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डीसी कार्यालय से मिली प्रेरणा के बाद ग्योंग के रविंद्र ने पास की यूपीएससी की परीक्षा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 26 Sep 2021 12:23 AM IST
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After getting inspiration from DC office, Ravindra of Gyeong passed UPSC exam
After getting inspiration from DC office, Ravindra of Gyeong passed UPSC exam - फोटो : Kaithal
अपने सपनों को सिर्फ वही लोग पूरा कर पाते हैं, जो जी तोड़ मेहनत करते हैं और रास्ते में आने वाली सभी चुनौतियों और संघर्ष का डटकर सामना करते हैं। हम सभी को अपनी जिंदगी में सपने देखते चाहिए और उन्हें पूरा करने का हर संभव प्रयास करना चाहिए। ऐसा ही कर दिखाया है गांव ग्योंग निवासी रविंद्र ने।
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यूपीएससी की परीक्षा में 695वीं रैंक प्राप्त करके अपने गांव का नाम ही नहीं, बल्कि जिले का नाम भी रोशन किया है। रविंद्र इस परीक्षा से पहले भी दो बार परीक्षा दे चुके थे, लेकिन असफल रहे। इसके बाद उसने ठान लिया था यूपीएससी की परीक्षा तो पास करनी ही है। संघर्ष किया और तीसरे चरण में ही परीक्षा पास की। रविंद्र ने बताया कि वह पीडब्ल्यूडी विभाग में नौकरी करते थे तो उनकी ड्यूटी डीसी कार्यालय में लगी थी। जहां पर उस समय डॉ. प्रियंका सोनी डीसी के पद पर कार्यरत थी। डीसी की कार्यप्रणाली को देखा और उनसे प्रेरणा ली। तभी से उसने यूपीएससी की परीक्षा पास करने की ठानी थी। अब जाकर उनका सपना साकार हुआ है। उन्हें अपनी इस उपलब्धि पर बहुत खुशी महसूस हो रही है।
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रविंद्र कुमार ने बताया कि वे मजदूरी करते थे, इसके साथ-साथ पढ़ाई भी की। पढ़ाई की बदौलत ही उसे 2017 में जेई पीडब्ल्यूडी विभाग में नौकरी मिली। 2019 में मार्केटिंग बोर्ड पंचकूला में एसडीओ के पद पर एक महीने तक तैनात रहे। इसके बाद 2019 में ही गुहला के राजकीय महाविद्यालय में इलेक्ट्रिक इंजीनियर में प्रोफेसर के पद पर सेवाएं देने लगे। रविंद्र ने बताया कि उसने नौंवी तक पढ़ाई गांव के सरकारी स्कूल में की। इसके बाद गांव नरड़ के निजी स्कूल में दसवीं व कैथल के डीएवी स्कूल में 11वीं व 12वीं की पढ़ाई पूरी की। उन्होंने कहा कि पढ़ाई में मेरे परिवार ने पूरा सहयोग किया और इसके बाद एनआईटी कुरुक्षेत्र से बीटेक, पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज चंडीगढ़ से एमटेक की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद उसको बाद आगे क्या करना है, इसके लिए मार्गदर्शन की कमी खलने लगी। लेकिन कुछ समय बाद अपने बुआ के लडक़े से मार्गदर्शन लेना शुरू किया। उन्होंने समय-समय पर मार्गदर्शन किया, तभी उनको यह सफलता मिली। बुआ का लड़का शिव कुमार जोकि ईटीओ के पद पर कार्यरत है। रविंद्र ने बताया कि उसने नौकरी के साथ-साथ रात को पढ़ाई को जारी रखा, तभी आईएएस का सपना पुरा हुआ है।
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उन्होंने बताया कि जब भी उसे खाली समय मिलता था तो मन में पढ़ाई करने की इच्छा रहती थी। नौकरी समय में भी उनके पास किताबें रहती थी। खाली समय को कभी भी उन्होंने बर्बाद नहीं होने दिया। पहला पेपर 2018 में दिया, जिसमें इंटरव्यू में रहा गया था। इसके बाद फिर 2019 में प्रयास किया प्री क्लीयर हो गया तथा मेन परीक्षा में रह गया और 2020 में यूपीएससी का पेपर दिया, जिसमें 695 रैंक हासिल हुआ है।
रविंद्र कुमार ने बताया कि उनके पिता मदन लाल व माता कृष्णा देवी हैं। पिता शुगर मिल में वाटर मैन के पद कार्यरत हैं। माता गृहिणी है। एक छोटा भाई साहिल है, जो बीए में कैथल में पढ़ाई करता है। वहीं एक बहन शालु है, जिनकी शादी हो चुकी है। रविंद्र ने बताया कि उनकी भी शादी हुई है। उनकी पत्नी का नाम मंजू है। वे भी बीटेक तक पढ़ीं हैं। उनका एक बेटा हिमांशु है। उन्होंने बताया कि उसने बचपन में उसके पिता के साथ मजदूरी की थी। उनके पास जमीन नहीं है और घर की आर्थिक स्थिति कमजोर है। परीक्षा की तैयारी करते समय कोरोना भी हो गया था। वहीं लिखित परीक्षा वाले दिन बुखार था, दवाई लेकर ही परीक्षा में बैठे थे। क्योंकि उनका मुख्य मकसद परीक्षा को पास करना ही था। रविंद्र का कहना है कि पढ़ाई आज के जीवन में बहुत जरूरी है। समस्याओं के साथ-साथ हमें लक्ष्य निर्धारित करके जीत हासिल की जा सकती है। शिक्षा प्राप्त करके हम सब कुछ हासिल कर सकते हैं।
रविंद्र को बधाई देने वालों का लगा तांता
कैथल। रविंद्र को आईएएस बनने पर बधाई देने वालों का तांता लग गया है। डीसी प्रदीप दहिया ने यूपीएससी की परीक्षा पास करने पर रविंद्र को बधाई दी। डीसी ने कहा कि जिला के युवाओं को रविंद्र से प्रेरणा लेनी चाहिए, जिनकी सफलता के बीच में काफी बाधाएं आई, लेकिन उन्होंने सफलता हासिल की। यदि व्यक्ति अपने मन में कुछ करने का संकल्प लें और उस रास्ते पर डटकर चले तो उसे जीत हासिल हो जाती है। युवाओं को अच्छे दोस्त बनाने चाहिए और गलत दिशा में जाने से बचना चाहिए। युवा को पढ़ाई में रुचि रखनी चाहिए और समय की अहमियत समझनी चाहिए।
यूपीएससी में परीक्षा पास होने के बाद घर में ही नहीं बल्कि गांव व जिला में खुशी का माहौल है। रिश्तेदारों के साथ-साथ शहरवासी, प्रशासन अधिकारी भी बधाई दे रहे है। पूरे गांव सहित आसपास के गांवों से भी लोग रविंद्र के घर बधाई देने के लिए पहुंच रहे हैं। रविंद्र ने कहा कि आज उनके लिए बहुत ही खुशी का दिन है। इतने सारे लोगों का उसे प्यार मिल रहा है।
सुरजेवाला ने दी बधाई
कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला ने रविन्द्र कुमार द्वारा आईएएस की परीक्षा पास करने पर रविंद्र व परिवार को बधाई व शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि रविन्द्र ने कैथल सहित पूरे हरियाणा व देश का मान बढ़ाया।

विधायक लीला राम, ईश्वर सिंह और रणधीर गोलन ने भी दी शुभकामना
यूपीएससी की परीक्षा पास करने पर कैथल से विधायक लीला राम ने रविंद्र को शुभकामनाएं दी व युवाओं को रविंद्र से प्रेरणा लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को परिणाम की चिंता करने की बजाए नियमित अभ्यास पर ध्यान देना चाहिए, जिससे वह निरंतर अपने लक्ष्य की तरफ बढ़ते रहे। गुहला चीका से विधायक ईश्वर सिंह ने रविंद्र व परिजनों को फोन पर बधाई देते हुए कहा कि रविंद्र ने पूरे देश में जिले का नाम रोशन किया है, यह सभी युवाओं के लिए प्रेरणादायी है। एक ग्रामीण आंचल से निकलकर इस मंजिल तक पहुंचना बहुत कठिन रहा होगा, पर मेहनत करने वालों को कभी निराशा हाथ नहीं लगती। रविंद्र, उनके परिजनों व जिला वासियों को उनकी सफलता पर बहुत शुभकामनाएं। पर्यटन निगम के चेयरमैन व विधायक रणधीर गोलन ने भी रविंद्र रंगा को देश की सबसे कठिन परीक्षा पास करने पर बधाई दी व प्रशासनिक सेवाओं में अपना महत्वपूर्ण योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
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