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स्वास्थ्य विभाग टीम ने पाइप लाइन लीकेज को किया ठीक
jind
Updated Thu, 06 Oct 2016 12:48 AM IST
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कैरखेड़ी गांव में पाइप लाइन लीकेज को ठीक करते हुए।
- फोटो : bureau
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कैरखेड़ गांव में कई लोगों के संदिग्ध बीमारी की चपेट में आने के मामले में स्वास्थ्य विभाग के बाद अब जन स्वास्थ्य विभाग भी हरकत में आ गया। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में दौरा करके गांव में पांच जगह पर पेयजल के लिए बिछाई पाइप लाइन में पांच जगह पर लीकेज पाई गई थी। इन्हीं लीकेज के माध्यम से पेयजल में सीवरेज का गंदा पानी मिलकर घरों में पहुंच रहा था। इसके कारण लोगों में उल्टी, दस्त व डायरिया फैल रहा था। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पेयजल की सप्लाई की लीकेज की रिपोर्ट बनाकर जिला प्रशासन के पास भेजी थी। इसके बाद जन स्वास्थ्य विभाग की टीम बुधवार सुबह ही कैरखेड़ी गांव में पहुंची गई। जहां पर जन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पेयजल लाइन का सर्वे किया और जहां पर भी लीकेज दिखाई दी वहां पर मिट्टी को खोदकर लाइन को दोबारा से दुरुस्त किया गया और जहां पर गंदा पानी पेयजल पाइप लाइन पर खड़ा था उस जगह पर मिट्टी डाली गई।
महिला की हो चुकी है मौत
जन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अजमेर, रामफल, मुनिया, पप्पू, कर्णा के मकान के आगे पेयजल सप्लाई की लाइन लीकेज मिली। जहां से पेयजल के अंदर गंदा पानी मिल रहा था। जन स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि गांव में पेयजल सप्लाई के लिए लाइन बिछाई गई उसमें ग्रामीण एक्सपर्ट की बजाए खुद ही पानी का कनेक्शन कर लेते हैं। इसके कारण लाइन में लीकेज रह जाती है और उसके बाद गंदा पानी पेजयल में मिल जाता है।
जन स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव में पहुंची है। जहां पर विभाग के कर्मचारियों ने जहां पर भी पाइप लाइन में लीकेज मिली है उसको मिट्टी खोदकर ठीक किया गया है। बीमारी फैलने से पहले भी लीकेज की समस्या के बारे में विभाग को अवगत करवाया था, लेकिन विभाग हरकत में नहीं आया। बीमारी फैलने के बाद जन स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया है। पूरे दिन जन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में पेयजल सप्लाई को दुुरुस्त करने में लगी रही।
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- राजेंद्र सिंह, सरपंच कैरखेड़ी
गांव में काफी समय से पेयजल में गंदा पानी आ रहा था। गंदा पानी पीने के चलते लोग बीमार हो रहे थे। मजबूरी में महिलाएं नलकूपों से पानी लाने पर मजबूर है। विभाग को समय-समय पर पाइप लाइन की जांच करते रहना चाहिए।
- रेखा, महिला कैरखेड़ी
कैरखेड़ी गांव में अहिरका से पेयजल की सप्लाई होती है। जलघर की काफी दूरी होने के कारण पाइप लाइन के बीच में ही कही न कही गंदगी मिल जाती है। इसलिए गांव के अंदर ही जलघर की स्थापना की जाए, ताकि ग्रामीणों को स्वच्छ जल मिल सके।
- देशराज, ग्रामीण
गांव कुछ लीकेज थी, जो जन स्वास्थ्य विभाग की लाइन में नहीं होकर उपभोक्ताओं की लाइन में थी। इसके बावजूद मामला सामने आने के बाद जन स्वास्थ्य विभाग ने लाइन को ठीक कर दिया है।
- बीपी शर्मा, एक्सईएन जन स्वास्थ्य विभाग।
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महिला की हो चुकी है मौत
जन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अजमेर, रामफल, मुनिया, पप्पू, कर्णा के मकान के आगे पेयजल सप्लाई की लाइन लीकेज मिली। जहां से पेयजल के अंदर गंदा पानी मिल रहा था। जन स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि गांव में पेयजल सप्लाई के लिए लाइन बिछाई गई उसमें ग्रामीण एक्सपर्ट की बजाए खुद ही पानी का कनेक्शन कर लेते हैं। इसके कारण लाइन में लीकेज रह जाती है और उसके बाद गंदा पानी पेजयल में मिल जाता है।
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जन स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव में पहुंची है। जहां पर विभाग के कर्मचारियों ने जहां पर भी पाइप लाइन में लीकेज मिली है उसको मिट्टी खोदकर ठीक किया गया है। बीमारी फैलने से पहले भी लीकेज की समस्या के बारे में विभाग को अवगत करवाया था, लेकिन विभाग हरकत में नहीं आया। बीमारी फैलने के बाद जन स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया है। पूरे दिन जन स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में पेयजल सप्लाई को दुुरुस्त करने में लगी रही।
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- राजेंद्र सिंह, सरपंच कैरखेड़ी
गांव में काफी समय से पेयजल में गंदा पानी आ रहा था। गंदा पानी पीने के चलते लोग बीमार हो रहे थे। मजबूरी में महिलाएं नलकूपों से पानी लाने पर मजबूर है। विभाग को समय-समय पर पाइप लाइन की जांच करते रहना चाहिए।
- रेखा, महिला कैरखेड़ी
कैरखेड़ी गांव में अहिरका से पेयजल की सप्लाई होती है। जलघर की काफी दूरी होने के कारण पाइप लाइन के बीच में ही कही न कही गंदगी मिल जाती है। इसलिए गांव के अंदर ही जलघर की स्थापना की जाए, ताकि ग्रामीणों को स्वच्छ जल मिल सके।
- देशराज, ग्रामीण
गांव कुछ लीकेज थी, जो जन स्वास्थ्य विभाग की लाइन में नहीं होकर उपभोक्ताओं की लाइन में थी। इसके बावजूद मामला सामने आने के बाद जन स्वास्थ्य विभाग ने लाइन को ठीक कर दिया है।
- बीपी शर्मा, एक्सईएन जन स्वास्थ्य विभाग।