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Kaithal News: स्टेडियम में उगी है लंबी घास, पीने के पानी की व्यवस्था नहीं
Sat, 06 Sep 2025 11:57 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 06 Sep 2025 11:57 PM IST
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38 कैथल। सीवन खंड के मलिकपुर गांव में बदहाल हुआ स्टेडियम। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
सीवन, कैथल। खंड के मलिकपुर गांव में बना एकमात्र राजीव गांधी खेल स्टेडियम बदहाली के आंसू बहा रहा है। इसकी संभाल न खेल विभाग कर रहा है और ना ही सरकार कोई संज्ञान ले रही है। यहां अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यहां पर स्थिति यह तक बन चुकी है कि स्टेडियम की चारदीवारी तक टूट चुकी है। बता दें कि गुहला से कांग्रेस विधायक देवेंद्र हंस सीवन के निवासी हैं और यह खेल स्टेडियम सीवन खंड के अधीन आता है। यहां खिलाड़ियों के लिए न तो मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हैं और न ही स्टेडियम की हालत ऐसी है कि किसी प्रकार का खेल आयोजन किया जा सके। यह स्टेडियम सीवन नगर से करीब पांच किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।
वहां तक पहुंचने के लिए कोई परिवहन सुविधा नहीं है। इस कारण से स्थानीय खिलाड़ी भी यहां आने से बचते हैं। स्टेडियम के मैदान में बड़ी-बड़ी घास उगी है और बारिश के समय कीचड़ हो जाता है। दर्शक दीर्घा के लिए बनाई गई सीढि़यों वाली जगह जर्जर हो चुकी है और बैठने की उचित व्यवस्था भी नहीं है। स्टेडियम में पीने के पानी की कोई व्यवस्था नहीं है। पहले लगाए गए नलकूप और ट्यूबवेल टूट चुके हैं। शौचालय की हालत भी खराब है। टूटे दरवाजों को सरकार ने एक बार फिर से लगवाया जरूर है, लेकिन उन पर ताले लटकते रहते हैं।
बदहाल हालात में है स्टेडियम:
सीवन उपतहसील तो है ही साथ ही नगर पालिका भी बन गया है। इसके बाद भी शर्म की बात है कि अब तक यहां खिलाड़ियों के लिए बुनियादी सुविधाओं वाला खेल स्टेडियम तक नहीं है। खिलाड़ी जिले, प्रदेश, राष्ट्रीय और यहां तक कि अंतरराष्ट्रीय स्तर तक नाम कमा रहे हैं। सुविधाओं के अभाव में उन्हें बाहर जाकर तैयारी करनी पड़ रही है। राजीव गांधी खेल स्टेडियम की रिपेयर करवानी होनी चाहिए ताकि खिलाड़ियों को फायदा हो।
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- अरुण शर्मा, अंतरराष्ट्रीय एथलीट।
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दम तोड़ रही ग्रामीण प्रतिभाएं
इतने बड़े नगर में यदि एक नया खेल स्टेडियम बनाया जाता है तो असंख्य प्रतिभाओं को अवसर मिलेगा। वर्तमान में सुविधाओं की कमी के कारण ग्रामीण क्षेत्रों की कई प्रतिभाएं दम तोड़ देती हैं। अभिभावक खेलने के लिए बाहर भेजने से मना कर देते हैं और खिलाड़ियों का अभ्यासबंद हो जाता है।
- कोमल, बैडमिंटन खिलाड़ी।
अभ्यास के लिए जाना पड़ता है कैथल
नगर से दूर स्टेडियम होने के कारण उन्हें भारी परेशानी उठानी पड़ती है। रोजाना उन्हें अभ्यास के लिए कैथल जाना पड़ता है और देर शाम वापस लौटना पड़ता है। एक लड़की के लिए रोजाना इतनी दूर जाना और देर रात घर लौटना मुश्किलों से भरा है। प्रशासन को चाहिए कि सीवन में भी स्टेडियम बनाया जाए।
- श्वेता, क्रिकेट खिलाड़ी।
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पंचायत की तरफ से स्टेडियम में कई कार्य करवाए गए हैं। इनमें मुख्य द्वार, पानी की व्यवस्था, शौचालय की मरम्मत, ब्लाक लगवाना, लाइट का प्रबंध और साथ ही ओपन जिम लगाना शामिल है। समस्याओं को लेकर जिला खेल अधिकारी को भी पत्र लिखा गया है।
- गुरमीत कौर, सरपंच गांव मलिकपुर।
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विधानसभा में उठाएंगे आवाज : विधायक
जिले में स्टेडियम की स्थिति काफी खराब है। चाहे मलिकपुर का स्टेडियम हो या खानपुर का। खेलों के मामले में सरकार की कोई गंभीरता नजर नहीं आती। सरकार खिलाड़ियों से तो पदक की उम्मीद रखती है, लेकिन मैदान और सुविधाओं के मामले में व्यवस्थाएं चौपट हैं। इस मुद्दे को वे पहले भी विधानसभा में उठा चुके हैं। आने वाले विधानसभा सत्र में भी खेल स्टेडियमों की मरम्मत और सुविधाओं के लिए आवाज उठाते रहेंगे।
- देवेंद्र हंस, कांग्रेस विधायक।
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सीवन, कैथल। खंड के मलिकपुर गांव में बना एकमात्र राजीव गांधी खेल स्टेडियम बदहाली के आंसू बहा रहा है। इसकी संभाल न खेल विभाग कर रहा है और ना ही सरकार कोई संज्ञान ले रही है। यहां अभ्यास करने वाले खिलाड़ियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यहां पर स्थिति यह तक बन चुकी है कि स्टेडियम की चारदीवारी तक टूट चुकी है। बता दें कि गुहला से कांग्रेस विधायक देवेंद्र हंस सीवन के निवासी हैं और यह खेल स्टेडियम सीवन खंड के अधीन आता है। यहां खिलाड़ियों के लिए न तो मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हैं और न ही स्टेडियम की हालत ऐसी है कि किसी प्रकार का खेल आयोजन किया जा सके। यह स्टेडियम सीवन नगर से करीब पांच किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।
वहां तक पहुंचने के लिए कोई परिवहन सुविधा नहीं है। इस कारण से स्थानीय खिलाड़ी भी यहां आने से बचते हैं। स्टेडियम के मैदान में बड़ी-बड़ी घास उगी है और बारिश के समय कीचड़ हो जाता है। दर्शक दीर्घा के लिए बनाई गई सीढि़यों वाली जगह जर्जर हो चुकी है और बैठने की उचित व्यवस्था भी नहीं है। स्टेडियम में पीने के पानी की कोई व्यवस्था नहीं है। पहले लगाए गए नलकूप और ट्यूबवेल टूट चुके हैं। शौचालय की हालत भी खराब है। टूटे दरवाजों को सरकार ने एक बार फिर से लगवाया जरूर है, लेकिन उन पर ताले लटकते रहते हैं।
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बदहाल हालात में है स्टेडियम:
सीवन उपतहसील तो है ही साथ ही नगर पालिका भी बन गया है। इसके बाद भी शर्म की बात है कि अब तक यहां खिलाड़ियों के लिए बुनियादी सुविधाओं वाला खेल स्टेडियम तक नहीं है। खिलाड़ी जिले, प्रदेश, राष्ट्रीय और यहां तक कि अंतरराष्ट्रीय स्तर तक नाम कमा रहे हैं। सुविधाओं के अभाव में उन्हें बाहर जाकर तैयारी करनी पड़ रही है। राजीव गांधी खेल स्टेडियम की रिपेयर करवानी होनी चाहिए ताकि खिलाड़ियों को फायदा हो।
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- अरुण शर्मा, अंतरराष्ट्रीय एथलीट।
दम तोड़ रही ग्रामीण प्रतिभाएं
इतने बड़े नगर में यदि एक नया खेल स्टेडियम बनाया जाता है तो असंख्य प्रतिभाओं को अवसर मिलेगा। वर्तमान में सुविधाओं की कमी के कारण ग्रामीण क्षेत्रों की कई प्रतिभाएं दम तोड़ देती हैं। अभिभावक खेलने के लिए बाहर भेजने से मना कर देते हैं और खिलाड़ियों का अभ्यासबंद हो जाता है।
- कोमल, बैडमिंटन खिलाड़ी।
अभ्यास के लिए जाना पड़ता है कैथल
नगर से दूर स्टेडियम होने के कारण उन्हें भारी परेशानी उठानी पड़ती है। रोजाना उन्हें अभ्यास के लिए कैथल जाना पड़ता है और देर शाम वापस लौटना पड़ता है। एक लड़की के लिए रोजाना इतनी दूर जाना और देर रात घर लौटना मुश्किलों से भरा है। प्रशासन को चाहिए कि सीवन में भी स्टेडियम बनाया जाए।
- श्वेता, क्रिकेट खिलाड़ी।
पंचायत की तरफ से स्टेडियम में कई कार्य करवाए गए हैं। इनमें मुख्य द्वार, पानी की व्यवस्था, शौचालय की मरम्मत, ब्लाक लगवाना, लाइट का प्रबंध और साथ ही ओपन जिम लगाना शामिल है। समस्याओं को लेकर जिला खेल अधिकारी को भी पत्र लिखा गया है।
- गुरमीत कौर, सरपंच गांव मलिकपुर।
विधानसभा में उठाएंगे आवाज : विधायक
जिले में स्टेडियम की स्थिति काफी खराब है। चाहे मलिकपुर का स्टेडियम हो या खानपुर का। खेलों के मामले में सरकार की कोई गंभीरता नजर नहीं आती। सरकार खिलाड़ियों से तो पदक की उम्मीद रखती है, लेकिन मैदान और सुविधाओं के मामले में व्यवस्थाएं चौपट हैं। इस मुद्दे को वे पहले भी विधानसभा में उठा चुके हैं। आने वाले विधानसभा सत्र में भी खेल स्टेडियमों की मरम्मत और सुविधाओं के लिए आवाज उठाते रहेंगे।
- देवेंद्र हंस, कांग्रेस विधायक।

38 कैथल। सीवन खंड के मलिकपुर गांव में बदहाल हुआ स्टेडियम। संवाद

38 कैथल। सीवन खंड के मलिकपुर गांव में बदहाल हुआ स्टेडियम। संवाद

38 कैथल। सीवन खंड के मलिकपुर गांव में बदहाल हुआ स्टेडियम। संवाद