फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   Praying for the withdrawal of agricultural legislation

नमाज अदा कर मांगी कृषि कानून वापस होने की दुआ

Sun, 21 Feb 2021 10:44 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 21 Feb 2021 10:44 PM IST
विज्ञापन
Praying for the withdrawal of agricultural legislation
जनसंपर्क अभियान के दौरन लोगों से बातचीत करते टेकराम कंडेला। संवाद - फोटो : Jind
उचाना, नरवाना। कृषि कानूनों के विरोध में जिले के बद्दोवाल व खटकड़ टोल पर किसानों का धरना जारी रहा। गेहूं की फसल के सीजन को देखते हुए अब खटकड़ टोल पर दिए जा रहे धरने पर शिफ्टों में रोजाना 15 गांव के किसान धरना स्थल पर आएंगे। रविवार को किसानों के समर्थन में मुस्लिम समुदाय के लोग खटकड़ टोल पर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने नमाज अदा कर कृषि कानून वापस होने की दुआ मांगी। साथ ही देश में शांति व अमन रहे।
विज्ञापन

रविवार को शिफ्टों बड़ौदा, बरसोला, खटकड़, मोहनगढ़ छापड़ा, धनखड़ी, कालता, भौंसला, कसुहन, कुचराना कलां, कुचराना खुर्द, छात्तर, मांडी, घोघडिय़ां, रोज खेड़ा से किसानों ने हिस्सा लिया। इस दौरान बधाना गांव के कैप्टन पवन कुमार के शहादत दिवस पर दो मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजलि दी गई। धरने पर भाकियू अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी पहुंचे।
विज्ञापन

गुरनाम सिंह चढूनी ने कहा कि कृषि कानूनों को रद्द करना ही होगा, क्योंकि यह कानून किसान के हक में नहीं है। किसान मन बना चुके हैं कि घर वापसी तब ही होगी जब यह कानून रद्द होंगे। केंद्र सरकार को चाहिए कि वह हठ छोड़ते हुए कृषि कानूनों को रद्द करे। किसान की कोई जाति नही होती। किसान के साथ-साथ हर वर्ग के लोगों को नुकसान इन कानूनों के लागू होने पर होगा। किसानों के धरने पर मुस्लिम समुदाय की तरफ से 21 हजार रुपये, शहीद पवन कुमार के पिता हेडमास्टर राजबीर बधाना, कसुहन गांव की तरफ से, अनुराग खटकड़ ने 11-11 हजार रुपये की राशि दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

गांव-गांव जाकर आंदोलन को मजबूत करने में जुटे किसान
एक तरफ तो किसान नेता विभिन्न प्रदेशों में महापंचायतें करके किसान आंदोलन को मजबूत कर रहे हैं, वहीं सर्वजातीय सर्वखाप के राष्ट्रीय संयोजक एवं कंडेला खाप के प्रधान टेकराम कंडेला गांव-गांव जाकर किसान आंदोलन को मजबूत करने में जुट गए हैं। कंडेला ने कहा कि हर किसान को आज आंदोलन को मजबूत करना चाहिए ताकि सरकार पर दबाव बनाकर तीनों कृषि कानूनों को वापस करवाया जा सके।

रविवार को टेकराम कंडेला ने जिले के कई गांवों का दौरा किया। कंडेला ने कहा कि किसी भी सूरत में किसान आंदोलन को कमजोर नहीं होने दिया जाएगा। जब तक सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि जिस प्रकार दिल्ली में बैठे किसानों की विभिन्न खाद्य सामग्रियों के माध्यम से लोग मदद कर रहे थे, आज भी उसी प्रकार से मदद लगातार जारी है। इस मौके पर हजूरा सिंह, सुभाष बड़सीकरी, ओमप्रकाश कंडेला, प्रदीप शर्मा, भीरा दालमवाला, कलीराम शाहपुर, नरेश कंडेला, सुभाष रेढू, रामनिवास भी मौजूद रहे।

खटकड़ टोल पर नमाज अदा करते मुस्लिम समुदाय के लोग। संवाद

खटकड़ टोल पर नमाज अदा करते मुस्लिम समुदाय के लोग। संवाद- फोटो : Jind

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed