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Kaithal News: पूजा अर्चना कर अमरगढ़ गामड़ी में होलिका दहन
Mon, 25 Mar 2024 03:18 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Mon, 25 Mar 2024 03:18 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। श्री अमर दादा खेड़ा सेवा समिति की ओर से अमरगढ़ गामड़ी में होलिका दहन किया गया। विदित रहे कि समिति के सदस्य बीते 41 वर्ष से लगातार हर वर्ष होलिका का दहन करते हैं। अमरगढ़ गामड़ी में होलिका दहन से पूर्व दिन के समय में विशेष रूप से पूजा अर्चना की जाती है।
इसमें अमरगढ़ गामड़ी सहित, हुड्डा सेक्टर, रेलवे फाटक कॉलोनी सहित अन्य कई कॉलोनियों के श्रद्धालु शामिल होते हैं। होलिका दहन के दौरान बच्चे गोबर से बने चांद, बेर, जल, प्रसाद होलिका में चढ़ाते हैं। पूजा के दौरान श्रद्धालु अपनी मन्नत मांगते हैं व धागा बांधकर होलिका की परिक्रमा करते हैं।
समिति के प्रधान पार्षद रामफल सैनी ने बताया कि अमरगढ़ गामड़ी में बीते 41 वर्ष से हमारे बुजुर्ग उत्साह पूर्वक होलिका का दहन करते आ रहे हैं। बीते 30 वर्ष से श्री अमर दादा खेड़ा सेवा समिति गठित की गई। तब से समिति के सदस्य होलिका का दहन करते आ रहे हैं। देर रात होलिका का दहन किया गया।
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उन्होंने बताया कि शुरू से ही शहर में दो जगहों पर ही होलिका का दहन होता था। एक अमरगढ़ व दूसरा माता गेट। बाद में शहर में कई कॉलोनी में होलिका का दहन होने लगा। इस अवसर पर समिति के सदस्य रवि, सन्नी, जयपाल, श्रीराम, नरेश वर्मा, राकेश, रिंकू, कूका, रोहित, राजेश, प्रवीन, मनफूल, महिपाल व विनोद सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
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कैथल। श्री अमर दादा खेड़ा सेवा समिति की ओर से अमरगढ़ गामड़ी में होलिका दहन किया गया। विदित रहे कि समिति के सदस्य बीते 41 वर्ष से लगातार हर वर्ष होलिका का दहन करते हैं। अमरगढ़ गामड़ी में होलिका दहन से पूर्व दिन के समय में विशेष रूप से पूजा अर्चना की जाती है।
इसमें अमरगढ़ गामड़ी सहित, हुड्डा सेक्टर, रेलवे फाटक कॉलोनी सहित अन्य कई कॉलोनियों के श्रद्धालु शामिल होते हैं। होलिका दहन के दौरान बच्चे गोबर से बने चांद, बेर, जल, प्रसाद होलिका में चढ़ाते हैं। पूजा के दौरान श्रद्धालु अपनी मन्नत मांगते हैं व धागा बांधकर होलिका की परिक्रमा करते हैं।
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समिति के प्रधान पार्षद रामफल सैनी ने बताया कि अमरगढ़ गामड़ी में बीते 41 वर्ष से हमारे बुजुर्ग उत्साह पूर्वक होलिका का दहन करते आ रहे हैं। बीते 30 वर्ष से श्री अमर दादा खेड़ा सेवा समिति गठित की गई। तब से समिति के सदस्य होलिका का दहन करते आ रहे हैं। देर रात होलिका का दहन किया गया।
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उन्होंने बताया कि शुरू से ही शहर में दो जगहों पर ही होलिका का दहन होता था। एक अमरगढ़ व दूसरा माता गेट। बाद में शहर में कई कॉलोनी में होलिका का दहन होने लगा। इस अवसर पर समिति के सदस्य रवि, सन्नी, जयपाल, श्रीराम, नरेश वर्मा, राकेश, रिंकू, कूका, रोहित, राजेश, प्रवीन, मनफूल, महिपाल व विनोद सहित अन्य लोग मौजूद रहे।