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Kaithal News: कलायत ः वर्क ऑर्डर के बाद भी लटका दिए निर्माण कार्य

Wed, 18 Sep 2024 04:44 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल Updated Wed, 18 Sep 2024 04:44 AM IST
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Kalayat: Construction work put on hold even after work order
संवाद न्यूज एजेंसी
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कलायत। कलायत शहर के विभिन्न वार्डों में नगर पालिका की ओर से अचानक करोड़ों रुपये के निर्माण कार्य को बीच में रोकने से अव्यवस्था का आलम है। इसके चलते लोगोंं को बेहद परेशानी से दो-चार होना पड़ रहा है।

आनन-फानन में गलियोंं का कार्य बंद करने से भारी अव्यवस्था की स्थिति बनी है। हालात इस कदर खराब हैं कि लोगों का बिना बरसात भी घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है जबकि बारिश में गलियां कीचड़ से लबालब हो जाती हैं।
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अनियमितता दूर करने की बजाय बंद कर दिया निर्माण कार्य ः निर्माण कार्य को रोकने से शहर मेंं कहीं गलियां उखड़ी हैं, कहीं मिट्टी की लेयर बिछी है, कहीं रोड़ा बिखरा है, कहीं ब्लॉक्स कार्य बीच मेंं है और आधी गली पक्की है।
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राजकुमार, विकास सरीन, ईश्वर सिंह, जोगेंद्र सिंह व सुरेश कुमार का कहना है कि गलियों के निर्माण में व्यापक स्तर पर अनियमितताएं की जा रही थी। इसको लेकर जब लोगों ने शिकायत की तो नगर पालिका ने समस्या का निवारण करने की बजाय निर्माण कार्य को ही बीच अधर बंद करवा दिया। कहीं न कहीं अधिकारियों की मंशा पारदर्शिता से कार्य न करने की है। यही वजह है गड़बड़ी को दूर करने की बजाए कार्य को रुकवा कर अधिकारी चलते बने।

नगर पालिका सचिव पवन शर्मा ने बताया कि पालिका का लक्ष्य पारदर्शिता से निर्माण कार्य को पूरा करना है। जिन अनियमितताओं को लेकर लोग शिकायत कर रहे हैं उसके मद्देनजर पालिका अभियंता की नियुक्ति को लेकर प्रशासन गंभीर है। अभियंता की नियुक्ति के बाद निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।


दूसरी ओर लोगों का कहना है कि पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के पहले कार्यकाल में घोषित अग्रसेन पार्क, भगवान परशुराम सामुदायिक केंद्र, महाराणा प्रताप सामुदायिक केंद्र अभी तक भी अधूरे ही पड़े हैं। करीब पांच करोड़ की लागत से बनने वाला अग्रसेन पार्क 10 सालों में भी पूरा नहीं हो पाया। इस पार्क में मुख्यद्वार ही नहीं लगाए जा सके जिससे यह पार्क केवल आवारा पशुओं की शरणस्थली बन कर रह गया है।
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