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मौसम बदलने पर बुखार, जुकाम, खांसी का प्रकोप बढ़ा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 04 Sep 2021 11:47 PM IST
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The outbreak of fever, cold, cough increased due to change in weather
The outbreak of fever, cold, cough increased due to change in weather - फोटो : Kaithal
बदलते मौसम में लोग वायरल बुखार, खांसी व जुकाम जैसी सामान्य बीमारियों से पीड़ित हैं। जिला अस्पताल सहित प्राइवेट अस्पतालों में इन बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ रही है। ये संक्रामक रोग हैं, जो एक दूसरे के संपर्क में आने से बढ़ जाते हैं।
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चिकित्सकों ने लोगों को स्वच्छता बनाए रखने की अपील की है। हालांकि तीनों खांसी, जुकाम व बुखार कोरोना से संबंधित लक्षण भी हैं। फिर भी अस्पताल में कोरोना जांच करवाने वालों की संख्या पहले से कम है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिला वासियों से ज्यादा से ज्यादा संख्या में जांच करवाने की अपील की जा रही है, लेकिन लोग कोरोना की जांच करवाने से किनारा कर रहे हैं।
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इस समय नागरिक अस्पताल में रोजाना औसतन 200 से 300 मरीजों की सामान्य ओपीडी हो रही है। इन मरीजों में एक चौथाई अर्थात 70 व्यक्ति ऐसे हैं, जो खांसी, जुकाम या बुखार से पीड़ित होते हैं और इलाज के लिए नागरिक अस्पताल में पहुंच रहे हैं। इनमें से ज्यादातर मरीजों की कोरोना जांच नहीं हो रही। चिकित्सक भी अपने विवेक के अनुसार ही कुछेक मरीजों को कोरोना जांच करवाने के लिए परामर्श दे रहे हैं।
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अस्पताल में आज से तीन महीने पहले जिस गति से सैंपलिंग का कार्य हो रहा था, वह भी अब कम हो गया है। पहले रोजाना 500 से ज्यादा लोगों के सैंपल नागरिक अस्पताल में हो रहे थे, वे अब घटकर 150 तक रह गए हैं। पूरे जिले की बात करें तो 700 से 800 के बीच ही व्यक्तियों के सैंपल लिए जा रहे हैं। जबकि पहले यह आंकड़ा 1500 तक पहुंच गया था।
खांसी, जुकाम और बुखार जैसे लक्षण दिखने पर लोग कोरोना जांच नहीं करवा रहे हैं। कोरोना की जांच केवल उसी समय करवाई जा रही है, जब लोगों से किसी प्रकार की कागजी कार्रवाई को पूरा करने के लिए सरकारी अथवा निजी कार्यालयों में रिपोर्ट मांगी जाती है। अपनी मर्जी से अस्पताल में सैंपल देने के लिए पहुंचने वाले लोगों की संख्या अब न के बराबर हो गई है।
इस संबंध में जिला नागरिक अस्पताल के प्रधान चिकित्सा अधिकारी डॉ. शैलेंद्र ममगाईं शैली ने कहा कि अस्पताल में पहुंचने वाले केवल उन्हीं मरीजों की कोरोना जांच करवाई जा रही है, जिनमें खांसी, जुकाम और बुखार के अलावा और भी अन्य लक्षण दिखते हैं। इस संबंध में डॉक्टर अपने विवेक से भी मरीजों की सैंपलिंग करवाते हैं। उन्होंने जिला वासियों से यह अपील भी की कि कोरोना पर नियंत्रण पाने के लिए जांच करवाएं। खांसी, बुखार व जुकाम संक्रामक रोग होते हैं। इसीलिए बीमार व्यक्ति से संपर्क के दौरान सावधान रहें। छींकते समय मुंह व नाक को ढक लें, कोई भी तली हुई या जंकफूड व फास्टफूड न खाएं। प्रयास करें कि जो भी खा रहे हैं, उससे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़े।

शाह अस्पताल में इमरजेंसी प्रभारी डॉ. राजेश शर्मा ने कहा कि इस समय खांसी, जुकाम, गला खराब व बुखार जैसी सामान्य बीमारियां ज्यादा हैं। जो संक्रामक रोग हैं। एक दूसरे से फैल जाती हैं। इससे बचाव के लिए स्वच्छता रखें और ज्यादा हालत गंभीर महसूस हो तो तुरंत चिकित्सक को दिखाएं।
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