दुकानदारोें द्वारा लॉकडाउन के नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। प्रशासन द्वारा बनाए गए शेड्यूल के अनुसार दुकान न खुलकर ज्यादातर समय तक खुली रहती हैं। इन दुकानों पर सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन नहीं करवाया जा रहा है। सामान लेने वाले लोगों के सैनिटाइजर से हाथ धुलवाने होते हैं, लेकिन ऐसा बहुत कम नजर आ रहा है। इतना ही नहीं कुछ दुकानदार तो दुकान बंद होने के बाद भी गली में अपने मकानों के पीछे से सामान दे रहे हैं। लॉकडाउन के 7वें दिन लॉकडाउन का असर बहुत कम नजर आया है। लोग बिना वजह बाजारों में घूमते नजर आए। इन लोगों को रोकने के लिए कोई भी नजर नहीं आ रहा था। गत दिनों की अपेक्षा मंगलवार को प्रशासन की तरफ से भी बाजारों में गश्त कम नजर आई।
जिले की सीमाओं को सील करने के चलते वहां पर पुलिस ने नाके लगाए हैं। शहर के रेलवे फाटक, नगर पालिका चौक, महाराजा अग्रसेन चौक, पुराने बस स्टैंड व नए बस स्टैंड के पास चौक सहित विभिन्न जगहों पर लोगों को प्रशासन का किसी तरह का कोई डर नहीं था। चौकी इंचार्ज कृष्ण खर्ब जरूर बाजारों में गश्त करते नजर आए। आने-जाने वाले वाहन चालकों को रुकवा कर उनसे आने का कारण पूछने के साथ बेवजह बाहर निकलने वालों के चालन भी काटे।