{"_id":"64f24a86d4b49f2da40d3b36","slug":"hsgpc-voter-will-not-be-able-to-become-a-sikh-without-keshdhari-and-without-tasting-nectar-kaithal-news-c-245-1-kht1001-3975-2023-09-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaithal News: बिना केशधारी व अमृत न चखे हुआ सिख नहीं बन पाएगा एचएसजीपीसी का मतदाता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaithal News: बिना केशधारी व अमृत न चखे हुआ सिख नहीं बन पाएगा एचएसजीपीसी का मतदाता
Sat, 02 Sep 2023 02:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Sat, 02 Sep 2023 02:03 AM IST
विज्ञापन
कमल बहल
कैथल। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव की आहट शुरू हो चुकी है। इसके तहत शुक्रवार से मत बनाने का कार्य शुरू कर दिया है। एचएसजीपीसी चुनाव के तहत कैथल जिले में तीन हलके बनाए गए हैं। वहीं, बिना केशधारी व अमृत न चखे हुआ सिख एचएसजीपीसी का मतदाता नहीं बन पाएगा। यह नियम मत के लिए आवेदन के फार्म में नियमों व शर्ताें के लिए बनाए गए हैं।
गौरतलब है कि पूरे जिले में 50 हजार से अधिक सिख मतदाता हैं, जो चारों विधानसभा के चुनावों में अपने मत का प्रयोग करते हैं। वहीं, एचएसजीपीसी के तीनों हलकों में चार सदस्य हैं। एचएसजीपीसी के चुनाव को लेकर जिले में तीन हल्के बनाए गए हैं। यह कांगथली, गुहला और कैथल हैं। मत बनाने की प्रक्रिया संपन्न होने के बाद अब चुनाव की घोषणा के बाद तीन हलकों में ही इस संगठन का चुनाव होगा।
शुक्रवार से संगठन के मत बनाने के लिए प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। मत बनाने के लिए संबंधित हल्के के एसडीएम को पर्यवेक्षक बनाया गया है। इन चुनावों में एचएसजीपीसी के साथ ही अकाली दल की हरियाणा इकाई भी अपना भाग्य अजमाएगी। अकाली दल हरियाणा की इकाई का कहना है कि वह गांव-गांव में जाकर मत बनाएंगे। इसके साथ ही साथ ही चुनाव भी लड़ेंगे। वहीं, यदि कोई सिख समाज का व्यक्ति प्रदेश सरकार की तरफ से जारी किए गए नियमों को पूरा करता है तो वह आवेदन फार्म को अपने संबंधित हल्का के पटवारी के पास या एसडीएम कार्यालय में जमा करवा सकता है। इसके बाद उसकी मत बन जाएगी।
विज्ञापन
मत बनाने के लिए आवेदन फार्म में दी गई शपथ व शर्तें-
- केशधारी हूं।
- किसी भी प्रकार से धूम्रपान नहीं करता।
- दाढ़ी या केसों को साफ या उनकी हजामत नहीं करवाता।
- मादक पेय नहीं लेता।
- पतित नहीं हूं।
- 18 वर्ष की आयु पूरी करता हूं।
- गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के अलावा अन्य किसी वार्ड की निर्वाचक नियमावली में नाम दर्ज करवाने के लिए आवेदन नहीं किया है।
शुरू हो चुका है नए मतदाता बनना
हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के सदस्य व कैथल प्रभारी अंग्रेज सिंह गुराया ने बताया कि उन्हें एक पत्र मिला है। इसके अनुसार ही कमेटी के चुनाव प्रकिया के तहत नए मतदाता बनने शुरू हो चुके हैं। एचएसजीपीसी संगठन के चुनाव को लेकर अभी सक्रिय कमेटी सरकार की सभी हिदायतों का पालन करेगी। गुराया ने कहा कि हरियाणा के सिख समाज के लोगों को भी इस चुनाव प्रक्रिया में हिस्सा लेने का पूरा अधिकार है।
सभी को चुनाव लड़ने का अधिकार
वहीं, अकाली दल हरियाणा इकाई के प्रधान शरणजीत सिंह सौथा ने बताया कि लोकतंत्र में सभी को चुनाव लड़ने का अधिकार प्राप्त है। ऐसे में अकाली दल हरियाणा भी हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के चुनाव में हिस्सा लेगी। इसके लिए पार्टी के कार्यकर्ता लगातार गांव-गांव जाकर मत बनाएंगे। इसके लिए शुक्रवार से ही सभी कार्यकर्ताओं की ड्यूटियां लगा दी गई हैं। इस बार एचएसजीपीसी के चुनावाें में अकाली दल हरियाणा इकाई अपनी पूरी ताकत झोंकेगा।
वर्जन
एसडीएम कपिल कुमार ने बताया कि हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव को लेकर नायब तहसीलदार आशीष कुमार को सहायक पर्यवेक्षण बनाया गया है। उन्होंने पटवारियों की ड्यूटियां लगाई गई है। यह प्रक्रिया शुक्रवार से शुरू हो चुकी है।
विज्ञापन
कैथल। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव की आहट शुरू हो चुकी है। इसके तहत शुक्रवार से मत बनाने का कार्य शुरू कर दिया है। एचएसजीपीसी चुनाव के तहत कैथल जिले में तीन हलके बनाए गए हैं। वहीं, बिना केशधारी व अमृत न चखे हुआ सिख एचएसजीपीसी का मतदाता नहीं बन पाएगा। यह नियम मत के लिए आवेदन के फार्म में नियमों व शर्ताें के लिए बनाए गए हैं।
गौरतलब है कि पूरे जिले में 50 हजार से अधिक सिख मतदाता हैं, जो चारों विधानसभा के चुनावों में अपने मत का प्रयोग करते हैं। वहीं, एचएसजीपीसी के तीनों हलकों में चार सदस्य हैं। एचएसजीपीसी के चुनाव को लेकर जिले में तीन हल्के बनाए गए हैं। यह कांगथली, गुहला और कैथल हैं। मत बनाने की प्रक्रिया संपन्न होने के बाद अब चुनाव की घोषणा के बाद तीन हलकों में ही इस संगठन का चुनाव होगा।
विज्ञापन
शुक्रवार से संगठन के मत बनाने के लिए प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। मत बनाने के लिए संबंधित हल्के के एसडीएम को पर्यवेक्षक बनाया गया है। इन चुनावों में एचएसजीपीसी के साथ ही अकाली दल की हरियाणा इकाई भी अपना भाग्य अजमाएगी। अकाली दल हरियाणा की इकाई का कहना है कि वह गांव-गांव में जाकर मत बनाएंगे। इसके साथ ही साथ ही चुनाव भी लड़ेंगे। वहीं, यदि कोई सिख समाज का व्यक्ति प्रदेश सरकार की तरफ से जारी किए गए नियमों को पूरा करता है तो वह आवेदन फार्म को अपने संबंधित हल्का के पटवारी के पास या एसडीएम कार्यालय में जमा करवा सकता है। इसके बाद उसकी मत बन जाएगी।
विज्ञापन
मत बनाने के लिए आवेदन फार्म में दी गई शपथ व शर्तें-
- केशधारी हूं।
- किसी भी प्रकार से धूम्रपान नहीं करता।
- दाढ़ी या केसों को साफ या उनकी हजामत नहीं करवाता।
- मादक पेय नहीं लेता।
- पतित नहीं हूं।
- 18 वर्ष की आयु पूरी करता हूं।
- गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के अलावा अन्य किसी वार्ड की निर्वाचक नियमावली में नाम दर्ज करवाने के लिए आवेदन नहीं किया है।
शुरू हो चुका है नए मतदाता बनना
हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के सदस्य व कैथल प्रभारी अंग्रेज सिंह गुराया ने बताया कि उन्हें एक पत्र मिला है। इसके अनुसार ही कमेटी के चुनाव प्रकिया के तहत नए मतदाता बनने शुरू हो चुके हैं। एचएसजीपीसी संगठन के चुनाव को लेकर अभी सक्रिय कमेटी सरकार की सभी हिदायतों का पालन करेगी। गुराया ने कहा कि हरियाणा के सिख समाज के लोगों को भी इस चुनाव प्रक्रिया में हिस्सा लेने का पूरा अधिकार है।
सभी को चुनाव लड़ने का अधिकार
वहीं, अकाली दल हरियाणा इकाई के प्रधान शरणजीत सिंह सौथा ने बताया कि लोकतंत्र में सभी को चुनाव लड़ने का अधिकार प्राप्त है। ऐसे में अकाली दल हरियाणा भी हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के चुनाव में हिस्सा लेगी। इसके लिए पार्टी के कार्यकर्ता लगातार गांव-गांव जाकर मत बनाएंगे। इसके लिए शुक्रवार से ही सभी कार्यकर्ताओं की ड्यूटियां लगा दी गई हैं। इस बार एचएसजीपीसी के चुनावाें में अकाली दल हरियाणा इकाई अपनी पूरी ताकत झोंकेगा।
वर्जन
एसडीएम कपिल कुमार ने बताया कि हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनाव को लेकर नायब तहसीलदार आशीष कुमार को सहायक पर्यवेक्षण बनाया गया है। उन्होंने पटवारियों की ड्यूटियां लगाई गई है। यह प्रक्रिया शुक्रवार से शुरू हो चुकी है।