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Kaithal News: कृषि अधिकारियों के खिलाफ जताया रोष
Fri, 12 Jul 2024 06:26 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
संवाद न्यूज एजेंसी, कैथल
Updated Fri, 12 Jul 2024 06:26 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
ढांड। भाकियू कार्यकर्ताओं ने जिला के कृषि विभाग अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया। साथ ही मुख्यमंत्री के नाम ढांड के नायब तहसीलदार अचिन को एक ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर युवा भाकियू प्रदेशाध्यक्ष विक्रम कसाना ने कहा कि जिला कैथल के डीडीए के खिलाफ पेस्टीसाइड विक्रेताओं से रिश्वत की रकम लेने की सोशल मीडिया पर ऑडियो वायरल हो रही है। यह कोई ओर नहीं, बल्कि कृषि विभाग में कार्यरत एक कच्चा कर्मचारी है।
कसाना ने कहा कि पेस्टीसाइड विक्रेताओं से कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा रिश्वत लिए जाने का मामला बहुत पुराना है। जिला कैथल में पेस्टीसाइड विक्रेताओं द्वारा नकली बीज व दवाई धड़ल्ले से बेची जा रही है। इसका भाकियू समय-समय पर विरोध करती रही है। विरोध करने पर दवाइयों की दुकानों से जांच के नाम पर सैंपल लिए जाते रहे है। उन सैंपलों की आड़ में दवा विक्रेताओं से मोटी रिश्वत लेकर सैंपल पास कर दिए जाते रहे है। यह सब खेल कृषि विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से होता रहा है और इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ रहा है।
कसाना ने आरोप लगाया है कि पेस्टीसाइड की दुकानों एवं फर्मों के नए लाइसेंस जारी करते वक्त भी कृषि विभाग के अधिकारियों से मोटी रकम वसूली जाती है। कसाना ने बताया कि मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन में उन्होंने मांग की है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की जाएं और आज तक कैथल में जितने भी डीडीए कार्यरत रहे है उनकी सबकी तथा पेस्टीसाइड विक्रेताओं की संपत्ति की जांच कर दोषियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। अगर इस मामले में लीपापोती करने का काम हुआ तो भाकियू कैथल कृषि विभाग के कार्यालय का घेराव करने को मजबूर होगी।
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इस अवसर पर जिला अध्यक्ष गुरनाम फरल, ब्लाक प्रधान पिरथी कौल, चमेल सिंह पबनावा, राजेंद्र, परमजीत सिंह, भीम सिंह, गुरनाम सिंह, ओमप्रकाश, स्वर्ण सिंह, निर्मल सिंह, किरणपाल राणा, कर्मवीर शर्मा, दलीप कौल, जगदीश गुर्जर, सुभाष मा. भी मौजूद रहे।
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ढांड। भाकियू कार्यकर्ताओं ने जिला के कृषि विभाग अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया। साथ ही मुख्यमंत्री के नाम ढांड के नायब तहसीलदार अचिन को एक ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर युवा भाकियू प्रदेशाध्यक्ष विक्रम कसाना ने कहा कि जिला कैथल के डीडीए के खिलाफ पेस्टीसाइड विक्रेताओं से रिश्वत की रकम लेने की सोशल मीडिया पर ऑडियो वायरल हो रही है। यह कोई ओर नहीं, बल्कि कृषि विभाग में कार्यरत एक कच्चा कर्मचारी है।
कसाना ने कहा कि पेस्टीसाइड विक्रेताओं से कृषि विभाग के अधिकारियों द्वारा रिश्वत लिए जाने का मामला बहुत पुराना है। जिला कैथल में पेस्टीसाइड विक्रेताओं द्वारा नकली बीज व दवाई धड़ल्ले से बेची जा रही है। इसका भाकियू समय-समय पर विरोध करती रही है। विरोध करने पर दवाइयों की दुकानों से जांच के नाम पर सैंपल लिए जाते रहे है। उन सैंपलों की आड़ में दवा विक्रेताओं से मोटी रिश्वत लेकर सैंपल पास कर दिए जाते रहे है। यह सब खेल कृषि विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से होता रहा है और इसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ रहा है।
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कसाना ने आरोप लगाया है कि पेस्टीसाइड की दुकानों एवं फर्मों के नए लाइसेंस जारी करते वक्त भी कृषि विभाग के अधिकारियों से मोटी रकम वसूली जाती है। कसाना ने बताया कि मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन में उन्होंने मांग की है कि इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की जाएं और आज तक कैथल में जितने भी डीडीए कार्यरत रहे है उनकी सबकी तथा पेस्टीसाइड विक्रेताओं की संपत्ति की जांच कर दोषियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। अगर इस मामले में लीपापोती करने का काम हुआ तो भाकियू कैथल कृषि विभाग के कार्यालय का घेराव करने को मजबूर होगी।
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इस अवसर पर जिला अध्यक्ष गुरनाम फरल, ब्लाक प्रधान पिरथी कौल, चमेल सिंह पबनावा, राजेंद्र, परमजीत सिंह, भीम सिंह, गुरनाम सिंह, ओमप्रकाश, स्वर्ण सिंह, निर्मल सिंह, किरणपाल राणा, कर्मवीर शर्मा, दलीप कौल, जगदीश गुर्जर, सुभाष मा. भी मौजूद रहे।