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Kaithal News: उपायुक्त अपराजिता ने ऐतिहासिक धरोहर के संरक्षण पर की चर्चा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 27 May 2026 12:42 AM IST
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Deputy Commissioner Aparajita discussed the preservation of historical heritage.
गांव फरल में निरीक्षण करती डीसी अपराजिता। प्रवक्ता
कैथल। उपायुक्त अपराजिता ने मंगलवार को फरल गांव का दौरा कर ऐतिहासिक और पुरातात्विक विरासत से जुड़े महत्वपूर्ण स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ हरियाणा पुरातत्व व संग्रहालय विभाग के डिप्टी डायरेक्टर डाॅ. नरेंद्र परमार और संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। दौरे के दौरान कुषाण काल से जुड़े पुरास्थलों और अवशेषों का अवलोकन किया गया और क्षेत्र की ऐतिहासिक धरोहर के संरक्षण और विकास पर चर्चा की गई।
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डीसी अपराजिता ने कहा कि फरल गांव एक प्राचीन और ऐतिहासिक स्थान है जिसकी बहुत पुरानी मान्यता है। यहां कुषाण काल से संबंधित एक महत्वपूर्ण स्तूप मौजूद है जिसका निरीक्षण किया गया। उन्होंने बताया कि सर्वेक्षण के दौरान स्थल से पेंटेड रेड वेयर (चित्रित लाल मिट्टी के बर्तन), कलाकृतियां और अन्य पुरातात्विक अवशेष भी मिले हुए हैं, जो क्षेत्र की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि को समझने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
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उन्होंने कहा कि प्रशासन और पुरातत्व विभाग की ओर से कुषाण काल से जुड़े अन्य साक्ष्य जुटाने के प्रयास किए जाएंगे और भारतीय पुरातत्व और संरक्षण मानकों के अनुरूप आगे की कार्यवाही कर ऐतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करने की दिशा में काम किया जाएगा। उन्होंने फल्गु तीर्थ स्थित पुराने और नए मंदिरों में भी दर्शन किए।
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हरियाणा पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग के डिप्टी डायरेक्टर डाॅ. नरेंद्र परमार ने कहा कि कैथल जिले के पुरातात्विक महत्व को राज्य और विश्व स्तर पर पहचान दिलाने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि फरल क्षेत्र एक अत्यंत महत्वपूर्ण पुरातात्विक स्थल है, जहां कुषाण काल से लेकर मध्यकाल तक की सांस्कृतिक निरंतरता के प्रमाण मिल रहे हैं।

उन्होंने कहा कि प्रारंभिक अध्ययन के अनुसार इस क्षेत्र में दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व के आसपास मानव बसावट की शुरुआत हुई थी। यहां मौजूद प्राचीन टीला और धार्मिक स्थल आज भी स्थानीय लोगों की आस्था और इतिहास से जुड़े हुए हैं। फल्क ऋषि आश्रम स्थल का निरीक्षण किया।

गांव फरल में निरीक्षण करती डीसी अपराजिता। प्रवक्ता

गांव फरल में निरीक्षण करती डीसी अपराजिता। प्रवक्ता

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