फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Kaithal News ›   न ईओ सुन रहे, न चेयरमैन, पार्षद जाएं तो जाएं कहां

न ईओ सुन रहे, न चेयरमैन, पार्षद जाएं तो जाएं कहां

Thu, 12 Oct 2017 12:04 AM IST
Updated Thu, 12 Oct 2017 12:04 AM IST
विज्ञापन
न ईओ सुन रहे, न चेयरमैन, पार्षद जाएं तो जाएं कहां
न ईओ सुन रहे, न, चेयरमैन, पार्षद जाएं तो जाएं कहां
विज्ञापन


अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। राजनीतिक रूप से अव्यवस्थित नगर परिषद कैथल में अब काम-काज के लिए पार्षदों का धैर्य जवाब देने लगा है। बुधवार को कई पार्षदों ने परिषद में काम न होने के कारण रोष प्रकट किया। उन्होंने कहा कि न तो ईओ स्तर के अधिकारी सुनते और न ही चेयरमैन। लोग काम करवाने के लिए पार्षदों के पास आते हैं, तो पार्षद कहां जाएं। साथ ही नगर परिषद कार्यालय में महत्वपूर्ण सीटों पर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी काम कर रहे हैं। जिनकी आला अधिकारियों के साथ मिलीभगत है। कई मामलों में पार्षदों ने भ्रष्टाचार की शिकायत मिलने की भी जानकारी दी है।
बुधवार को परिषद कार्यालय में पहुंचे पार्षद विरेंद्र उर्फ बिल्लू ने आरोप लगाया कि उनके वार्ड में पिछले 15 दिनों से सफाई नहीं हुई है। वार्ड में गंदगी बहुत ज्यादा फैली हुई थी। नगर परिषद के सीएसआई को वार्ड की गंदगी को लेकर फोन किया। लेकिन कोई असर नहीं हुआ। इस मामले की ईओ को शिकायत दी तो ईओ ने कहा कि जब उनके कार्यालय में संबंधित कर्मचारी मौजूद हो, तभी इस बारे में शिकायत करनी चाहिए। उसे बार-बार नहीं बुलाया जा सकता। उसे और भी काम है। एक पार्षद के साथ इस तरह का व्यवहार यदि ईओ स्तर के अधिकारी करेंगे तो आम आदमी की सुनवाई कौन करेगा? ईओ का व्यवहार क्षोभनीय है। वे इस संबंध में पार्षदों की बैठक बुलाने की भी मांग करेंगे।
विज्ञापन

वहीं वार्ड नंबर-4 के पार्षद प्रतिनिधि संजय गर्ग ने बताया कि वह कुछ दिन पहले जन्म मृत्यु प्रमाण पत्रों के बनने में होने वाली खामियों बताया था। जिस पर उसने उनको ही उल्टा कहना शुरू कर दिया। ईओ ने कहा कि पार्षद प्रतिनिधियों को इस मामले में कुछ लेना देना नहीं होता है। उन पर एफआईआर भी दर्ज हो सकती है। पहले भी ईओ द्वारा दुर्व्यवहार किया जा चुका है। जिसमें उन्होंने खेद प्रकट किया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

संजय गर्ग ने बताया कि सुबह-सुबह सफाई संबंधी कई बार समस्याएं आती है। ऐसे में महिला पार्षद नगर परिषद में नहीं पहुंच पाती है। पार्षद प्रतिनिधि अगर आ जाता है तो इसमें कौन-सा गुनाह हो जाता है। इस मौके पर वार्ड नंबर-19 के पार्षद प्रतिनिधि प्रवीन सिंगला व कुलदीप सैनी बलजीत रंगा, मौजूद रहे।
दूसरी ओर बिल्लू ने बताया कि दुर्व्यवहार की शिकायत देने पर कार्यकारी चेयरमैन डा. पवन थरेजा की भी कोई सुनवाई नहीं होती। सत्ता पक्ष के कुछ लोगों की शह पर अधिकारी व कर्मचारी मनमानी करते हैं। वे कहते भी हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं होती।

ईओ ने आरोपों को नकारा, कहा- सफाई संबंधी बात हुई थी
नगर परिषद के ईओ विक्रम ने बताया कि उन्होंने किसी भी पार्षद के साथ कोई दुर्व्यवहार नहीं किया है। वार्ड नंबर- 29 के पार्षद सुबह उनसे मिलने के लिए आए थे। सफाई संबंधी बात हुई थी। दुर्व्यवहार जैसी कोई बात नहीं हुई है।

इधर, वेतन न मिलने पर सफाई कर्मचारियों ने बंद किया डोर टू डोर कूड़ा उठाने का कार्य
पिछले छह माह से नहीं मिला है वेतन, आज से हड़ताल पर जाकर बंद करेंगे सफाई कार्य
फोटो नंबर-16
कैथल। नगर परिषद द्वारा पिछले छह महीनों से वेतन न दिए जाने पर सफाई कर्मचारी खफा है। कर्मचारियों ने नगर परिषद के अधिकारियों पर आरोप लगाया कि बार बार आग्रह करने के बाद भी उन्हें उनका मेहनताना नहीं दिया जा रहा है। उन्हें वेतन की बजाय केवल आश्वासन पर आश्वासन ही मिल रहे हैं। विरोध स्वरूप बुधवार को डोर टू डोर घरों में जाकर कूड़ा कर्कट उठाने वाले करीब 100 कर्मचारियों ने अपना काम काज बंद रखा और नगर परिषद में सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की अध्यक्षता नगर परिषद कर्मचारी संघ के राज्य महासचिव शिवचरण ने की। जबकि मंच संचालन ब्लॉक उप प्रधान रामशरण कल्याण ने किया।
कल्याण व राजेंद्र टांक ने बताया कि एक ओर तो भाजपा सरकार स्वच्छता अभियान चलाकर भारत को स्वच्छ बनाने का नाम ले रही है दूसरी ओर सरकार द्वारा कर्मचारियों को वेतन ही नहीं दिया जाता। कर्मचारियों की छुट्टी को रद्द करके 12 की बजाय 15 घंटे तक काम लिया जा रहा है। वे मंत्री से लेकर सरकार के हर कर्मचारी को वेतन संबंधी समस्या के बारे में जानकारी दे चुके हैं। परंतु सरकार इस पर अपना अड़ियल रवैया अपनाए हुए है। इस मौके पर कृपाल गिल, संदीप, राजेंद्र सिणद, पंकज, बंटी, रामेश्वर, लक्की सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।


आज 340 सफाई कर्मचारी रहेंगे हड़ताल पर
वेतन सहित अन्य मांगो के समर्थन में वीरवार को नगर परिषद में कार्यरत कच्चे व पक्के करीब 340 सफाई कर्मचारी हड़ताल पर जाएंगे। इसके साथ ही बुधवार को कूड़ा लिफटिंग का कार्य करने वाले सफाई कर्मचारियों ने अपने काम काज को ठप रखा। जिस कारण 11 ट्रेक्टर ट्रॉली, एक कूड़ा उठाने वाली गाड़ी व अन्य डोर टू डोर जाकर कूड़ा उठाने वाली गाड़ियों ने शहर में घरों से कूड़े का उठान नहीं किया।

- नगर परिषद कार्यालय में जताया पार्षदों ने रोष, कहा-सफाई कर्मचारी तक नहीं मिल रहे वार्डों में
फोटो नंबर- 23
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed