगों की फाइलें जमा करवाने का काम किया।
एक जुलाई से नए ठेकेदारों के कर्मचारी काम को संभालेंगे। इससे पहले काम में कर्मियों की कमी के चलते रुकावट बनी रहेगी। कर्मियों में दोबारा लगाने न लगाने को लेकर दुविधा बने हुए हैं। इसको लेकर सभी कर्मचारी बधुवार को उपायुक्त व मेयर को मिलेंगे। उधर, अधिकारियों का कहना है कि मंगलवार को रोजाना की तरह निरंतर काम चले हैं।
नाम न छापने की शर्त पर हटाए कर्मचारियों ने बताया कि मंगलवार सुबह करीब 280 कर्मचारियों को अपने-अपने काम पर काम करने से रोक दिया गया। कुछ समय पहले ठेकेदार नया आ गया है। इसके अंडर में एक जुलाई से काम शुरू होगा। इससे पहले ही उनकी 12 जून से बायोमेट्रिक नहीं लगवाई जा रही है। उनमें से कोई पिछले नौ साल तो कोई तीन साल से लगातार काम कर रहा है। ऐसी में उनको बाहर करना गलत होगा। सभी कर्मचारियों से बायोडाटा और शिक्षा संबंधी असली कागजात लिए हुए हैं।
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चर्चा में रही हटाए जाने के बात
मंगलवार को दिनभर कर्मचारियों में हटाए जाने की ही चर्चा रही। साथ ही ये चर्चा थी कि अब अधिकतर कर्मचारियों को उनके शिक्षा स्तर और अनुभव के लिहाज से हटाया जाएगा। क्योंकि पिछले ठेकेदार ने 10वीं पास को सुपरवाइजर लगाया हुआ है और मास्टर डिग्री व अनुभव कर्मी को पानी पिलाने जैसी जिम्मेदारियां दी हुईं थी। नए ठेकेदार का काम शुरू होते ही सबसे पहले योग्य पात्रों की छंटनी की जानी है।
फाइलें तो लीं, पर बताया कि काम में होगी देरी
सेक्टर-9 निवासी संतोष ने बताया कि वे जन्म प्रमाण पत्र की फाइल जमा करवाकर आई हैं। उसकी फाइल तो जमा करवा ली, पर कर्मचारी ने कहा कि कर्मचारी कम हैं। फाइल पूरी होने में कई दिनों का समय लगेगा।
-सदर बाजार निवासी राजीव सिंह ने बताया कि उन्हें सफाई को लेकर शिकायत की थी। शिकायत में उसे जवाब दिया कि कर्मचारी एक जुलाई के बाद आएंगे। इसके बाद ही काम हो पाएगा।
-गांधी कॉलोनी निवासी अजमेर सिंह ने बताया कि वे एसडीओ के पास अपनी फाइल को लेकर गए थे। एसडीओ ने फाइल के काम को पूरा करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है। बाहर आने पर पता चला कि कर्मचारी हटाए गए हैं।
एक जुलाई से नए ठेकेदार के अंडर काम करेंगे कर्मी
कर्मियों को अलग-अलग ठेकेदार के अंडर लगाया हुआ है। ठेका नए ठेकेदार के पास चला गया है। ऐसी स्थिति में एक जुलाई से कर्मचारी नए ठेकेदार के अंडर ही काम करेंगे। इस बार ठेकेदार के अंडर कर्मियों की शिक्षा और अनुभव के अनुसार ही काम दिया जाएगा। ताकि काम में तेजी और सुविधा बने रहे।
-धीरज कुमार, डीएमसी करनाल।
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करनाल। नगर निगम में ठेकेदारों के अंडर लगे करीब 280 कर्मचारियों को हटा दिया गया। इनमें ड्राइवर, हेल्पर, ऑपरेटर, बेलदार और सफाई कर्मचारी शामिल हैं। ऐसे में नगर निगम के काम रुक गए। निगम में अधिकतर कामों का जिम्मा ये ही कर्मी संभालते थे। मंगलवार को इन कर्मियों से किसी भी अधिकारी ने काम नहीं लिया। केवल आठ कर्मचारियों ने औपचारिकता के तौर पर लोगों की फाइलें जमा करवाने का काम किया।
एक जुलाई से नए ठेकेदारों के कर्मचारी काम को संभालेंगे। इससे पहले काम में कर्मियों की कमी के चलते रुकावट बनी रहेगी। कर्मियों में दोबारा लगाने न लगाने को लेकर दुविधा बने हुए हैं। इसको लेकर सभी कर्मचारी बधुवार को उपायुक्त व मेयर को मिलेंगे। उधर, अधिकारियों का कहना है कि मंगलवार को रोजाना की तरह निरंतर काम चले हैं।
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नाम न छापने की शर्त पर हटाए कर्मचारियों ने बताया कि मंगलवार सुबह करीब 280 कर्मचारियों को अपने-अपने काम पर काम करने से रोक दिया गया। कुछ समय पहले ठेकेदार नया आ गया है। इसके अंडर में एक जुलाई से काम शुरू होगा। इससे पहले ही उनकी 12 जून से बायोमेट्रिक नहीं लगवाई जा रही है। उनमें से कोई पिछले नौ साल तो कोई तीन साल से लगातार काम कर रहा है। ऐसी में उनको बाहर करना गलत होगा। सभी कर्मचारियों से बायोडाटा और शिक्षा संबंधी असली कागजात लिए हुए हैं।
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चर्चा में रही हटाए जाने के बात
मंगलवार को दिनभर कर्मचारियों में हटाए जाने की ही चर्चा रही। साथ ही ये चर्चा थी कि अब अधिकतर कर्मचारियों को उनके शिक्षा स्तर और अनुभव के लिहाज से हटाया जाएगा। क्योंकि पिछले ठेकेदार ने 10वीं पास को सुपरवाइजर लगाया हुआ है और मास्टर डिग्री व अनुभव कर्मी को पानी पिलाने जैसी जिम्मेदारियां दी हुईं थी। नए ठेकेदार का काम शुरू होते ही सबसे पहले योग्य पात्रों की छंटनी की जानी है।
फाइलें तो लीं, पर बताया कि काम में होगी देरी
सेक्टर-9 निवासी संतोष ने बताया कि वे जन्म प्रमाण पत्र की फाइल जमा करवाकर आई हैं। उसकी फाइल तो जमा करवा ली, पर कर्मचारी ने कहा कि कर्मचारी कम हैं। फाइल पूरी होने में कई दिनों का समय लगेगा।
-सदर बाजार निवासी राजीव सिंह ने बताया कि उन्हें सफाई को लेकर शिकायत की थी। शिकायत में उसे जवाब दिया कि कर्मचारी एक जुलाई के बाद आएंगे। इसके बाद ही काम हो पाएगा।
-गांधी कॉलोनी निवासी अजमेर सिंह ने बताया कि वे एसडीओ के पास अपनी फाइल को लेकर गए थे। एसडीओ ने फाइल के काम को पूरा करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है। बाहर आने पर पता चला कि कर्मचारी हटाए गए हैं।
एक जुलाई से नए ठेकेदार के अंडर काम करेंगे कर्मी
कर्मियों को अलग-अलग ठेकेदार के अंडर लगाया हुआ है। ठेका नए ठेकेदार के पास चला गया है। ऐसी स्थिति में एक जुलाई से कर्मचारी नए ठेकेदार के अंडर ही काम करेंगे। इस बार ठेकेदार के अंडर कर्मियों की शिक्षा और अनुभव के अनुसार ही काम दिया जाएगा। ताकि काम में तेजी और सुविधा बने रहे।
-धीरज कुमार, डीएमसी करनाल।