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बलबेहड़ा के मजदूरों को पिछले अढ़ाई सालों से मनरेगा के तहत नहीं मिला काम
Updated Thu, 23 Aug 2018 11:16 PM IST
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एसडीएम को ज्ञापन सौंप काम दिलाने की गुहार
गुहला-चीका। उपमंडल के गांव बलबेहड़ा की दर्जनों महिलाएं व पुरुष मांगों का एक ज्ञापन देने एसडीएम कार्यालय गुहला पहुंचे। एसडीएम के कार्यालय में न होने की स्थिति में उन्होंने अपना ज्ञापन वहां पर मौजूद कर्मचारियों को सौंपा।
ज्ञापन देने आए बलबेहड़ा वासी ईश्वर सिंह, चंद्रपति, कृष्णा, तिलकू, ज्यूनी देवी, बाला देवी, किरण, प्रीतम, नीलम, अनिता रानी, सुमन, ओमी देवी ने बताया कि गांव में दर्जनों गरीब व मजदूर वर्ग के लोग रहते हैं। जबसे मौजूदा पंचायत का गठन हुआ है उसके बाद से लेकर आज तक गांव में एक बार भी मनरेगा के तहत काम नहीं चलाया गया है। काम न मिलने की स्थिति में मजदूरों की हालत खराब हो रही है और उन्हें मजदूरी करने के लिए दूर दराज के गांवों में जाना पड़ता है। वहां पर उन्हें कभी कभार ही मजदूरी मिलती है, जिसके चलते उन्हें गुजारा करना मुश्किल हो रहा है।
सरपंच राकेश शर्मा ने कहा कि जब उनके पास सरकार की तरफ से ही कोई कालोनी या आर्थिक मदद के लिए पैसा नहीं आ रहा तो कहां से दें। इन लोगों ने एसडीएम के समक्ष गुहार लगाई है कि उन्हें गांव में मनरेगा के तहत काम दिलवाया जाए। गांव में मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव डाले गए हैं।
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गुहला-चीका। उपमंडल के गांव बलबेहड़ा की दर्जनों महिलाएं व पुरुष मांगों का एक ज्ञापन देने एसडीएम कार्यालय गुहला पहुंचे। एसडीएम के कार्यालय में न होने की स्थिति में उन्होंने अपना ज्ञापन वहां पर मौजूद कर्मचारियों को सौंपा।
ज्ञापन देने आए बलबेहड़ा वासी ईश्वर सिंह, चंद्रपति, कृष्णा, तिलकू, ज्यूनी देवी, बाला देवी, किरण, प्रीतम, नीलम, अनिता रानी, सुमन, ओमी देवी ने बताया कि गांव में दर्जनों गरीब व मजदूर वर्ग के लोग रहते हैं। जबसे मौजूदा पंचायत का गठन हुआ है उसके बाद से लेकर आज तक गांव में एक बार भी मनरेगा के तहत काम नहीं चलाया गया है। काम न मिलने की स्थिति में मजदूरों की हालत खराब हो रही है और उन्हें मजदूरी करने के लिए दूर दराज के गांवों में जाना पड़ता है। वहां पर उन्हें कभी कभार ही मजदूरी मिलती है, जिसके चलते उन्हें गुजारा करना मुश्किल हो रहा है।
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सरपंच राकेश शर्मा ने कहा कि जब उनके पास सरकार की तरफ से ही कोई कालोनी या आर्थिक मदद के लिए पैसा नहीं आ रहा तो कहां से दें। इन लोगों ने एसडीएम के समक्ष गुहार लगाई है कि उन्हें गांव में मनरेगा के तहत काम दिलवाया जाए। गांव में मनरेगा के तहत काम करवाने के लिए प्रस्ताव डाले गए हैं।
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