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नगर निगम की चेतानी : 15 सितंबर तक विकास शुल्क जमा नहीं कराया तो सील या ध्वस्त करेंगे भवन
Updated Sat, 18 Aug 2018 12:40 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। प्रदेश सरकार द्वारा गत अप्रैल माह में वैध की गई शहर की 23 कॉलोनियों के निवासियों पर संकट के बादल छा गए हैं। वैध होने की खुशी मिलने कुछ ही दिन बाद अब उनके द्वारा बनाए गए घरों पर सील होने या ध्वस्त होने की चेतावनी आ गई है। ये चेतावनी नगर निगम की ओर से जारी की गई है। नगर निगम की ओर से अवैध से वैध हुई कॉलोनियों के निवासियों को नोटिस भेजे जा रहे हैं, इसमें चेताया गया है कि 15 सितंबर तक वे प्रति गज एक हजार रुपये विकास शुल्क व नक्शा पास कराने आदि का खर्च जमा कराएं, ऐसा नहीं करने वालों के भवनों को सील किया जा सकता है। नोटिस मिलते ही कॉलोनी के लोगों में हड़कंप मच गया है। लोगों ने इसका खुले तौर पर विरोध किया है।
बता दें कि नगर निगम ने शहर में सर्वे करके 66 कॉलोनियों को वैध करने के लिए सरकार के पास प्रपोजल भेजा था। गत अप्रैल माह में सरकार द्वारा शहर की 23 कॉलोनियों को सशर्त वैध करार दे दिया गया। सरकार के इस फैसले से लोगों ने खुशी जताई थी, लेकिन उनकी खुशियां उस समय काफूर हो गई जब उन्हें नगर निगम का नोटिस मिला। नगर निगम के डीटीपी की ओर से जारी किये गए नोटिस में सीधे से चेताया गया है कि आगामी 15 सितंबर तक वे अपने बनाए गए मकानों का नक्शा पास कराएं, साथ एक हजार रुपये प्रति गज विकास शुल्क जमा कराएं। अगर ऐसा नहीं किया गया तो मकान सील किया जा सकता या फिर उसे ध्वस्त किया जा सकता है। इसके अलावा, नोटिस में नगर निगम अधिनियम 1994 का जिक्र करते हुए कहा गया है कि विकास शुल्क व संपत्ति कर वसूल करने के लिए निगम मकानों को बेच भी सकती है। इससे लोगों में के पसीने छूट गए हैं और खुलकर विरोध करने लग गए हैं।
वैध होने वाली कॉलोनी और उनके कलेक्टर रेट
कॉलोनी का नाम - क्षेत्र एकड़ में - कलेक्टर रेट
1. वसंत विहार - 59.22 - 6000
2. हकीकत नगर - 24.09 - 7000
3. लोधा गामड़ी - 0.34 - 15000
4. ओल्ड प्रितमपुरा - 11.69 - 3000
5. कृष्णा काम्पलेक्स - 3.31 - 15000
6. एलआईसी पार्ट-2 - 1 -15000
7. पॉम कॉलोनी - 27.35 - 6000
8. एसपी कॉलोनी - 15.44 - 7000
9. डीसी कॉलोनी - 5.29 - 7000
10. बैंक कॉलोनी - 20.17 - 7000
11. पुरानी दुर्गा कॉलोनी - 17.39 - 7000
12. न्यू दुर्गा कॉलोनी - 8.55 - 7000
13. नरेंद्र कॉलोनी - 16.35 - 7000
14. उत्तम नगर - 22.9 - 7000
15. सरस्वती कॉलोनी - 3.66 - 7000
16. एमसी कॉलोनी - 3. 23- 7000
17 . अशोक विहार - 18.72- 3500
18. इंद्रा कॉलोनी नजदीक झांझन - 6.72 - 1600
19. लवकुश कॉलोनी - 2.34 - 5500
20. पाल नगर कॉलोनी - 7.35 - 7000
21. पाल नगर कॉलोनी-1 - 4.40 - 7000
-22. सैदपुरा - 3.56 - 7000
23. संजय कॉलोनी - 7.69 - 1800
नोट : उक्त कॉलोनियों के मार्केट रेट इससे अधिक हैं।
कुछ का सीजरा नहीं मिला तो कुछ हैं पेंडिंग
शहर की पांच कॉलोनियों को वैध करने में सीजरे की दिक्कत आड़े आ गई। निगम अधिकारियों की मानें तो नाला पार, गोपी वाली गामड़ी, गप्पू वाला बाग, यमुना विहार व गुरुनानकपुरा का सीजरा ही नहीं मिला। सीजरा होता तो शायद 23 कॉलोनियों के साथ इन्हें भी वैध कर दिया जाता। इसके अलावा, इंद्रा कॉलानी, आरके पुरम, रोड कॉलोनी, पृथ्वी विहार, कनिका विहार, विकास कॉलोनी, कृष्णा कॉलोनी, राजीवपुरम, विजय नगर, मोती नगर, बाठ कॉलोनी, मंगल कॉलोनी, श्रीराम कॉलोनी, महावीर कॉलोनी, डींगा खेड़ा व विकास नगर की सूची शहरी स्थानीय निकाय निदेशक के पास है।
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नोटिस देने को 20 कर्मचारियों की लगाई ड्यूटी : डीटीपी
इस बारे में नगर निगम के डीटीपी धर्मपाल का कहना है कि सरकार के फैसले के अनुसार 23 कॉलोनियों को वैध किया गया है। इन कॉलोनियों में विकास कार्य शुरू कराने से पहले उन्हें विकास शुल्क जमा कराना होगा, साथ ही नक्शा भी पास कराना होगा। 23 कालोनियों के लोगों को नोटिस देने के लिए 20 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। 15 सितंबर तक लोग अपना टैक्स जमा करा सकते हैं।
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करनाल। प्रदेश सरकार द्वारा गत अप्रैल माह में वैध की गई शहर की 23 कॉलोनियों के निवासियों पर संकट के बादल छा गए हैं। वैध होने की खुशी मिलने कुछ ही दिन बाद अब उनके द्वारा बनाए गए घरों पर सील होने या ध्वस्त होने की चेतावनी आ गई है। ये चेतावनी नगर निगम की ओर से जारी की गई है। नगर निगम की ओर से अवैध से वैध हुई कॉलोनियों के निवासियों को नोटिस भेजे जा रहे हैं, इसमें चेताया गया है कि 15 सितंबर तक वे प्रति गज एक हजार रुपये विकास शुल्क व नक्शा पास कराने आदि का खर्च जमा कराएं, ऐसा नहीं करने वालों के भवनों को सील किया जा सकता है। नोटिस मिलते ही कॉलोनी के लोगों में हड़कंप मच गया है। लोगों ने इसका खुले तौर पर विरोध किया है।
बता दें कि नगर निगम ने शहर में सर्वे करके 66 कॉलोनियों को वैध करने के लिए सरकार के पास प्रपोजल भेजा था। गत अप्रैल माह में सरकार द्वारा शहर की 23 कॉलोनियों को सशर्त वैध करार दे दिया गया। सरकार के इस फैसले से लोगों ने खुशी जताई थी, लेकिन उनकी खुशियां उस समय काफूर हो गई जब उन्हें नगर निगम का नोटिस मिला। नगर निगम के डीटीपी की ओर से जारी किये गए नोटिस में सीधे से चेताया गया है कि आगामी 15 सितंबर तक वे अपने बनाए गए मकानों का नक्शा पास कराएं, साथ एक हजार रुपये प्रति गज विकास शुल्क जमा कराएं। अगर ऐसा नहीं किया गया तो मकान सील किया जा सकता या फिर उसे ध्वस्त किया जा सकता है। इसके अलावा, नोटिस में नगर निगम अधिनियम 1994 का जिक्र करते हुए कहा गया है कि विकास शुल्क व संपत्ति कर वसूल करने के लिए निगम मकानों को बेच भी सकती है। इससे लोगों में के पसीने छूट गए हैं और खुलकर विरोध करने लग गए हैं।
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वैध होने वाली कॉलोनी और उनके कलेक्टर रेट
कॉलोनी का नाम - क्षेत्र एकड़ में - कलेक्टर रेट
1. वसंत विहार - 59.22 - 6000
2. हकीकत नगर - 24.09 - 7000
3. लोधा गामड़ी - 0.34 - 15000
4. ओल्ड प्रितमपुरा - 11.69 - 3000
5. कृष्णा काम्पलेक्स - 3.31 - 15000
6. एलआईसी पार्ट-2 - 1 -15000
7. पॉम कॉलोनी - 27.35 - 6000
8. एसपी कॉलोनी - 15.44 - 7000
9. डीसी कॉलोनी - 5.29 - 7000
10. बैंक कॉलोनी - 20.17 - 7000
11. पुरानी दुर्गा कॉलोनी - 17.39 - 7000
12. न्यू दुर्गा कॉलोनी - 8.55 - 7000
13. नरेंद्र कॉलोनी - 16.35 - 7000
14. उत्तम नगर - 22.9 - 7000
15. सरस्वती कॉलोनी - 3.66 - 7000
16. एमसी कॉलोनी - 3. 23- 7000
17 . अशोक विहार - 18.72- 3500
18. इंद्रा कॉलोनी नजदीक झांझन - 6.72 - 1600
19. लवकुश कॉलोनी - 2.34 - 5500
20. पाल नगर कॉलोनी - 7.35 - 7000
21. पाल नगर कॉलोनी-1 - 4.40 - 7000
-22. सैदपुरा - 3.56 - 7000
23. संजय कॉलोनी - 7.69 - 1800
नोट : उक्त कॉलोनियों के मार्केट रेट इससे अधिक हैं।
कुछ का सीजरा नहीं मिला तो कुछ हैं पेंडिंग
शहर की पांच कॉलोनियों को वैध करने में सीजरे की दिक्कत आड़े आ गई। निगम अधिकारियों की मानें तो नाला पार, गोपी वाली गामड़ी, गप्पू वाला बाग, यमुना विहार व गुरुनानकपुरा का सीजरा ही नहीं मिला। सीजरा होता तो शायद 23 कॉलोनियों के साथ इन्हें भी वैध कर दिया जाता। इसके अलावा, इंद्रा कॉलानी, आरके पुरम, रोड कॉलोनी, पृथ्वी विहार, कनिका विहार, विकास कॉलोनी, कृष्णा कॉलोनी, राजीवपुरम, विजय नगर, मोती नगर, बाठ कॉलोनी, मंगल कॉलोनी, श्रीराम कॉलोनी, महावीर कॉलोनी, डींगा खेड़ा व विकास नगर की सूची शहरी स्थानीय निकाय निदेशक के पास है।
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नोटिस देने को 20 कर्मचारियों की लगाई ड्यूटी : डीटीपी
इस बारे में नगर निगम के डीटीपी धर्मपाल का कहना है कि सरकार के फैसले के अनुसार 23 कॉलोनियों को वैध किया गया है। इन कॉलोनियों में विकास कार्य शुरू कराने से पहले उन्हें विकास शुल्क जमा कराना होगा, साथ ही नक्शा भी पास कराना होगा। 23 कालोनियों के लोगों को नोटिस देने के लिए 20 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। 15 सितंबर तक लोग अपना टैक्स जमा करा सकते हैं।