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हजवाना के सतपाल नौसेना में मिला कमीशन
ब्यूरो/अमर उजाला/कैथ्ाल
Updated Tue, 01 Dec 2015 12:14 AM IST
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गांव हजवाना में छोटी जोत के किसान के बेटे ने अपनी कड़ी मेहनत के बल पर अपने सपने को साकार कर न केवल परिवार का बल्कि पूरे जिले का नाम रोशन किया है। गांव के सतपाल सिंह (22) ने जल सेना में कमीशन हासिल किया है। चार साल की ट्रेनिंग के बाद उसे बतौर लेफ्टिनेंट महाराष्ट्र में नियुक्ति मिली है। पूरे परिवार में जश्न का माहौल है।
दूरभाष पर बातचीत में सतपाल सिंह ने बताया कि वह बचपन से ही नेवी में जाना चाहता था। कक्षा चौथी में उसका दाखिला स्पोर्ट्स स्कूल राई में हो गया था। जहां से बारहवीं कक्षा पास की। इसके बाद उसने एनडीए की परीक्षा दी। परीक्षा में कड़ी मेहनत से सफलता हासिल की।
उसे नेशनल डिफेंस अकादमी में चार साल के लिए चयनित कर लिया गया। उसने यहां 29 जुलाई, 2011 से 26 नवंबर, 2015 तक चार साल की ट्रेनिंग हासिल की। 26 नवंबर को उनके बैच ने ट्रेनिंग सफलतापूर्वक पूरी की। इस दिन चीफ ऑफ नेवल स्टाफ एडमिरल आरके धवन ने कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि भाग लिया।
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इस अवसर पर उनके पिता जयभगवान सिंह भी वहां पहुंचे थे। उन्हें ट्रेनिंग के साथ-साथ उसे जवाहर लाल यूनिवर्सिटी (जेएनयू) दिल्ली से बीटेक की डिग्री भी मिली है। समारोह में ट्रेनिंग पूरी कर चुके सभी विद्यार्थियों को डिग्री दी गई। जिससे उनकी नियुक्ति का रास्ता साफ हो गया है। वे 18 सितंबर को महाराष्ट्र में बतौर लेफ्टिनेंट ज्वाइन करेंगे।
पिता जयभगवान ने बताया कि वे गांव में छोटी जोत के किसान हैं लेकिन बेटे की पढ़ाई को देखते हुए उन्हें विश्वास था कि वह एक दिन ऊंचा मुकाम हासिल करेगा। इस बात का फख्र है कि उनके बेटे ने सेना ज्वाइन करके उनका सीना चौड़ा कर दिया है। हॉकी में वह चार बार नेशनल लेवल पर खेल चुका है।
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दूरभाष पर बातचीत में सतपाल सिंह ने बताया कि वह बचपन से ही नेवी में जाना चाहता था। कक्षा चौथी में उसका दाखिला स्पोर्ट्स स्कूल राई में हो गया था। जहां से बारहवीं कक्षा पास की। इसके बाद उसने एनडीए की परीक्षा दी। परीक्षा में कड़ी मेहनत से सफलता हासिल की।
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उसे नेशनल डिफेंस अकादमी में चार साल के लिए चयनित कर लिया गया। उसने यहां 29 जुलाई, 2011 से 26 नवंबर, 2015 तक चार साल की ट्रेनिंग हासिल की। 26 नवंबर को उनके बैच ने ट्रेनिंग सफलतापूर्वक पूरी की। इस दिन चीफ ऑफ नेवल स्टाफ एडमिरल आरके धवन ने कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि भाग लिया।
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इस अवसर पर उनके पिता जयभगवान सिंह भी वहां पहुंचे थे। उन्हें ट्रेनिंग के साथ-साथ उसे जवाहर लाल यूनिवर्सिटी (जेएनयू) दिल्ली से बीटेक की डिग्री भी मिली है। समारोह में ट्रेनिंग पूरी कर चुके सभी विद्यार्थियों को डिग्री दी गई। जिससे उनकी नियुक्ति का रास्ता साफ हो गया है। वे 18 सितंबर को महाराष्ट्र में बतौर लेफ्टिनेंट ज्वाइन करेंगे।
पिता जयभगवान ने बताया कि वे गांव में छोटी जोत के किसान हैं लेकिन बेटे की पढ़ाई को देखते हुए उन्हें विश्वास था कि वह एक दिन ऊंचा मुकाम हासिल करेगा। इस बात का फख्र है कि उनके बेटे ने सेना ज्वाइन करके उनका सीना चौड़ा कर दिया है। हॉकी में वह चार बार नेशनल लेवल पर खेल चुका है।